मुंबई ,
BJP सांसद चौ. उदयनराजे भोसले ने मराठी अभिनेता राहुल सोलापुरकर की उस बयान के लिए आलोचना की है, जिसमें उन्होंने शिवाजी महाराज पर विवादास्पद टिप्पणी की थी. भाजपा नेता ने कहा, ‘मुझे लगता है कि ऐसे लोगों को जहां भी पाया जाए गोली मार देनी चाहिए या फिर पत्थरों से मार-मार कर मार देना चाहिए. महाराष्ट्र पुलिस उन्हें सुरक्षा क्यों दे रही है? उदयनराजे भोसले से सवाल किया’.
नई दिल्ली में बीजेपी सांसद उदयनराजे भोसले और शिवाजी महाराज के वंशज ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में राहुल सोलापुरकर पर हमला बोला और कहा कि मुझे लगता है, ऐसे लोगों को जहां भी मिल जाए गोली मार देनी चाहिए या फिर पत्थरों से मार-मार कर मार देना चाहिए. उन्होंने सवाल किया कि महाराष्ट्र पुलिस उन्हें सुरक्षा क्यों दे रही है?
किस हैसियत से की टिप्पणी?
बीजेपी नेता ने अभिनेता पर सवाल उठाते हुए पूछा कि किस हैसियत से उन्होंने ऐसी अपमानजनक टिप्पणी की है? उन्होंने अभिनेता के खिलाफ देशद्रोह कानून के तहत कार्रवाई करने की मांग की है.उन्होंने आगे कहा कि छत्रपति शिवाजी महाराज भारत का गौरव हैं. उन्होंने अपने सिद्धांतों से कभी समझौता नहीं किया. वह स्वराज्य के संस्थापक थे, वह एक निस्वार्थ नेता थे. दुनिया भर के कई देशों ने शिवाजी महाराज से प्रेरणा लेते हैं.
गृह मंत्री और सीएम से करूंगा मुलाकात
बीजेपी नेता ने दावा किया कि मैं केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह और महाराष्ट्र के गृह मंत्री देवेंद्र फडणवीस से मिलने जा रहा हूं और इस मामले में कड़ी कार्रवाई की मांग करूंगा. अब से हम उनकी फिल्में या शो रिलीज नहीं होने देंगे और मैं फिल्म उद्योग के लोगों को चेतावनी देता हूं कि उनका मनोरंजन न करें. और न ही उन्हें कोई काम दे. उन्होंने ये भी मांग की कि राहुल को भंडारकर इंस्टीट्यूट के ट्रस्ट से भी हटाया जाना चाहिए.
क्या बोले मराठी अभिनेता
दरअसल, मराठी अभिनेता राहुल सोलापुरकर ने कुछ पोर्टल के साथ साक्षात्कार के दौरान शिवाजी महाराज के आगरा पलायन पर कुछ विवादास्पद टिप्पणी की थी. उन्होंने कहा कि जैसा कि हमने इतिहास में सुना है, शिवाजी महाराज कभी-भी मिठाई के डिब्बों की आड़ में छिपकर नहीं भागे थे. यह कहानियां मनोरंजन के लिए बनाई गई होंगी, लेकिन शिवाजी महाराज ने सच में औरंगजेब के वजीर और उसकी पत्नी को भी रिश्तव दी थी और इसके सबूत भी हैं. इसी लिए वह सरकारी पत्र लेकर आगरा से चले गए थे. स्वामी परमानंद 5 हाथियों के साथ चले गए और इसके प्रमाण मौजूद हैं.
वहीं, शिवाजी महाराज के वंशज और बीजेपी नेता से पहले मंगलवार को मराठा संगठनों ने पुणे और महाराष्ट्र के कुछ हिस्सों में राहुल सोलापुरकर के खिलाफ विरोध प्रदर्शन किया. सभी संगठनों ने उनके खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की मांग की.
