भोपाल
भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मांग की है कि जो कर्मचारी अपने जीवन के अमूल्य समय सरकार की सेवा में 35 से 40 वर्ष लगा देते हैं जब उनकी पेंशन बन्द की जा सकती है तो फिर इन सांसदों, विधायकों की एवं वयरोक्रेट्स की पेंशन बन्द क्यो नहीं की गई । जबकि इसके पूर्व आप पार्टी पंजाब ने ऐसा चमत्कार किया ।और अब मध्यप्रदेश के कांग्रेस के वरिष्ठ विधायक लक्ष्मण सिंह ने भी नेताओं वयरोक्रेट्स की पेंशन बन्द करने की मांग की है।
इसी प्रकार निगम मण्डल अधिकारी कर्मचारी समन्वय महासंघ के महामंत्री हाउसिंग बोर्ड कर्मचारी संघ के अध्यक्ष बलवंत सिंह रघुवंशी ने भी मांग की है कि सांसदों विधायकों एवं वयरोक्रेट्स की पेंशन तत्काल बन्द कर दी जानी चाहिये साथ में श्री रघुवंशी ने कहा कि प्रथम, द्वितीय तृतीय एवं चतुर्थ श्रेणी के कर्मचारियों को जीवन निर्वाह हेतु एक फिक्स निर्धारित पेंशन मिलनी चाहिए ताकि वह भरण पोषण कर सकें।
श्री रघुवंशी ने भारत के राष्ट्र्रपति से भी प्रार्थना की है कि केवल अधिकारी-कर्मचारी जो 35 से 40 वर्ष सरकार की सेवा करते हैं सरकार के सभी योजनाओं को आमजनों तक पंहुचाकर देश सेवा ही करते है जब उनकी पेंशन बन्द भाजपा के संस्थापक पूर्व प्रधानमंत्री स्वर्गीय अटल विहारी वाजपेयी ने वर्ष 2005 से बन्द की है तो क्या अब भाजपा के वर्तमान प्रधानमंत्री श्री मोदी उक्त नेताओं की एवं वयरोक्रेट्स की पेंशन बन्द करने की घोषणा करेंगे ।
श्री रघुवंशी ने कहा कि यदि उक्त मांगे नहीं मानी गयी तो आने वाले लोकसभा एवं विधानसभा के चुनावों में विपरीत प्रभाव पड़ सकता है क्योंकि यही चारों वर्ग प्रथम, द्वितीय तृतीय एवं चतुर्थ श्रेणी के कर्मचारी मतदान भाजपा के पक्ष में करते आ रहे हैं जो अब यदि छोटे कर्मचारियों की बात नहीं मानी गई तो फिर मजबूरी में विरोध में भी जा सकते हैं।
