नई दिल्ली,
तिहाड़ जेल की डीजी संदीप गोयल को उनके पद से हटा दिया गया. छोटे-मोटे मामलों के अलावा उन्हें हटाए जाने की वजह दो ऐसे लोग बन गए, जो खुद तिहाड़ की जेल में बंद हैं. उनमें पहला नाम है देश के सबसे बड़े ठग सुकेश चंद्रशेखर का. जिसने साल भर तक करोड़ों रुपये खर्च कर जेल में हर ऐशो-आराम हासिल किया. और दूसरा नाम है दिल्ली सरकार के जेल मंत्री सत्येंद्र जैन का, जो मनी लॉन्ड्रिंग के मामले में खुद भी तिहाड़ जेल में बंद हैं. इन दोनों लोगों पर जेल के बाहर और जेल के अंदर ऐसे काम करने के आरोप लगे कि उसकी गाज अब डीजी संदीप गोयल पर गिर गई. आइए जानते हैं कि आखिर सुकेश चंद्रशेखर और सत्येंद्र जैन पर इल्जाम क्या हैं?
मंत्री सत्येंद्र जैन पर क्या हैं इल्जाम
दिल्ली सरकार के स्वास्थ मंत्री सत्येंद्र जैन की उल्टी गिनती तब शुरु हो गई थी, जब उनके खिलाफ सीबीआई ने पांच साल पहले भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम समेत तमाम धाराओं के तहत एक एफआईआर दर्ज की थी. जिसमें सत्येंद्र जैन के अलावा अजीत प्रसाद जैन, पूनम जैन, वैभव जैन, सुनील जैन और अंकुश जैन के नाम भी शामिल किए गए थे. फिर इस मामले की जांच प्रवर्तन निदेशालय (ED) को दे दी गई थी. क्योंकि यह मामला मनी लॉन्ड्रिंग से जुड़ा था.
30 मई को हुई थी सत्येंद्र जैन की गिरफ्तारी
तभी से इस मामले में जांच चल रही है. इसी साल 30 मई को ईडी ने बड़ा कदम उठाया और 57 साल के सत्येंद्र जैन को गिरफ्तार कर लिया. फिर उनके और उनसे जुड़े लोगों के ठिकानों पर छापेमारी शुरू कर दी. इसी दौरान ईडी (ED) ने 6 जून को दावा किया था कि एजेंसी ने सत्येंद्र जैन के करीबी के ठिकाने से 2.85 करोड़ कैश और सोने के 133 सिक्के बरामद किए हैं. जिनका वजन 1.80 किलोग्राम है. यह बरामदगी दिल्ली और एनसीआर में पूरे दिन चली रेड के दौरान की गई थी.
ईडी ने कोर्ट को सौंपा सीसीटीवी फुटेज
तभी से सत्येंद्र जैन तिहाड़ जेल में बंद हैं. इसी दौरान मामला अदालत में जा पहुंचा. 30 अक्टूबर को ईडी के अधिकारियों ने कोर्ट को एक शिकायत दी. जिसमें सत्येंद्र जैन पर जेल के नियमों का उल्लंघन करने का इल्जाम लगाया गया. ईडी ने सबूत के तौर पर अदालत में एक वीडियो फुटेज भी जमा की. जो तिहाड़ जेल के भीतर की फुटेज थी. उस वीडियो फुटेज में दिखाया गया कि दिल्ली सरकार के मंत्री कैसे जेल में ऐशो-आराम हासिल कर रहे हैं.
‘सत्येंद्र जैन को जेल में मसाज की सुविधा’
वीडियो फुटेज सौंपते हुए (ईडी) ED ने साथ में अपना हलफनामा भी कोर्ट में दाखिल किया. जिसमें कहा गया है कि तिहाड़ जेल में सत्येंद्र जैन को हेड मसाज, फुट मसाज और बैक मसाज जैसी तमाम लग्जरी सुविधाएं दी जा रही हैं. सीसीटीवी फुटेज के आधार पर कहा गया कि जेल अधीक्षक हर रोज सत्येंद्र जैन से मिलते हैं, जो कि जेल नियमों के खिलाफ है. कोर्ट के आदेश की अनदेखी कर सत्येंद्र जैन को घर का बना खाना दिया जाता है.
ईडी ने लगाए कई आरोप
ईडी ने हलफनामे में बताया कि जेल मैनुअल के खिलाफ सत्येंद्र जैन की पत्नी पूनम जैन उनसे सेल में जाकर मिलती हैं. सीसीटीवी फुटेज के आधार पर जानकारी दी गई कि इस केस के अन्य आरोपी अंकुश जैन और वैभव उनकी सेल में जाकर घंटों बातें करते हैं. जिससे मामले की जांच प्रभावित होती है. आरोपी अंकुश और वैभव भी इस वक्त तिहाड़ जेल बंद हैं.
सत्येंद्र जैन की सेल में कोई नहीं आया
प्रवर्तन निदेशालय के हलफनामे में लिखा है कि सत्येंद्र जैन दिल्ली के जेल मंत्री भी हैं, जिसका वो फायदा उठा रहे हैं. तिहाड़ जेल प्रशासन से ईडी ने सत्येंद्र जैन के सेल और वार्ड की सीसीटीवी फुटेज मांगी थी. जेल प्रशासन ने ईडी को फुटेज मुहैया कराईं थी. अब तिहाड़ जेल प्रशासन का कहना है कि सत्येंद्र जैन की सेल में बाहर से कोई नहीं आया. हालांकि सुबह गिनती के समय वार्ड में मौजूद सभी कैदी एक दूसरे से बात कर सकते हैं.
