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मुंबई ब्रिज हादसे पर सियासत, कांग्रेस ने रेलमंत्री का मांगा इस्तीफा

मुंबई/नई दिल्ली,

मुंबई फुटओवर ब्रिज हादसे के शिकार लोगों को अस्पताल भी नहीं पहुंचाया गया और राजनीति शुरू हो गई. आरोप-प्रत्यारोप का दौर शुरू हो गया है. कांग्रेस ने इस फुटओवर ब्रिज हादसे को लेकर रेलमंत्री पीयूष गोयल को बर्खास्त करने की मांग की है.

कांग्रेस प्रवक्ता रणदीप सुरजेवाला ने ट्वीट किया कि मोदी सरकार और महाराष्ट्र सरकार इसके लिए अपराधी है. सरकार की निष्क्रियता की वजह से ऐसे दर्दनाक हादसे बार-बार हो रहे हैं. इससे पहले एलफिंस्टन हादसा और अंधेरी ब्रिज हादसा हुए थे. रेलमंत्री के पुलों को ऑडिट कराने के लंबे दावे फिर फेल हुए हैं. रेलमंत्री पीयूष गोयल इस्तीफा दे या फिर उनको बर्खास्त किया जाना चाहिए.

ब्रिज गिरने की सूचना मिलने के बाद शिवसेना के सांसद अरविंद सावंत घटनास्थल पर पहुंचे. इस दौरान मीडिया के सवाल पर उन्होंने कहा कि यह ब्रिज रेलवे का है. हालांकि इसको बीएमसी मेंटेन करता है. यहां यह मायने नहीं रहता है कि ब्रिज किसका है. बीएमसी ने एक ऑडिट किया है. इसमें मामूली डिफेक्ट था, जिसके मरम्मत करने का प्रस्ताव था. हालांकि मैं अथॉरिटी नहीं हूं.’ एक सवाल पर उन्होंने कहा कि मामले की जांच होगी और दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी.

बीजेपी सांसद राज पुरोहित ने कहा कि CSMT रेलवे स्टेशन के पास बने फुटओवर ब्रिज का कुछ हिस्सा गिर गया है. यह बेहद दुर्भाग्यपूर्ण घटना है. ऐसा नहीं होना चाहिए था. इस ब्रिज को सर्टिफिकेट जारी करने वाले इंजीनियर के खिलाफ कार्रवाई करनी चाहिए. उसको गिरफ्तार किया जाना चाहिए और सजा दी जानी चाहिए.

इसके अलावा समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव ने मुंबई ब्रिज हादसे के शिकार लोगों के प्रति संवेदना जताई है. साथ ही पीएम मोदी और बीजेपी सरकार पर जोरदार हमला बोला है. उन्होंने ट्वीट किया कि मुंबई में पुल गिरने से हताहत हुए लोगों के प्रति गहरी संवेदना. मुंबई में पुल गिरने की बड़ी दुर्घटनाएं लगातार हो रहीं हैं. ये बुलेट ट्रेन वाली सरकार की नाकामी है, वो पुलों के सेफ़्टी ऑडिट को गंभीरता से नहीं ले रही है. शायद भाजपा के लिए आम जनता की ज़िंदगी का कोई मोल नहीं है.—

AIMIM के विधायक वारिस पठान ने इस दर्दनाक घटना के लिए सरकार को जिम्मेदार ठहराया है. पठान ने कहा कि सरकार कई महीनों से नजरअंदाज कर रही है. यह हादसा लापरवाही के चलते हुआ है. इस ब्रिज की मरम्मत कराने के लिए कई बार अपील की गई, लेकिन हमारी अपील को नजरअंदाज किया गया. वहीं, इस दर्दनाक घटना के फौरन बाद रेल मंत्रालय ने अपनी जिम्मेदारी से फौरन पल्ला झाड़ लिया. रेल मंत्रालय ने कहा कि यह ब्रिज बीएमसी का था. हालांकि हम पीड़ितों को हर संभव मदद पहुंचा रहे हैं. रेलवे के डॉक्टर और कर्मचारी राहत और बचाव अभियान में बीएमसी के साथ सहयोग कर रहे हैं.

महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री ने राहत-बचाव कार्य का दिया निर्देश
महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने भी इस घटना पर दुख जताया है. साथ ही बीएमसी कमिश्नर, मुंबई पुलिस और रेलवे के अधिकारियों को कॉर्डिनेशन के साथ राहत और बचाव अभियान तेजी से चलाने के निर्देश दिए हैं. उन्होंने ट्वीट किया, ‘मुंबई में फुटओवर ब्रिज हादसे की खबर सुनकर बेहद दुख हुआ. इस घटना को लेकर मैंने बीएमसी कमिश्नर और मुंबई पुलिस के अधिकारियों से बात की है. साथ ही रेलवे के अधिकारियों को कॉर्डिनेशन के साथ तेजी से राहत अभियान चलाने का निर्देश दिया है.’

उन्होंने कहा कि इस मामले की उच्चस्तरीय जांच के आदेश दिए गए हैं. साथ ही मृतकों के परिजनों को 5 लाख रुपये और घायलों को 50 हजार रुपये मुआवजा देने की घोषणा की है. इसके अलावा सरकार घायलों के इलाज का पूरा खर्च उठाएगी. यह ब्रिज 1980 में बना था. इसके अलावा मुंबई कांग्रेस ने अपने कार्यकर्ताओं से घायलों को मदद पहुंचाने की अपील की है. मुंबई कांग्रेस ने ट्वीट कर कहा कि हम घटनास्थल के आसपास मौजूद कांग्रेस कार्यकर्ताओं से अपील कर रहे हैं कि वो घायलों को मदद पहुंचाएं.

पीएम मोदी और रेलमंत्री ने जताया गहरा दुख
इस घटना पर पीएम मोदी ने गहरा दुख जताया है. उन्होंने ट्वीट किया, ‘मुंबई में फुटओवरब्रिज हादसे में लोगों की मौत पर गहरा दुख हुआ. मेरी संवेदना पीड़ित परिवारों के साथ है. मैं घायलों के जल्द स्वस्थ होने की कामना करता हूं. महाराष्ट्र सरकार प्रभावित सभी लोगों को हर संभव मदद पहुंचा रहा है.’.

इसके अलावा रेलमंत्री पीयूष गोयल ने मुंबई ब्रिज हादसे के पीड़ितों के परिजनों के प्रति गहरी संवेदना व्यक्त की है. रेलवे के डॉक्टर और कर्मचारी राहत और बचाव कार्य में बीएमसी के साथ सहयोग कर रहे हैं.

आपको बता दें कि गुरुवार को मुंबई के CSMT रेलवे स्टेशन के पास फुटओवर ब्रिज गिर गया. इस दर्दनाक हादसे में 3 महिलाओं समेत 5 लोगों की जान चली गई, जबकि 36 लोग घायल बताए जा रहे हैं. ये ब्रिज आजाद मैदान को सीएसएमटी रेलवे स्टेशन से जोड़ता है. जब यह हादसा हुआ, उस समय कई लोग वहां मौजूद थे. इसके अलावा कई गाड़ियां भी इस ब्रिज की चपेट में आ गईं.

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