ब्यावर,
राजस्थान के ब्यावर जिले में पांच नाबालिग लड़कियों के यौन उत्पीड़न के विरोध में राजस्थान के मसूदा शहर और आसपास के इलाकों में मंगलवार को लगातार दूसरे दिन भी बाजार बंद रहे. बिजयनगर थाना इलाका पुलिस ने इस मामले में अब तक एक पूर्व पार्षद समेत आठ लोगों को गिरफ्तार किया है और तीन नाबालिगों को हिरासत में लिया गया है.
मसूदा के पुलिस उपाधीक्षक (DSP) सज्जन सिंह ने पीटीआई को बताया कि मंगलवार को मसूदा शहर और आसपास के इलाकों में बाजार बंद रहे. अब तक एक वार्ड पार्षद समेत आठ लोगों को गिरफ्तार किया गया है और तीन नाबालिगों को हिरासत में लिया गया है. आरोपियों से पूछताछ की जा रही है.
इससे पहले सोमवार को भी ब्यावर, बिजयनगर, केकड़ी, मसूदा, सरवाड़ और आसपास के इलाकों में बाजार बंद रहे थे, क्योंकि विभिन्न संगठनों ने आरोपियों को कड़ी सजा देने की मांग को लेकर रैलियां निकालीं.
आपको बता दें कि पिछले सप्ताह पांच पीड़ितों के परिवार के सदस्यों की शिकायतों के आधार पर 10 लोगों के खिलाफ तीन एफआईआर दर्ज की गई थीं. पुलिस को मिली शिकायतों में आरोप लगाया गया है कि आरोपियों ने सोशल मीडिया के माध्यम से नाबालिग लड़कियों से संपर्क किया, फिर उन्हें चीनी मोबाइल फोन उपहार में दिए और उनका यौन शोषण किया.
पुलिस ने बताया कि कुछ पीड़ितों ने पुरुषों पर धर्म परिवर्तन के लिए उन्हें ब्लैकमेल करने का भी आरोप लगाया है. बिजयपुर स्टेशन हाउस ऑफिसर करण सिंह ने कहा कि चार आरोपियों को पांच दिन की पुलिस रिमांड पूरी होने के बाद अदालत में पेश किया गया. अदालत ने उन्हें न्यायिक हिरासत में भेज दिया है.
सोमवार को बिजयनगर नगरपालिका ने एक आरोपी के घर से अतिक्रमण हटा दिया. प्रशासन ने एक सदी पुराने कब्रिस्तान के मुख्य द्वार सहित कम से कम दो गेटों को भी सील कर दिया. बिजयनगर नगरपालिका के कार्यकारी अधिकारी प्रताप सिंह भाटी ने बताया कि कब्रिस्तान और एक आरोपी को नोटिस जारी किया गया है.
दस्तावेजों की जांच करने पर हमें कुछ अतिक्रमण मिले, जिन्हें हटा दिया गया. मसूदा के डीएसपी सज्जन सिंह ने बताया कि इस मामले में कथित संलिप्तता के चलते पूर्व वार्ड पार्षद हकीम कुरैशी को गिरफ्तार किया गया है. रविवार शाम को उसे कोटडा की एक अदालत में पेश किया गया, जहां से उसे पांच दिन की पुलिस रिमांड पर भेज दिया गया.
