ब्रिजटाउन (बारबाडोस),
आईसीसी मेन्स टी20 वर्ल्ड कप 2024 का फाइनल मुकाबला भारत और साउथ अफ्रीका के बीच खेला जाना है. 29 जून (शनिवार) को ब्रिजटाउन के केंसिंग्टन ओवल में होने वाले इस मुकाबले पर दुनिया भर के फैन्स की निगाहें हैं. रोहित शर्मा की अगुवाई वाली टीम इंडिया ने जहां इंग्लैंड को 68 रनों से हराकर फाइनल में जगह बनाई. वहीं, एडेन मार्करम की अगुवाई में साउथ अफ्रीका ने अफगानिस्तान को 9 विकेट से हराकर खिताबी मुकाबले में प्रवेश किया. फाइनल मुकाबला भारतीय समयानुसार रात 8 बजे से शुरू होगा.
फाइनल में आई बारिश तो क्या होगा?
भारत और साउथ अफ्रीका के बीच होने वाले फाइनल मुकाबले में बारिश का खतरा भी मंडरा रहा है. Accuweather.com के मुताबिक ब्रिजटाउन में 29 जून को मैच के दौरान बारिश का पूर्वानुमान 20 से 47 प्रतिशत है. स्थानीय समयानुसार 29 जून की सुबह 3 से 5 बजे और फिर दोपहर 3 से शाम 5 बजे तक ब्रिजटाउन में बारिश एवं आंधी-तूफान का पूर्वानुमान है. इसका अर्थ ये हुआ कि मैच के दौरान शायद ही बारिश का खलल पड़े क्योंकि मुकाबला सुबह 10:30 बजे से लेकर दोपहर 2:30 बजे तक खेला जाना है. बता दें कि आईसीसी ने 190 मिनट का अतिरिक्त समय रखा है, ताकि मैच का नतीजा 29 जून को ही निकाला जा सके.
फिर भी यदि 29 जून को नतीजा नहीं निकल पाता है तो भी घबराने की जरूर नहीं है. आईसीसी ने इस मैच के लिए रिजर्व-डे भी रखा है. बारिश या किसी अन्य कारणों के चलते 29 जून को मिनिमम 10-10 ओवरों का खेल संभव नहीं हो पाता है तो मैच रिजर्व-डे (30 जून) में जाएगा. रिजर्व-डे में मैच वहीं से शुरू होगा जहां रुका था. अगर रिजर्व-डे में भी बारिश का खलल पड़ता है और मिनिमम 10-10 ओवरों का खेल संभव नहीं हो पाता तो भारत और साउथ अफ्रीका को संयुक्त विजेता घोषित कर दिया जाएगा. उदाहरण के लिए 2002 के चैम्पियंस ट्रॉफी में भारत और श्रीलंका की टीमें संयुक्त विजेता रही थी.
बता दें कि आईसीसी के नियमानुसार टी20 वर्ल्ड कप के नॉकआउट मैचों में डीएलएस नियम से नतीजा निकालने के लिए 10-10 ओवरों का खेल होना जरूरी है. अगर बारिश के चलते रविवार 10-10 ओवरों का खेल भी पूरा नहीं हो पाया तो यह जहां से रुका था, वहीं से रिजर्व-डे में शुरू होगा. एक बार टॉस हो गया तो मैच ‘लाइव’ माना जाएगा.
