चंडीगढ़। पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने प्रदेश के किसानों और आम जनता के लिए कई महत्वपूर्ण घोषणाएं की हैं। पिछले दिनों हुई बेमौसम बारिश और ओलावृष्टि से फसलों को हुए नुकसान पर चिंता जताते हुए सीएम ने ‘विशेष गिरदावरी’ के आदेश दिए हैं। उन्होंने भरोसा दिलाया कि सरकार हर एक दाने के नुकसान की भरपाई करेगी और प्रशासन पूरी स्थिति पर बारीकी से नजर रखे हुए है।
बिजली फ्री करने का ‘मैनेजमेंट फॉर्मूला’ उजागर
विपक्ष द्वारा मुफ्त बिजली पर उठाए जा रहे सवालों का जवाब देते हुए मुख्यमंत्री ने बड़ा खुलासा किया। उन्होंने बताया कि पिछली सरकारों के समय बंद पड़ी कोयला खानों को चालू करके सरकार ने अब तक 1462 करोड़ रुपये बचाए हैं। सीएम मान ने कहा, “अक्टूबर 2022 में हमने अपनी कोयला खान का टेकओवर किया और 70 लाख मीट्रिक टन कोयला निकालने का लक्ष्य पूरा किया। यदि हम कैप्टन अमरिंदर सिंह या सुखबीर बादल की तरह प्राइवेट कंपनियों से महंगा कोयला खरीदते, तो यह पैसा बर्बाद होता। इसी बचत के कारण बिजली बोर्ड घाटे में नहीं गया और हम जनता को मुफ्त बिजली दे पा रहे हैं।” सुखबीर बादल पर तंज कसते हुए उन्होंने कहा कि वे दावा करते हैं कि सारी बिजली उनके पिता ने पैदा की, तो फिर वे ‘वोटें’ क्यों नहीं पैदा कर सके? उन्होंने आरोप लगाया कि पिछली सरकारों ने बिजली उत्पादन प्राइवेट हाथों और अपने करीबियों को सौंप दिया था।
बेअदबी पर सख्त कानून और कोयले का पर्याप्त स्टॉक
बेअदबी के मुद्दे पर सीएम ने स्पष्ट किया कि सरकार एक नया और सख्त कानून ला रही है, जो विशेष सत्र के बाद तुरंत प्रभावी हो जाएगा। उन्होंने कहा कि यह राज्य का कानून है, जिसे राष्ट्रपति के पास भेजने की आवश्यकता नहीं होगी। यदि शिरोमणि गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी (SGPC) इस पर कोई सुझाव देती है, तो सरकार उसका स्वागत करेगी।
