चंडीगढ़। भगवंत मान ने राज्य में हाल ही में हुई ईडी कार्रवाई को लेकर केंद्र सरकार पर तीखा हमला बोला है। प्रवर्तन निदेशालय द्वारा राज्यसभा सांसद अशोक मित्तल और मंत्री संजीव अरोड़ा के घर छापेमारी के बाद पंजाब की राजनीति गरमा गई है। मुख्यमंत्री ने आरोप लगाया कि भारतीय जनता पार्टी एजेंसियों का इस्तेमाल कर विपक्षी सरकारों को डराने की कोशिश कर रही है और 2027 के चुनाव की तैयारी इसी रणनीति के तहत की जा रही है। मान ने कहा कि देश में लोकतंत्र को कमजोर किया जा रहा है और गैर-बीजेपी सरकारों को लगातार निशाना बनाया जा रहा है।
उन्होंने आरोप लगाया कि कई राज्यों में गवर्नर भी सरकारों के कामकाज में बाधा डालते हुए बिलों को लंबे समय तक लंबित रखते हैं, जिससे सरकारों को अदालत का सहारा लेना पड़ता है। सीएम ने कहा कि आम आदमी पार्टी तेजी से राष्ट्रीय स्तर पर मजबूत हुई है और यही कारण है कि उसे विशेष रूप से निशाना बनाया जा रहा है। उन्होंने दिल्ली के कथित शराब घोटाले का जिक्र करते हुए कहा कि इस मामले में अरविंद केजरीवाल, मनीष सिसोदिया और संजय सिंह को जेल भेजा गया।
मुख्यमंत्री ने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार चुनाव जीतने के लिए केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो, ईडी और अन्य संस्थाओं का इस्तेमाल कर रही है। उन्होंने कहा कि पंजाब में आम आदमी पार्टी के नेताओं पर कार्रवाई इसलिए हो रही है क्योंकि उन्होंने हाल के उपचुनावों में बीजेपी को हराया है। मान ने कहा कि बीजेपी नेताओं को विपक्षी दलों को डराने की बजाय जनता के बीच जाकर चुनाव लड़ना चाहिए। उन्होंने दावा किया कि एजेंसियों के जरिए दबाव बनाने की राजनीति ज्यादा दिन नहीं चलने वाली है और अंततः लोकतंत्र की जीत होगी।
