छतरपुर,
बागेश्वर धाम महाराज धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री को नागपुर पुलिस ने क्लीन चिट दे दी है. नागपुर पुलिस ने इस मामले में जांच करने के बाद अपनी रिपोर्ट में कहा है वीडियो में देखने पर स्पष्ट हुआ है की वीडियो में धर्म के प्रचार से जुड़ी सामग्री है. इसमें अंधश्रद्धा जैसी कोई चीज नजर नहीं आई. इसके बाद धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री भी अपने विरोधियों पर जमकर बरसे.
बागेश्वर धाम में अपनी गद्दी पर बैठे धीरेंद्र शास्त्री ने कहा कि हनुमान चालीसा का प्रचार करना अगर अंधविश्वास है, तो सभी हनुमान भक्तों को जेल जाना चाहिए था. कानून पर मुझे भरोसा था और सच की जीत हुई. वह यहीं नहीं रुके. उन्होंने आगे कहा, रामचरितमानस को राष्ट्रीय धर्म घोषित कर देना चाहिए. तभी भारत विश्व गुरु बनेगा और तभी सामाजिक समरसता होगी.
बागेश्वर धाम में बहुत दिनों के बाद बाबा धीरेंद्र शास्त्री को अपने बीच पाकर श्रद्धालुओं में खुशी की लहर दौड़ गई. इस दौरान जमकर नारेबाजी भी हुई और जय श्री राम के नारों से धाम गूंज उठा.
शिकायत करने वाले श्याम मानव को नागपुर पुलिस ने दिया जवाब
बागेश्वर धाम के धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री पर नागपुर में अखिल भारतीय अंधश्रद्धा निर्मूलन समिति द्वारा शिकायत की गई थी. जिस पर नागपुर पुलिस ने जांच करने के बाद धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री महाराज को क्लीन चिट दी है. नागपुर पुलिस नागपुर पुलिस ने शिकायत करने वाले श्याम मानव को भी लिखित में भी इसका जवाब दिया है.
श्याम मानव ने नागपुर पुलिस को ही कठघरे में किया खड़ा
इस पर अब श्याम मानव ने सवाल खड़े करते हुए नागपुर पुलिस को ही कटघड़े में खड़ा कर दिया है. श्याम मानव ने कहा की ACP पर जिम्मेदारी है और कानून के तहत वो FIR नहीं कर रहे हैं. इसका साफ मतलब है कि वह बाबा की अप्रत्यक्ष रूप से सहायता कर रहे हैं. कानून के तहत उन पर ही गुनाह दाखिल हो सकता है.
