मुंबई
बांग्लादेश की टीम साउथ अफ्रीका के खिलाफ वर्ल्ड कप के मुकाबले में जूझ रही थी। 58 रन पर टीम के आधे बल्लेबाज पवेलियन लौट गए। इसके बाद भी निचले क्रम के बल्लेबाजों के साथ मिलकर महमुदुल्लाह ने शतक ठोक दिया। वह टीम के लिए छठे नंबर पर बल्लेबाजी करने उतरे थे। उस समय 4 बल्लेबाज 42 रन पर आउट हो चुके थे। साउथ अफ्रीका के गेंदबाज लय में थे लेकिन महमुदुल्लाह ने सभी का डटकर सामना किया।
104 गेंद पर महमुदुल्लाह का शतक
महमुदुल्लाह ने 104 गेंदों पर वनडे क्रिकेट में अपना चौथा शतक पूरा किया। उन्होंने अपना आखिरी शतक 2017 में बनाया था। उनके सभी चार शतक आईसीसी टूर्नामेंट में ही बने हैं। 2015 वर्ल्ड कप में उन्होंने दो शतक लगाए थे। इस मुकाबले में निचले क्रम के बल्लेबाजों के साथ मिलकर शतक पूरा किया। 9वें विकेट के लिए उन्होंने मुस्तफिजुर रहमान के साथ 68 रन जोड़े। इसमें रहमान का योगदान सिर्फ 11 रनों का था।
111 रनों की खेली पारी
महमुदुल्लाह ने इस मुकाबले में 111 रनों की पारी खेली। उनकी पारी में 11 चौके और 4 छक्के शामिल थे। इस दौरान उन्होंने 111 गेंदों का ही सामना किया। वह 9वें बल्लेबाज के रूप में आउट हुए तो टीम का स्कोर 227 रन था। भले ही बांग्लादेश की टीम लक्ष्य तक नहीं पहुंच पाई लेकिन अफनी बैटिंग से उन्होंने फैंस का दिल जीत लिया। वह बांग्लादेश के लिए वर्ल्ड कप में भी सबसे ज्यादा शतक लगाने वाले बल्लेबाज बन गए हैं।
साउथ अफ्रीकी बॉलिंग की पोल खोली
महमुदुल्लाह के इस शतक ने साउथ अफ्रीका की गेंदबाजी की कमी को भी उजागर कर दिया है। टीम के तेज गेंदबाज शुरुआत में तो दबाव बनाते हैं लेकिन उनके पास कोई ऐसा गेंदबाज नहीं है जो बीच के ओवर में बल्लेबाज पर दबाव बना सके। नीदरलैंड के खिलाफ मुकाबले में भी यही हुआ था। गेंद पुरानी होने के बाद तेज गेंदबाज भी काफी बेअसर हो जाते हैं।
