रेसलिंग फेडरेशन ऑफ इंडिया के निवर्तमान अध्यक्ष और भाजपा सांसद बृजभूषण शरण सिंह ने 6 मई को पुलिस पूछताछ के दौरान 6 महिला पहलवानों द्वारा उनके खिलाफ लगाए गए यौन उत्पीड़न के सभी आरोपों को खारिज कर दिया। बृजभूषण शरण सिंह ने उन आरोपों को झूठा और निराधार बताया जिसमें कहा गया है कि पहलवानों की सांस लेने की जांच करने के बहाने भाजपा सांसद ने उनके स्तन और पेट को छुआ।
बृजभूषण सिंह ने 28 फरवरी 2023 को जब सरकार की ओर से नियुक्त निगरानी समिति के सामने गवाही दी थी, तब भी सभी आरोपों से इंकार किया था। बृजभूषण शरण सिंह ने सांस लेने के पैटर्न की जांच करने के लिए योग अभ्यास तथा महिला और पुरुष पहलवानों के लिए अलग-अलग प्रशिक्षण शिविर लगाने के फैसले का बचाव करने के लिए धर्मग्रंथों का हवाला दिया।
द इंडियन एक्सप्रेस की खबर के मुताबिक, बृजभूषण सिंह के बयान की 24 पेज की नकल निरीक्षण समिति की रिपोर्ट का एक हिस्सा है, जिसका जिक्र दिल्ली पुलिस की चार्जशीट में है और इसे अनुलग्नक (Annexure) के रूप में पेश किया गया है।
जांच समिति की सुनवाई के दौरान एक पहलवान ने आरोप लगाया कि बृजभूषण सिंह ने उसके स्तनों और पेट को 3-4 बार छुआ और उसके सांस लेने के तरीके की लगातार आलोचना की। हालांकि, बृजभूषण सिंह ने आरोप से इंकार किया और कहा कि सांस लेने का सही तरीका बताते हुए उन्होंने अपना पेट छूकर दिखाया था।
बृजभूषण सिंह ने एमसी मैरी कॉम की अगुआई वाली समिति को बताया कि वह यह याद करने में असमर्थ हैं कि घटना कहां हुई थी, लेकिन एक टूर्नामेंट के दौरान उन्होंने एक अन्य महिला पहलवान और एक कोच ने सोचा कि शिकायतकर्ता मुकाबले के दौरान गलत निर्णय क्यों ले रही है। बृजभूषण सिंह ने जांच समिति को बताया, तो हमने बात की कि उसका सांस लेने का तरीका उल्टा है।
मैं 20 साल तक ठीक से सो नहीं सका, योग से ठीक हुआ: : बृजभूषण
बृजभूषण शरण सिंह ने कहा, मैडम, मैं इसका शिकार हो चुका हूं। एक घटना घटी थी, मेरे बेटे ने आत्महत्या कर ली थी। मैं लगभग 20 साल तक ठीक से सो नहीं पाया था। इसके बाद मैंने योग की शरण मिली। मुझे बताया गया कि चूंकि मेरी सांस लेने का पैटर्न उल्टा है, इसलिए मैं सो नहीं पा रहा हूं।
बृजभूषण सिंह ने बताया, पहलवान और कोच ने उनसे उल्टे सांस लेने के पैटर्न का मतलब पूछा। तब मैंने अपना हाथ अपने पेट पर रखा और उन्हें दिखाया कि जब हम सांस लेते हैं, तो पेट फूलना चाहिए और जब हम सांस छोड़ते हैं तो पेट सिकुड़ना चाहिए। उस क्षण सभी ने अपनी श्वास की जांच की। जब शिकायतकर्ता (नाम छिपाया गया है) आई तो मैंने उससे कहा, बेटा, तुम्हें भी योग करना चाहिए।
बृजभूषण शरण सिंह ने कहा, मैंने एक फिजियोथेरेपिस्ट से पूछा कि क्या वह दिन में 2-3 बार शिकायतकर्ता के हाथों की मालिश करती है। उसने कहा नहीं, इसलिए मैंने शिकायतकर्ता से पूछा कि क्या वह सोते समय अपनी सांस की जांच करती है। हालांकि, वह हंस दी। इसके बाद मैं बाहर आया और कहा कि उसके लिए पदक जीतना कठिन है, क्योंकि वह गंभीर नहीं है।
