जेट एयरवेज के फाउंडर नरेश गोयल आजकल मुंबई की आर्थर रोड जेल में बंद हैं। एक स्पेशल कोर्ट ने शनिवार को उन्हें अपनी बीमार पत्नी से मिलने की अनुमति दी थी। उनके जेल से बाहर निकलने की एक तस्वीर मीडिया में आई है। कभी आसमान से बातें करने वाले नरेश गोयल इस तस्वीर में टूटे हुए और असहाय लग रहे हैं। गोयल केनरा मनी लॉन्ड्रिंग के केस में फंसे हुए हैं। जेट एयरवेज कभी देश की सबसे बड़ी एयरलाइन हुआ करती थी लेकिन फिलहाल यह बंद पड़ी है। कभी आसमान में उड़ने वाले नरेश गोयल की ऐसी हालत क्यों हुई? आइए जानते हैं उनके अर्श से फर्श पर पहुंचने की पूरी कहानी।
कैसे हुई शुरुआत
नरेश गोयल 1967 में जब पटियाला से दिल्ली आए थे तो उनकी उम्र मात्र 18 साल थी। उनकी जेब एकदम खाली थी और परिवार गंभीर आर्थिक तंगी से गुजर रहा था। दो वक्त की रोटी के लिए भी संघर्ष करना पड़ता था। गोयल अपने परिवार की इस बदहाली से निकालना चाहते थे। उन्होंने कनॉट प्लेस की एक ट्रैवल एजेंसी में नौकरी की जो उनके चचेरे नाना चला रहे थे। गोयल को यहां 300 रुपये महीने सैलरी मिलती थी। वहीं उन्होंने ट्रैवल एजेंसी का ककहरा सीखा। धीरे-धीरे वह ट्रैवल इंडस्ट्री में अपने पांव पसारने लगे।
खुद का बिजनस
चार साल बाद ही साल 1973 में नरेश गोयल ने खुद की ट्रैवल एजेंसी खोल ली। इसे नाम दिया जेट एयर। तब लोग उनका मजाक उड़ाया करते थे कि उन्होंने अपनी ट्रैवल एजेंसी का नाम एयरलाइन कंपनी जैसा रखा है। तब गोयल कहा करते थे कि एक दिन वह खुद की एयरलाइन कंपनी भी जरूर खोलेंगे। कई साल की मेहनत के बाद आखिर वह दिन भी आ गया जब उन्होंने अपनी एयरलाइन कंपनी खोली।
अर्श से फर्श पर
नरेश गोयल ने साल 1991 में एयर टैक्सी के रूप में जेट एयरवेज की शुरुआत की। एक साल में ही उन्होंने चार विमानों का बेड़ा तैयार कर लिया और जेट एयरक्राफ्ट की पहली उड़ान शुरू हो गई। साल 2007 में एयर सहारा को टेकओवर करने के बाद 2010 तक जेट एयरवेज देश की सबसे बड़ी एयरलाइन थी। लेकिन जल्दी ही कंपनी की मुसीबतें बढ़ने लगीं। मार्च 2019 में उन्हें अपने पद से हटना पड़ा और उसी साल जेट एयरवेज का संचालन भी बंद हो गया।
ईडी का कसा शिकंजा
गोयल पर मनी लॉन्ड्रिंग का आरोप है। गोयल समेत कई अन्य के खिलाफ धोखाधड़ी का मामला भी दर्ज हुआ। दिल्ली से लेकर मुंबई तक उनके आठ ठिकानों पर छापेमारी हुई और उनकी मुश्किलें बढ़ती चली गईं। जांच एजेंसी ने अब केनरा बैंक की शिकायत पर नया मामला दर्ज किया। इसी मामले में नरेश गोयल की गिरफ्तारी हुई है।
पेशी में रो पड़े थे गोयल
हाल में स्पेशल कोर्ट के समक्ष पेशी के दौरान गोयल भावुक हो गए थे। उन्होंने कहा कि आंखों में आंसू लिए बोले कि मैं जिंदगी की हर उम्मीद छोड़ चुका हूं। ऐसी स्थिति में जीने से अच्छा होता कि जेल में ही मुझे मौत आ जाए। प्रवर्तन निदेशालय ने गोयल को पिछले साल एक सितंबर को गिरफ्तार किया था और उन्हें न्यायिक हिरासत में आर्थर रोड जेल में रखा गया है।
