कोल इंडिया और बीएचईएल के बीच हुआ प्राइवेट जॉइंट वेंचर खोलने को लेकर बड़ा अनुबंध

भोपाल

जानकारी के अनुसार कोल इंडिया और बीएचईएल के बीच प्राइवेट जॉइंट वेंचर खोलने को लेकर बड़ा अनुबंध हुआ है। इस जॉइंट वेंचर में 51 फीसदी हिस्सेदारी कोल इंडिया लिमिटेड और 49 फीसदी हिस्सेदारी भेल के पास रहेगी। भारत की दो पीएसयू सेक्टर की कंपनी- कोल इंडिया लिमिटेड और भारत हेवी इलेक्ट्रिकल्स लिमिटेड ने बुधवार को ज्वाइंट वेंचर एग्रीमेंट पर हस्ताक्षर किए हैं। इस जॉइंट वेंचर के जरिये कंपनी की योजना सतही कोयला गैसीकरण टेक्नोलॉजी रूट के माध्यम से अमोनियम नाइट्रेट प्लांट स्थापित करना है।

कोल इंडिया के डायरेक्टर (बिजनेस डेवलपमेंट) देबाशीष नंदा और भेल के डायरेक्टर (इंजीनियरिंग एंड डेवलोपमेंट ) जय प्रकाश श्रीवास्तव ने संबंधित प्रमोटर कंपनियों की ओर से ज्वाइंट वेंचर एग्रीमेंट पर हस्ताक्षर किए। जॉइंट वेंचर मामले में जानकारों का कहना है कि कोल और भेल की प्रतिबद्धता के साथ यह परियोजना एक रोल मॉडल बनेगी। कोयला मंत्रालय के लिए गैसीकरण बड़ी प्राथमिकता वाला क्षेत्र है। अगले दो से तीन सालों में पर्याप्त कोयला मिलना शुरू हो जायेगा। जानकारों का कहना है कि कोल इंडिया की ब्रांच नॉर्थर कोलफील्ड्स लिमिटेड के स्वामित्व वाली, मध्य प्रदेश में स्थित परियोजनाएं पर्यावरण-अनुकूल तरीके से कोयले की सप्लाई और क्वालिटी को बढ़ाएंगी।

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