भारत-चीन तकरार का बैडमिंटन पर असर, खिलाड़ियों को नहीं मिल रही शटल्स

बेंगलुरु

लॉकडाउन के बाद देश में खेलों ने धीरे-धीरे पटरी पर लौटना शुरू कर दिया है। लेकिन भारतीय बैडमिंटन के लिए राह आसान नहीं दिख रही है। कोविड- 19 के बीच पड़ोसी देश चीन के साथ सीमा विवाद को लेकर संबंध तल्ख (India China Face Off) हो गए हैं और ऐसे में केंद्र सरकार ने चीन से आयात पर बैन लगा दिया है। बैडमिंटन के लिए शटल्स की आपूर्ति भी चीन से ही होती थी लेकिन अब इस बैन के चलते देश में शटल्स के स्टॉक में भारी कमी हो गई है।

देश भर के बैडमिंटन खिलाड़ी यहां तक की नैशनल कैंप में अभ्यास करने वाले खिलाड़ी भी योनिक्स शटल्स का इस्तेमाल करते हैं। लेकिन देश भर के ज्यादातर डीलरों का कहना है शटल्स का उनका स्टॉक खत्म होने की ओर है क्योंकि जून के बाद चीन से नया स्टॉक नहीं आया है।

टाइम्स ऑफ इंडिया में छपी खबर के मुताबिक, दुनिया भर में 90 फीसदी शटल्स की आपूर्ति चीनी कंपनियां ही करती हैं। शटल के लिए जरूरी कच्चे सामान जैसे कि बत्तख के पंख का इंतजाम चीन में आसानी से हो जाता है। शटल के बिजनस पर चीन का एकाधिकार है। लेकिन फिलहाल सरकार ने सभी फेदर (पंख) उत्पादों के चीन से आयात पर बैन लगा दिया है ऐसे में शटल की आपूर्ति संभव नहीं दिख रही है।

राष्ट्रीय बैडमिंटन कोच पुलेला गोपीचंद ने स्वीकार किया है नैशनल कैंप में शटल की कमी हो रही है और अगर समय पर इंतजाम नहीं हो पाया तो खिलाड़ियों के प्रैक्टिस बुरी तरह से प्रभावित होगी।राष्ट्रीय कोच ने कहा, ‘हमें थॉमस ऐंड उबेर कप की तैयारी के लिए शटल्स नहीं मिली हैं। अगर हमें यह जल्दी ही नहीं मिली तो इससे हमारी ट्रेनिंग प्रभावित होगी।’ इस समय देश भर में अकैडमी और ट्रेनिंग सेंटर अपने पुराने स्टॉक का ही इस्तेमाल कर रहे हैं, जो ज्यादा नहीं बचा है।

Did you like this? Share it:

About editor

Check Also

चहल ने माना- UAE में कलाई के स्पिनरों के लिए खतरा बन रही ये चीज

भारतीय टीम के लेग स्पिनर युजवेंद्र चहल ने गुरुवार को कहा कि संयुक्त अरब अमीरात …

105 visitors online now
24 guests, 80 bots, 1 members
Max visitors today: 106 at 12:10 am
This month: 179 at 10-01-2020 07:27 am
This year: 687 at 03-21-2020 02:57 pm
All time: 687 at 03-21-2020 02:57 pm