Home राष्ट्रीय इसरो जासूसी में वैज्ञानिक की गिरफ्तारी गलत: SC

इसरो जासूसी में वैज्ञानिक की गिरफ्तारी गलत: SC

नई दिल्ली

इसरो जासूसी मामले में सुप्रीम कोर्ट ने महत्वपूर्ण टिप्पणी की है। शुक्रवार को सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि इस केस में वैज्ञानिक एस. नंबी नारायणन को बेवजह गिरफ्तार किया गया था। कोर्ट ने कहा कि उन्हें (नारायणन) परेशान किया गया और मानसिक प्रताड़ना दी गई। सुप्रीम कोर्ट ने इसरो जासूसी मामले में उत्पीड़न का शिकार हुए इसरो वैज्ञानिक को 50 लाख रुपये का मुआवजा देने का भी आदेश दिया है। इसके साथ ही कोर्ट ने जासूसी मामले में नारायणन को आरोपित किए जाने की जांच के लिए पूर्व न्यायामूर्ति डीके जैन की अध्यक्षता में तीन सदस्यीय पैनल गठित किया।

1994 के जासूसी मामले में बरी किए गए इसरो के पूर्व वैज्ञानिक नारायणन तब से कानूनी लड़ाई लड़ रहे थे। उनका कहना था कि उन्हें जासूसी के झूठे केस में फंसाया गया था। आपको बता दें कि 1994 में जासूसी मामले में नारायणन और एक अन्य को गिरफ्तार किया गया था। पुलिस ने दावा किया था कि उन्होंने कुछ गुप्त दस्तावेज पाकिस्तान को दिए थे। जांच के बाद सीबीआई ने कहा था कि ये आरोप झूठे हैं। फिर से जांच के आदेश दिए गए पर सुप्रीम कोर्ट ने मामले को रद्द कर दिया था।

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