नई दिल्ली :
अमेरिका में खालिस्तानी गुरपतंवत सिंह पन्नू को मारने की साजिश रची जा रही है। अगर यह सच है तो इस मामले के पीछे आखिर कौन है। इस पूरे आरोप की जांच के लिए एक उच्च स्तरीय जांच समिति का गठन किया है। ‘फाइनेंशियल टाइम्स’ में अज्ञात सूत्रों का हवाला देते हुए पिछले हफ्ते आई खबर में कहा गया था कि अमेरिकी अधिकारियों ने गुरपतवंत सिंह पन्नू की हत्या की साजिश को विफल कर दिया। इस संबंध में हत्या की इस साजिश में शामिल होने की चिंताओं को लेकर भारत सरकार को एक चेतावनी जारी की।
18 तारीख को फैसला
विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता अरिंदम बागची ने कहा कि भारत ने मामले के सभी प्रासंगिक पहलुओं पर गौर करने के लिए 18 नवंबर को एक उच्च स्तरीय जांच समिति का गठन किया है। बागची ने कहा, ”हम पहले ही कह चुके हैं कि द्विपक्षीय सुरक्षा सहयोग पर अमेरिका के साथ चर्चा के दौरान, अमेरिकी पक्ष ने संगठित अपराधियों, बंदूक चलाने वालों, आतंकवादियों और अन्य लोगों के बीच सांठगांठ से संबंधित कुछ जानकारी साझा की थी।’ वह इस मामले पर मीडिया के एक सवाल का जवाब दे रहे थे।
जांच के आधार पर होगी कार्रवाई
उन्होंने कहा कि हमने यह भी संकेत दिया था कि भारत ऐसी सूचनाओं को गंभीरता से लेता है क्योंकि वे हमारे राष्ट्रीय सुरक्षा हितों पर भी प्रभाव डालती हैं और संबंधित विभाग पहले से ही इस मुद्दे की जांच कर रहे हैं।’ विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता ने कहा कि इस संदर्भ में यह सूचित किया जाता है कि 18 नवंबर को भारत सरकार ने मामले के सभी प्रासंगिक पहलुओं पर गौर करने के लिए एक उच्च स्तरीय जांच समिति का गठन किया है। बागची ने कहा कि भारत समिति के निष्कर्षों के आधार पर आवश्यक कार्रवाई करेगा।
