भोपाल। मप्र में सोमवार को प्री-मानसूनी गतिविधियां तेज रहीं। प्रदेश के कई जिलों में आंधी और बारिश के बीच छतरपुर जिले में आकाशीय बिजली गिरने से एक 12 वर्षीय बालिका की मौत हो गई, जबकि उसकी चचेरी बहन झुलस गई। जानकारी के अनुसार छतरपुर जिले में बारिश के दौरान आरती अहिरवार (12) और उसकी चचेरी बहन खेत के पास स्थित एक आम के पेड़ के नीचे खड़ी थीं। इसी दौरान अचानक बिजली गिर गई।
दोनों गंभीर रूप से झुलस गईं। परिजन उन्हें अस्पताल लेकर पहुंचे, जहां उपचार के दौरान आरती की मौत हो गई, जबकि दूसरी बालिका का इलाज जारी है। सोमवार को प्रदेश के कई हिस्सों में प्री-मानसूनी बारिश दर्ज की गई। धार जिले में करीब 2 इंच बारिश हुई, जबकि भोपाल में लगभग आधा इंच पानी गिरा। इसके अलावा इंदौर, खंडवा, रायसेन, राजगढ़, उज्जैन, छिंदवाड़ा, जबलपुर, खजुराहो, सागर, सतना, सिवनी, बड़वानी, शाजापुर और सीहोर सहित कई जिलों में तेज बारिश और आंधी का असर रहा। भोपाल के कोलार क्षेत्र, धार जिले के बदनावर-नागदा मार्ग तथा पीथमपुर में भी अच्छी बारिश हुई, जिससे कई स्थानों पर जलभराव की स्थिति बनी। पचमढ़ी में सोमवार को प्रदेश का सबसे कम अधिकतम तापमान 31.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। धार में 32.9 डिग्री, सिवनी में 34.2 डिग्री, रायसेन में 35.4 डिग्री और शाजापुर में 35.7 डिग्री सेल्सियस तापमान रिकॉर्ड किया गया।
वहीं दतिया सबसे गर्म रहा, जहां अधिकतम तापमान 42.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। ग्वालियर में 40.2 डिग्री, जबलपुर में 36 डिग्री, भोपाल में 35.2 डिग्री, उज्जैन में 35 डिग्री और इंदौर में 34.7 डिग्री सेल्सियस तापमान रहा। मौसम विभाग के अनुसार इस वर्ष मध्यप्रदेश में मानसून की एंट्री सामान्य समय से देरी से हो रही है। आमतौर पर मानसून 15 जून के आसपास प्रदेश में प्रवेश कर जाता है, लेकिन इस बार 22 जून तक इसकी दस्तक नहीं हुई है। मौसम वैज्ञानिकों का अनुमान है कि मानसून 23 जून के आसपास छत्तीसगढ़ और महाराष्ट्र के कुछ हिस्सों में आगे बढ़ सकता है तथा 25 जून के बाद मध्यप्रदेश में प्रवेश कर सकता है। मानसून में देरी का असर जून माह की वर्षा पर भी दिखाई दे रहा है। प्रदेश में अब तक सामान्य से 48 प्रतिशत कम बारिश दर्ज की गई है। पूर्वी मध्यप्रदेश के जबलपुर, रीवा, शहडोल और सागर संभाग के जिलों में वर्षा की कमी 69 प्रतिशत तक पहुंच गई है।
