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बिहार में चुनाव से पहले आयोग की बाजीगरी! अल्पसंख्यक, सवर्ण और SC के बाद मछुआरा कमीशन

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पटना

नीतीश सरकार ने एक और आयोग का गठन किया है। मछुआरा समुदाय और उससे जुड़े वोट को लेकर बड़ा कदम माना जा रहा है। बिहार की नीतीश सरकार ने राज्य मछुआरा आयोग का गठन किया है। यह आयोग मछुआरों के हितों की रक्षा और उनके विकास के लिए काम करेगा। आयोग में एक महिला सहित 5 लोगों को शामिल किया गया है। उन्हें पटना, भागलपुर, समस्तीपुर, पूर्वी चंपारण और बक्सर जैसे जिलों से चुना गया है। यह फैसला बिहार विधानसभा चुनाव से पहले लिया गया है।

बिहार में मछुआरा आयोग का गठन
पशु एवं मत्स्य संसाधन विभाग ने इस आयोग के गठन की जानकारी दी। सरकार ने अल्पसंख्यक, सवर्ण और SC आयोग के बाद अब मछुआरा आयोग बनाया है। पूर्वी चंपारण के ललन कुमार को मछुआरा आयोग का अध्यक्ष बनाया गया है। बक्सर के अजीत चौधरी उपाध्यक्ष होंगे। समस्तीपुर के विद्या सागर, पटना के राजकुमार और भागलपुर की रेणु सिंह को आयोग का सदस्य बनाया गया है। आयोग का मुख्य काम मछुआरों के हितों की रक्षा करना है। ये उनके कल्याण, विकास और आर्थिक तरक्की के लिए काम करेगा। आयोग सरकार को मछुआरों से जुड़े मामलों पर सलाह देगा। आयोग मछुआरों के लिए बेहतर नीतियां बनाने में सरकार की मदद करेगा।

पशु एवं मत्स्य संसाधन विभाग की पहल
बिहार का पशु एवं मत्स्य संसाधन विभाग ने आयोग के गठन की सूचना जारी कर दी है। इसमें बताया गया है कि पटना, भागलपुर, समस्तीपुर, पूर्वी चंपारण और बक्सर के लोगों को यह जिम्मेदारी दी गई है। आयोग मछुआरों के संरक्षण के लिए काम करेगा। यह उनके अधिकारों की रक्षा करेगा। आयोग मछुआरों के जीवन को बेहतर बनाने के लिए योजनाएं बनाएगा। यह उनके लिए शिक्षा, स्वास्थ्य और रोजगार के अवसर पैदा करेगा। आयोग मछुआरों की आर्थिक स्थिति को सुधारने के लिए भी काम करेगा। यह उन्हें मछली पालन के नए तरीके सिखाएगा। आयोग उन्हें मछली बेचने के लिए बेहतर बाजार उपलब्ध कराएगा। इससे मछुआरों की आय बढ़ेगी और उनका जीवन स्तर सुधरेगा।

मछुआरा समुदाय के कल्याण की कोशिश
सरकार का कहना है, ‘वो मछुआरा समुदाय के विकास के लिए प्रतिबद्ध है। मछुआरों के संरक्षण, कल्याण, विकास, आर्थिक अभिवृद्धि एवं उनके रक्षोपायों से संबंधित सभी मामलों का अन्वेषण और अनुश्रवण कर राज्य सरकार को अपनी अनुशंसाएं करने के लिए राज्य मछुआरा आयोग का गठन किया गया है।’ मछुआरों के संरक्षण, कल्याण, विकास, आर्थिक विकास और सुरक्षा उपायों से संबंधित सभी मामलों की जांच और निगरानी करके राज्य सरकार को अपनी सिफारिशें देने के लिए राज्य मछुआरा आयोग का गठन किया गया है।

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