16.5 C
London
Thursday, May 28, 2026
Homeअंतरराष्ट्रीयताइवान की सेना ने पहली बार चीन के ड्रोन पर की फायरिंग,...

ताइवान की सेना ने पहली बार चीन के ड्रोन पर की फायरिंग, ये जंग का ऐलान तो नहीं?

Published on

ताइपे

चीन और ताइवान के बीच पिछले कुछ महीनों से तनाव अपने चरम पर है। इस बीच ताइवान की सेना ने मंगलवार को द्वीप के पास एक चीनी ड्रोन पर गोलीबारी की, हालांकि ताइवान ने सिर्फ वॉर्निंग शॉट दागे। एक सैन्य प्रवक्ता ने इसकी जानकारी दी है। प्रवक्ता ने बताया कि यह ड्रोन चीनी तट के पास ताइवान नियंत्रण वाले एक द्वीप पर मौजूद था और गोलीबारी के बाद वापस चीन लौट गया। यह पहली बार है जब इस तरह की घटना में किसी पक्ष की ओर से वॉर्निंग शॉट दागे गए हैं जिनसे दोनों देशों के बीच तनाव और अधिक बढ़ने की आशंका है।

चीन की धमकियों के बीच अमेरिका ताइवान का खुलकर समर्थन कर रहा है जिससे चीन का गुस्सा बढ़ता जा रहा है। अगस्त की शुरुआत में अमेरिकी संसद की स्पीकर नैंसी पेलोसी की ताइवान यात्रा ने आग में घी डालने का काम किया था। चीन ने पेलोसी की यात्रा के विरोध में ताइवान की घेराबंदी कर अब तक का सबसे बड़ा सैन्य अभ्यास किया था। इसके बाद से ही ताइवान की सेनाएं अलर्ट पर हैं। खबरों की मानें तो चीन भीतर ही भीतर युद्ध का माहौल बनाकर ताइवान से जंग की तैयारी कर रहा है।

राष्ट्रपति ने की संयमित रहने की अपील
ताइवान की राष्ट्रपति त्साई इंग-वेन ने मंगलवार को स्वशासित द्वीप की मिलिट्री यूनिट से कहा कि वे चीन की ओर से दैनिक आधार पर भेजे जा रहे विमान और यु्द्धपोतों को लेकर सयंमित रहें। उन्होंने कहा कि ताइवान, चीन को संघर्ष भड़काने का मौका नहीं देगा। राष्ट्रपति वेन चीन की ओर से प्रतिदिन डाले जा रहे दबाव के बावजूद खुद भी सयंमित हैं। उन्होंने ताइवान के पश्चिमी तट पर पेंघु स्थित नौसेना के ठिकाने के दौरा किया और सैनिकों को संबोधित करते हुए कहा, ‘दुश्मन जितना भी उकसावे की मुद्रा में हो, हमें उतना ही संयमित रहने की जरूरत है। हमें उन्हें संघर्ष करने के लिए बहाना नहीं देंगे।’

ताइवान जलडमरूमध्य से होकर गुजरे अमेरिकी युद्धपोत
ताइवान की ओर से वॉर्निंग शॉट्स दागे जाने से कुछ दिन पहले अमेरिका के दो युद्धपोत अंतरराष्ट्रीय जल के माध्यम से ताइवान जलडमरूमध्य से होकर गुजरे थे। अमेरिकी नौसेना ने इसकी जानकारी दी थी। नैंसी पेलोसी की ताइवान यात्रा से ताइवान और चीन के बीच तनाव बढ़ने के बाद यह इस तरह का पहला ऑपरेशन था। वॉशिंगटन ने कहा था कि दो गाइडेड-मिसाइल क्रूजर, यूएसएस एंटियेटम और यूएसएस चांसलर्सविले, अंतरराष्ट्रीय जल के माध्यम से नेविगेशन की स्वतंत्रता का प्रदर्शन कर रहे हैं। अमेरिकी नौसेना ने एक बयान में कहा कि ताइवान जलडमरूमध्य के माध्यम से होकर गुजरना ‘अमेरिका की एक स्वतंत्र औ खुले इंडो-पैसिफिक के प्रति प्रतिबद्धता’ का प्रदर्शन करता है।

Latest articles

भीषण गर्मी में सतर्कता और संवेदनशीलता बरतें, मूक पशु-पक्षियों का भी बनें सहारा : मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय

रायपुर। छत्तीसगढ़ सहित देश के विभिन्न हिस्सों में पारा चढ़ने के साथ ही भीषण...

नौतपा और भीषण गर्मी को लेकर मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा की अपील: बरतें सावधानी, जनगणना कर्मियों का करें आदर-सत्कार

जयपुर। राजस्थान में पड़ रही भीषण गर्मी और 'नौतपा' के कड़े मिजाज को देखते...

बीकानेर में अमित शाह की सुरक्षा समीक्षा बैठक, सीमा से 15 किमी दायरे में अवैध निर्माण हटाने के निर्देश

जयपुर। केन्द्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह ने राजस्थान के बीकानेर में एक...

भीषण गर्मी से राहत: पंजाब में बदले स्कूल और दफ्तरों के समय, चंडीगढ़ में 25 मई से ग्रीष्मकालीन छुट्टियां घोषित

चंडीगढ़। उत्तर भारत में पैर पसार रही भीषण गर्मी और बढ़ते तापमान को देखते...

More like this

भेल में अत्याधुनिक वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग प्रणालियों का उद्घाटन— ईडी ने किया शुभारंभ

भोपाल। भारत हैवी इलेक्ट्रिकल्स लिमिटेड (भेल) भोपाल के कार्यपालक निदेशक (ईडी) पीके उपाध्याय ने...

नीदरलैंड ने लौटाई विरासत, PM मोदी को सौंपीं चोल राजा की 1 हजार साल पुरानी निशानियां, जानें क्या है इनकी खासियत?

एम्सटर्डम। पीएम मोदी की नीदरलैंड यात्रा के दौरान भारतीय संस्कृति और सभ्यता के लिए...