भेल।
यह बड़ी बात है कि 1986 में मैनिट इलेक्ट्रॉनिक्स की पूर्व छात्रा सुश्री शोभना बंदोपाध्याय ने पश्चिम मध्य रेलवे के महाप्रबंधक के रूप में कार्यभार संभाला। वह 1987 बैच की भारतीय रेलवे सिग्नल इंजीनियर्स सेवा अधिकारी और पश्चिम मध्य रेलवे की पहली महिला महाप्रबंधक हैं। वह पहले कार्यकारी निदेशक (सतर्कता) के पद रही। भारतीय रेलवे में काम करने का लंबा अनुभव रखने वाली सुश्री शोभना बंदोपाध्याय ने मध्य रेलवे, दक्षिण पूर्व रेलवे और उत्तर रेलवे और उत्तर रेलवे मुख्यालय में अपनी सेवाएँ प्रदान कीं। उन्होंने सिग्नल एवं टेलीकॉम विभाग के विभिन्न पदों पर भी काम किया। मंडल रेल प्रबंधक, नागपुर के रूप में काम करते हुए उन्हें राष्ट्र्रीय स्तर के नेतृत्व और प्रदर्शन उत्कृष्टता पुरस्कार से सम्मानित किया गया था। वह उन प्रतिष्ठित महिला इंजीनियरों में से एक हैं जिनके पास रेलवे परिचालन प्रबंधन, योजना, डिजाइन और नियंत्रण, रखरखाव, निर्माण और विभिन्न परियोजना प्रबंधन में काम करने का कठोर अनुभव है। खास बात यह है कि सुश्री शोभना बंदोपाध्याय ने 1984 सिविल के एक अन्य मैनिट पूर्व छात्र सुधीर गुप्ता से कार्यभार संभाला।
