भोपाल। रायसेन रोड, पटेल नगर स्थित जागृत एवं दर्शनीय तीर्थस्थल दादाजी धाम मंदिर में छठे बड़े मंगल के पावन अवसर पर बाल स्वरूप श्री हनुमान जी महाराज का विशेष, दिव्य एवं मनोहारी श्रृंगार किया गया। इस पावन अवसर पर संपूर्ण मंदिर परिसर श्रद्धा, भक्ति और गहरी आध्यात्मिक चेतना से सराबोर नजर आया। मंदिर के पुजारी पंडित श्री राजेंद्र पलिया जी द्वारा वैदिक मंत्रोच्चार के बीच श्री श्री 1008 श्री दादाजी गुरुदेव चैरिटेबल ट्रस्ट के अध्यक्ष श्री शिवरतन नामदेव सहित उपस्थित बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं से विधिवत पूजन-अर्चन संपन्न कराया गया।
भक्तों ने श्री हनुमान जी महाराज के श्रीचरणों में दीप अर्पित कर सुख, शांति, समृद्धि एवं पारिवारिक कल्याण की मंगलकामना की। इस विशेष श्रृंगार के तहत मारुति नंदन को गहरे गुलाबी रंग के आकर्षक एवं अलंकृत वस्त्र धारण कराए गए थे। मस्तक पर सुशोभित भव्य मुकुट, रंग-बिरंगे रत्नों की कलात्मक सज्जा, पुष्पमालाएँ तथा दिव्य आभूषणों से सजी प्रभु की प्रतिमा अद्वितीय तेज, करुणा एवं भक्तवत्सल भाव बिखेर रही थी। आशीर्वाद मुद्रा में विराजमान भगवान का यह स्वरूप श्रद्धालुओं को साहस, आत्मविश्वास तथा संकटों से संरक्षण का संदेश प्रदान कर रहा था। पुष्पों से सुसज्जित भव्य पृष्ठभूमि ने मंदिर के वातावरण को और अधिक अलौकिक बना दिया।
श्रद्धांजलि सभा और धार्मिक संवाद के दौरान श्रद्धालुओं को संबोधित करते हुए ट्रस्ट के अध्यक्ष शिवरतन नामदेव ने कहा कि श्री हनुमान जी बल, बुद्धि, विद्या, सेवा, समर्पण एवं अखंड भक्ति के साक्षात आदर्श हैं। उनके जीवन से प्रेरणा लेकर प्रत्येक व्यक्ति को निष्ठा, विनम्रता, परिश्रम एवं धर्ममार्ग का अनुसरण करना चाहिए। मंदिर परिसर में गूंजते जयकारों, भजन-कीर्तन के बीच पंडित श्री राजेंद्र पलिया जी द्वारा ‘अतुलितबलधामं हेमशैलाभदेहं…’ मंत्र के साथ हनुमान वंदना का पाठ किया गया, जिससे उपस्थित सभी श्रद्धालु भाव-विभोर हो उठे।
