हरदा,
मध्यप्रदेश में विधानसभा चुनाव का मतदान 17 नवंबर को होना है. इसके लिए केंद्रीय नेता प्रचार प्रसार में जुटे हैं. हरदा जिले के खिरकिया में चुनावी सभा को संबोधित करते हुए केंद्रीय मंत्री स्मृति ईरानी ने कांग्रेस पर जमकर हमला किया. इसी बीच हंसी-मजाक के अंदाज में केंद्रीय मंत्री ने सभा के दौरान कहा कि सासू मां फोन कर रही हैं. हमको भी घर जाना है. सासू मां कह रही हैं कि मोदी और मामा के लिए वोट मांग रही हो, घर साफ कौन करेगा?
चुनावी व्यस्तताओं के बीच दीपावली पर घर की सफाई की चिंता अब केन्द्रीय मंत्री स्मृति ईरानी को भी होने लगी है. चुनावी सभा में तो केंद्रीय मंत्री ने खुलेआम कहा, ”हम भी अपने घर में एक ही बहू हैं भैया…हमारी सास भी फोन कर रही हैं कि मामा जी के लिए वोट मांग रही हो, मोदी जी के लिए वोट मांग रही हो, सिर पर धनतेरस है, घर साफ कौन करेगा?”
इतना कह अमेठी से बीजेपी सांसद ने गांधी परिवार पर हमला करना नहीं छोड़ा. व्यंग्य करते हुए कहा, हम गांधी परिवार के थोड़े हैं, हम कहीं जाने से पहले पूछते हैं. इतना बड़ा पर्व आने वाला है. हर घर दीया जलने वाला है. मेरी मानो तो एक दीया राम मंदिर का भी जलाओ.
राम मंदिर को लेकर कांग्रेस पर हमला करते हुए कहा कि कांग्रेसी पूछते थे- ‘मंदिर कब बनाएंगे?’ ‘तारीख नहीं बताएंगे’ तो उन्हें तारीख बता दीजिए. इस दौरान सभा में शामिल लोगों ने बार-बार कहा- ’22 जनवरी…’ तो स्मृति ईरानी बोलीं कि हम तो रामभक्त हैं. हमें तारीख मालूम हैं. आप कांग्रेसियों को बताइए.
केंद्रीय मंत्री स्मृति ईरानी ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के पास पूर्ण बहुमत की सरकार थी, लेकिन इसके बाद भी उन्होंने अपने धर्म के लिए धैर्य दिखाया. कौर्ट के फैसले का इंतजार किया. बहुत मुश्किल से 500 साल का इंतजार खत्म हुआ है.
उन्होंने आगे कहा कि यह चुनाव युद्ध से कम नहीं. यह तो घोषणा कांग्रेस के नेताओं ने खुद ही की है. हमको (BJP) पांडव कह दिया और खुद को कौरव घोषित कर दिया. लेकिन जब युद्ध महाभारत का हुआ तो कौरवों का क्या हुआ? यह तो आप भी जानते हो. इसलिए कलयुग हो या सतयुग, जीत धर्म की होगी. सत्य की जीत होगी.
करीब आधा घंटे के भाषण में स्मृति ईरानी ने कांग्रेस और गांधी परिवार पर जमकर हमला बोला. मध्यप्रदेश के चुनाव में भाजपा को जीताने के अपील के साथ कहा कि मप्र में 15 माह के लिए कांग्रेस की सरकार आई थी, लेकिन उस दौरान जनता के लिए भाजपा द्वारा चलाई जा रही योजनाओं को बंद कर दिया गया था.
