8.4 C
London
Friday, May 15, 2026
Homeराज्यकौन हैं डॉ. बालाजी किणीकर? जो अंबरनाथ से लगातार चौथी बार जीते,...

कौन हैं डॉ. बालाजी किणीकर? जो अंबरनाथ से लगातार चौथी बार जीते, अब किया खुद की सुपारी दिए जाने का खुलासा

Published on

मुंबई:

महाराष्ट्र में देवेंद्र फडणवीस की अगुवाई में महायुति सरकार के सत्ता संभालने के बाद विपक्ष जहां बीड में सरपंच की हत्या और परभणी में संविधान की रेप्लिका के अपमान को मुद्दा बनाने का जुटा है तो वहीं दूसरी तरफ मुंबई से सटे ठाणे में हैरान कर देने वाला मामला सामने आया है। ठाणे की अंबरनाथ सीट से जीते शिवसेना के विधायक डॉ. बालाजी किणीकर ने खुद की हत्या की साजिश का खुलासा करके चौंका दिया है। विधायक किणीकर ने कहा है कि किसी ने उनकी मौत की सुपारी दी है। विधायक की शिकायत पर पुलिस ने दो शिवसैनिकों को हिरासत में लिया है।

शिंदे के गृह जनपद में मचा हड़कंप
डॉ किणीकर का कहना है कि उन्हें एक भरोसमंद कार्यकर्ता ने बताया कि उनकी हत्या का षड्यंत्र रचा जा रहा है। इसके बाद मैंने ठाणे के सीपी से मिलकर इसकी शिकायत की। विधायक का कहना है कि साजिश रचने वालों के खिलाफ ठोस कार्रवाई की जाए। पुलिस ने विधायक किणीकर की शिकायत के बाद अंबरनाथ नगर पालिका के एक पूर्व अध्यक्ष और एक पूर्व उपाध्यक्ष को नोटिस जारी करके बुलाया है। दोनों वरिष्ठ शिवसैनिक हैं। शिवसेना के बड़े नेताओं को नोटिस पर ठाणे की राजनीति गरमा गई है। ठाणे शिवसेना चीफ एकनाथ शिंदे का गृह जिला है।

किसके निशाने पर हैं किणीकर?
शिवसेना के विधायक ने जिस तरह से खुद की सुपारी दिए जाने का खुलासा किया है। उसके बाद चर्चा शुरू हो गई है सत्ता पक्ष के विधायक को कौन मारना चाहता है? ठाणे के अंबरनाथ में राजनीतिक हत्याओं का लंबा इतिहास है। 1990 के दशक में शिवसेना और समता सेना के बीच खूनी संघर्ष हुआ था। इस संघर्ष में करीब आधा दर्जन हत्याएं हुई थी। इनमें कई पार्षद भी शामिल थे। ऐसे में विधायक की तरफ से सुपारी दिए जाने के बाद राजनीतिक हलकों में हड़ंकप मच गया है।

चाैथी बार विधायक बने हैं किणीकर?
ठाणे का अंबरनाथ लंबे वक्त से शिवसेना का गढ़ है। शिवसेना 1990 के इस सीट पर काबिज है। पिछले आठ चुनावों में सिर्फ एक बार 2004 में एनसीपी को जीत मिली थी। पहले सबीर शेख शिवसेना के विधायक थे, लेकिन 2009 से बालाजी किणीकर लगातार जीत रहे हैं। इस बार के चुनावों में उन्होंनें उद्धव ठाकरे गुट के प्रत्याशी राजेश देवेंद्र वानखेड़े को हराया था। किणीकर 51 हजार से अधिक वोटों से जीते हैं। 52 साल के डॉ. बालाजी किणीकर की छवि एक दबंग नेता की रही है।

Latest articles

संस्कार सेना द्वारा ‘एक शाम माँ के नाम’ कार्यक्रम का आयोजन; मातृ शक्ति और मेधावी छात्र होंगे सम्मानित

भोपाल। राष्ट्रीय संस्कार सेना के तत्वावधान में 'माता-पिता सम्मान संकल्प भारत यात्रा' की तीसरी...

दिल्ली में सीएम विष्णु देव साय ने गृहमंत्री अमित शाह को सौंपा बस्तर का विकास रोडमैप

रायपुर/नई दिल्ली। मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने गुरुवार को नई दिल्ली में केंद्रीय...

जालोर: ग्रामीणों के बीच पहुंचे सीएम भजनलाल शर्मा, पंसेरी में सुबह की सैर कर जाना जनता का हाल

जालोर। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने गुरुवार को अपने जालोर दौरे के दौरान अपने सहज...

भारत पर नजर उठाई तो जो अब तक नहीं हुआ, वह होकर रहेगा : राजनाथ सिंह

राजस्थान। केंद्रीय रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह और राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने गुरुवार...

More like this

दिल्ली में सीएम विष्णु देव साय ने गृहमंत्री अमित शाह को सौंपा बस्तर का विकास रोडमैप

रायपुर/नई दिल्ली। मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने गुरुवार को नई दिल्ली में केंद्रीय...

जालोर: ग्रामीणों के बीच पहुंचे सीएम भजनलाल शर्मा, पंसेरी में सुबह की सैर कर जाना जनता का हाल

जालोर। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने गुरुवार को अपने जालोर दौरे के दौरान अपने सहज...

भारत पर नजर उठाई तो जो अब तक नहीं हुआ, वह होकर रहेगा : राजनाथ सिंह

राजस्थान। केंद्रीय रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह और राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने गुरुवार...