इस्लामाबाद
पाकिस्तान में पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान पर गुरुवार को हमला हुआ है। इमरान के हत्या की साजिश नाकाम साबित हुई है। इमरान पर हमला तब हुआ है जब वह शहबाज शरीफ सरकार के खिलाफ लॉन्ग मार्च कर रहे थे। इमरान पर गोलियां बरसाने वाले हमलावर का कबूलनामा अब सामने आया है। इमरान पर हमला करने वाले शख्स ने कहा है कि उसने अकेले ही इस हमले की प्लानिंग की थी। उसने बताया कि उसे इस बात का अफसोस है कि इमरान खान हमले में बच गए। इस हमले के बाद से इमरान की पार्टी ने देशव्यापी प्रदर्शन का ऐलान किया है। गुरुवार की रात से ही पाकिस्तान के कई शहरों में सेना के खिलाफ प्रदर्शन हो रहा है।
हमलावर से जब पूछा गया कि क्या उसने सही किया? इस पर उसने कहा, ‘हां, मुझे मौका मिला तो फिर करूंगा। मुझे एक ही बात का दुख है कि ये (इमरान) बच गया। मेरा मकसद पूरा नहीं हो सका।’ जब हमलावर से पूछा गया कि आखिर वह इमरान को मारना क्यों चाहता है, इस पर उसने कहा, ‘इमरान ने अपनी तुलना पैगंबर मोहम्मद से की थी। इमरान ने कहा था कि जिस तरह पैगंबर मोहम्मद ने अपनी अवाम को पैगाम दिया मैं भी उसी तरह आपको पैगाम दे रहा हूं। यानी वो अपनी तुलना नबी से कर रहा है। मेरा जमीर नहीं मानता कि मैं उसकी इस बात को बर्दाश्त करूं।’
20 हजार में खरीदा था हथियार
हमलावर ने आगे कहा, ‘मेरे लिए पैगंबर मोहम्मद आखिरी नबी हैं। ये किस तरह अपनी तुलना उनसे कर सकता है। मुझे ये बात अच्छी नहीं लगी। तभी से मैं उसे मारना चाहता था।’ शख्स से जब उसकी विचारधारा के बारे में पूछा गया तो उसने बताया कि वह ऑनलाइन डॉ इसरार अहमद के वीडियो सुनता रहा है। उसे जो वीडियो अच्छा लगा शेयर कर दिया। हथियार जुटाने के बारे में हमलावर ने कहा कि 20 हजार रुपए में उसने हथियार खरीदा था। हमलावर ने कहा, ‘मेरा टार्गेट सिर्फ और सिर्फ इमरान था। इसलिए मैंने किसी और पर फायर नहीं किया।’
बयान लीक करने वाले अधिकारी सस्पेंड
इमरान खान के हमलावर का बयान सार्वजिनक करने के मामले में कई अधिकारियों पर गाज गिरी है। पाकिस्तानी पंजाब के मुख्यमंत्री चौधरी परवेज इलाही ने बयान लीक होने का संज्ञान लिया। उन्होंने पंजाब पुलिस के आईजी को गैर जिम्मेदार अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई का आदेश दिया। ARY न्यूज के मुताबिक हमलावर का इकबालिया बयान लीक होने के मामले में थाना प्रभारी और संबंधित पुलिस थाने के अन्य अधिकारियों को निलंबित किया गया है। मुख्यमंत्री ने एक बयान में कहा कि थाने के कर्मचारियों का मोबाइल जब्त कर लिया गया है और उन्हें फोरेंसिक ऑडिट के लिए भेजा जाएगा।
