Home अंतरराष्ट्रीय पेशावरः घर छोड़कर भागने को मजबूर है सिख समुदाय के लोग

पेशावरः घर छोड़कर भागने को मजबूर है सिख समुदाय के लोग

0 48 views
Rate this post

पेशावर

पाकिस्तान के पेशावर में सिख अल्पसंख्यक समुदाय अपना घर छोड़कर भागने को मजबूर है. पेशावर में रहने वाले करीब 30,000 अल्पसंख्यक सिख समुदाय के 60 फीसदी से ज़्यादा लोग पेशावर छोड़कर किसी और इलाके में जा चुके हैं.टीआरटी वर्ल्ड न्यूज़ के हवाले से एएनआई ने बताया कि किसी ने ‘पीस ऐक्टिविस्ट’ चरनजीत सिंह की किसी ने उनके दुकान में गोलियां मारकर हत्या कर दी. बाद में अस्पताल ले जाते समय उनकी मौत हो गई. सिख समुदाय के प्रवक्ता ने एक मीडिया को बताया, “मै समझता हूं कि सिक्खों का नरसंहार किया जा रहा है.”

पाकिस्तान सिख काउंसिल के एक सदस्य ने अपनी पगड़ी की तरफ इशारा करते हुए कहा कि “हम लोगों का सफाया इसलिए किया जा रहा है क्योंकि हम लोग अलग दिखते हैं.” कुछ लोगों का मानना है कि तालिबान के लोग ऐसा कर रहे हैं.2016 में ‘पाकिस्तान तहरीक-ए-इंसाफ’ (पीटीआई) के सिख नेता की हत्या कर दी गई. तालिबान द्वारा इसकी ज़िम्मेदारी लेने के बावजूद भी पुलिस ने उनके राजनीतिक विरोधी एक हिंदू नेता बलदेव सिंह को उनकी हत्या के आरोप में गिरफ्तार कर लिया. हालांकि सबूतों के अभाव में पुलिस को 2 साल तक चले ट्रायल के बाद उन्हें छोड़ना पड़ा.

सिखों के लिए श्मशान घाट की भी ठीक से व्यवस्था नहीं है. खैबर पख्तूनख्वा सरकार ने इसके लिए धन का आवंटन किया था लेकिन अभी तक इस पर काम शुरू नहीं हुआ है. इसके अलावा जिस भूमि का आवंटन श्मशान घाट के लिए किया गया था उस पर एक प्राइवेट बैंक, वेडिंग हॉल और एक कंपनी बनाने की अनुमति भी दे दी गई है. मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार सरकार अभी तक इस बात को स्वीकार नहीं कर रही है कि अल्पसंख्यक समुदाय को सरकार के सहायता और सुरक्षा की ज़रूरत है.

दोस्तों के साथ शेयर करे.....