जेल प्रशासन ने बताई पूरी कहानी
तिहाड़ जेल प्रशासन ने सफाई देते हुए कहा कि जिन सह-आरोपियों की बात की जा रही है, वो भी उसी वार्ड में बंद हैं, जहां सत्येंद्र जैन हैं. इसलिए वो आपस में बात कर सकते हैं. जेल प्रशासन ने यह भी कहा कि गिनती के बाद जब सभी अपनी-अपनी सेल में चले जाते हैं, तब कोई भी एक-दूसरे की सेल में नही जाया जा सकता है. तिहाड़ जेल प्रशासन वहां किसी भी तरह के इलेक्ट्रॉनिक गैजेट की मौजूदगी से भी साफ इनकार कर दिया. अब बात करते हैं इस मामले से जुड़े दूसरे किरदार की.
सुकेश चंद्रशेखर का खेल और खुलासा
ठगी करने के आरोप में सुकेश चंद्रशेखर जब 12 महीने तक तिहाड़ की रोहिणी जेल में बंद था, तो उसने एक करोड़ रुपये महीना देकर जेल के अंदर मौजूद पूरे स्टाफ और जेलर को भी अपनी सेवा में लगा रखा था. वो जेल में सुविधाएं पाने के लिए 12 करोड़ रुपये रिश्वत के तौर पर दे चुका था. इस पूरे खेल में रोहिणी जेल के 82 अफसर और कर्मचारी शामिल थे.
हैरान करने वाली तस्वीरें
देश का सबसे बड़ा ठग या सबसे बड़ा नटवरलाल सुकेश चंद्रशेखर जब रोहिणी जेल के वार्ड नंबर तीन और बैरक नंबर 204 में बंद था. तो उसकी कुछ तस्वीरें सामने आईं थीं, जो 7 अगस्त 2021 की बताई जा रही थीं. पता चला कि ठग-ए-आज़म को बाकायदा जेल के अंदर एक पूरा बैरक ही अलग से दे दिया गया था. जहां बकायदा पर्देदारी की गई थी. सीसीटीवी कैमरों को धोखा देने के लिए पर्दे डाले गए थे.
सीसीटीवी कैमरों पर डाल दिए थे पर्दे
जब महाठग रोहिणी जेल में बंद था, तो तिहाड़ जेल की तरफ से एक बयान आया था, जिसमें कहा गया था कि सुकेश पर नजर रखने के लिए उसके बैरक के इर्द-गिर्द 55 सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं. अब कैमरों को छुपाना और ढकना था. लिहाज़ा पर्दे, तौलिए, कपड़े यहां तक कि पानी के बोतल तक से कैमरों को ढक दिया गया था. ताकि पर्दे के पीछे से सुकेश अपना धंधा आसानी और आजादी से चलाता रहे.
जेल स्टाफ को दी थी मोटी रकम
जेल में इतनी मेहरबानी के बदले जेल स्टाफ का मोटी रकम मिल रही थी. क्योंकि जेल में मुफ्त कुछ नहीं मिलता. वहां सब माया का खेल होता है. एक साल के दौरान जेल में बैठकर ही सुकेश 200 करोड़ कमा सकता है तो क्या कुछ करोड़ जेल स्टाफ को नहीं दे सकता? उसने जेल में दिल खोलकर पैसे दिए. महीने का करीब एक करोड़. यानी एक साल में लगभग 12 करोड़. तिहाड़ जेल पर ये इल्जाम खुद पुलिस ने लगाया था. पुलिस की चार्जशीट में इस बात का खुलासा किया गया था.
दिल्ली पुलिस की ईओडब्लू ने किया था खुलासा
दरअसल, दिल्ली पुलिस की आर्थिक अपराध शाखा ने इस पूरे मामले की जांच की थी. उसी ने कोर्ट में चार्जशीट दाखिल की थी. जिसमें कहा गया था कि जेल के अंदर जेल का स्टाफ पूरी तरह बिके हुए थे. ऊपर से नीचे तक हरेक को सुकेश पैसे देता था.जेल में आईफोन का इस्तेमालचार्जशीट के मुताबिक सुकेश के पास जेल में पूरे साल भर तक मोबाइल था. आईफोन 12 प्रो और आईफोन 11. इन्ही मोबाइल नंबरों से वो जेल में बैठ कर ही बाहर के लोगों को चूना लगाता और उनसे पैसे ऐंठता था. साल भर में अकेले जेल में ही बंद एक बिजनेसमैन की पत्नी से उसने करीब 200 करोड़ रुपए वसूले थे. कई बार तो पैसे लेने के लिए उसने जेल के स्टाफ को उन्हीं की गाड़ी में भेजा था.
सुकेश ने एलजी को लिखा खत, किया बड़ा खुलासा
महाठग सुकेश ने हाल ही में दिल्ली के एलजी को अंग्रेजी में एक खत लिखकर सनसनी फैला दी. उसने खत में लिखा “सत्येंद्र जैन ने मुझे लगातार पैसे देने के लिए मजबूर किया. दबाव के चलते 2-3 महीनों के अंतराल में 10 करोड़ की राशि मुझसे वसूल की गई.” सुकेश ने दावा किया कि पूरा पैसा कोलकाता में सत्येंद्र जैन के करीबी चतुर्वेदी द्वारा लिया गया. इस तरह से मैंने सत्येंद्र जैन को 10 करोड़ रुपए का भुगतान किया. सुकेश ने खत में कहा कि सत्येंद्र जैन पिछले 7 महीने से तिहाड़ जेल में बंद हैं. उन्होंने मुझे डीजी जेल संदीप गोयल और जेल प्रशासन द्वारा धमकाया. मुझसे हाईकोर्ट में दायर शिकायत को वापस लेने के लिए कहा गया. मुझे परेशान किया गया और धमकी दी गई.
