Home राज्य उन्नाव केस: मेडिकल टेस्ट के लिए पीड़िता परिवार सहित लखनऊ रवाना

उन्नाव केस: मेडिकल टेस्ट के लिए पीड़िता परिवार सहित लखनऊ रवाना

0 37 views
Rate this post

लखनऊ

रेप और हत्या के आरोप में CBI द्वारा गिरफ्तार किए गए उत्तर प्रदेश के BJP विधायक कुलदीप सिंह सेंगर को आज कोर्ट के सामने पेश किया जाएगा. सीबीआई कोर्ट से सेंगर की रिमांड मांग सकती है, ताकि मामले में वह आगे पूछताछ जारी रख सके.इस बीच मेडिकल चेकअप के लिए पीड़िता परिवार के साथ लखनऊ रवाना हो चुकी है. पीड़िता अपनी बहन और चाचा के साथ लखनऊ आ रही है. सूत्रों के मुताबिक सीबीआई आज विधायक कुलदीप सिंह और पीड़िता को आमने सामने बिठा कर बलात्कार मामले की जांच करेगी.

मीडिया की नजरों से बचाकर सुबह 3 बजे के करीब विधायक कुलदीप सिंगर का मेडिकल टेस्ट कराया गया यह टेस्ट लोहिया अस्पताल में हुआ. बीती शाम औपचारिक तौर पर विधायक की हुई गिरफ्तारी के बाद आज किसी वक्त विधायक को अदालत में पेश किया जा सकता है और सीबीआई अदालत से कस्टडी मांग सकती है.

सीबीआई ने जांच हाथ में आने के बाद 24 घंटे के अंदर शुक्रवार को तड़के 4.30 बजे सेंगर को लखनऊ स्थित उनके आवास से हिरासत में ले लिया. इसके बाद दिन भर कुलदीप सेंगर से पूछताछ करने के बाद देर शाम उन्हें औपचारिक तौर पर गिरफ्तार कर लिया गया.

सीबीआई के लखनऊ दफ्तर में बीजेपी एमएलए कुलदीप सेंगर से पूछताछ की गई. सीबीआई की तरफ से इस मामले में अभी तक तीन केस दर्ज किए गए हैं. कुलदीप सेंगर पर नाबालिग से रेप, पीड़िता के पिता की हत्या का केस और तीसरा केस विधायक सेंगर के परिवार की तरफ से जो भी शिकायत दी गई है.इसके अलावा सीबीआई की एक टीम ने शुक्रवार को पीड़िता के परिवार से भी मुलाकात की. पीड़िता के परिवार को सुरक्षा कारणों से उन्नाव में ही एक होटल में रखा गया है.

पीड़िता के परिजनों को सरकार पर नहीं भरोसा
एफआईआर दर्ज होने के बाद पीड़ित लड़की की बहन ने आजतक से बात करते हुए आरोपी विधायक की गिरफ्तारी की मांग की थी. उन्होंने मांग करते हुए कहा कि मेरे पिता को मारने वाले और इस साजिश को रचने वालों को फांसी होनी चाहिए. आजतक से बात करते हुए पीड़िता की बहन ने कहा कि इस मामले में जांच होनी चाहिए, जल्द से जल्द गिरफ्तारी होनी चाहिए. हमें अब इस सरकार पर बिल्कुल भी भरोसा नहीं है.चौतरफा दबाव के बाद यूपी सरकार ने इस मामले में सीबीआई जांच की सिफारिश की थी, जिसे केंद्र ने मंजूर कर लिया था. गृह विभाग ने पीड़िता के पिता की मौत की जांच की सिफारिश भी सीबीआई से की है.

2 डॉक्टर सस्पेंड
इस मामले में उन्नाव जिला अस्पताल के 2 डॉक्टर सस्पेंड किए गए थे. इसके अलावा जेल अस्पताल के भी तीन डॉक्टरों पर गाज गिरी है. इन पर पीड़िता के पिता के इलाज में लापरवाही बरतने का आरोप है. वहीं, सीओ सफीपुर कुंवर बहादुर सिंह भी लापरवाही के आरोप में सस्पेंड किए गए हैं.

दोस्तों के साथ शेयर करे.....