वाशिंगटन:
इजरायल और हमास के बीच गाजा में पिछले छह महीने से ज्यादा समय से जारी लड़ाई है। पिछले काफी समय से दोनों पक्षों के बीच युद्धविराम कराने की कई अंतरराष्ट्रीय कोशिश नाकाम होने के बाद अमेरिका का गुस्सा बढ़ता जा रहा है। इस बीच अमेरिका ने कतर में मौजूद हमास के नेताओं को बाहर निकालने के लिए दबाव बनाना शुरू कर दिया है। अमेरिकी विदेश मंत्री एंटनी ब्लिंकेन ने पिछले महीने कतर से कहा था कि अगर हमास युद्धविराम पर सहमत नहीं होता है तो उसके नेताओं को दोहा से बाहर निकाल देना चाहिए। अमेरिकी अखबार वाशिंगटन पोस्ट ने अपनी रिपोर्ट में ये दावा किया है। हमास ने दोहा में अपना राजनीतिक कार्यालय खोला हुआ है, जहां उसके राजनेता रह रहे हैं।
वाशिंगटन पोस्ट की रिपोर्ट के अनुसार, कतर ने कथित तौर पर जवाब दिया कि उन्होंने हमास नेतृत्व को ऐसे परिदृश्य के लिए तैयार रहने को कहा है जिसमें उन्हें देश छोड़ने के लिए मजबूर होना पड़ेगा। रिपोर्ट में तीन वरिष्ठ अधिकारियों के हवाले से दावा किया गया है कि कतर हमास के निष्कासन की तैयारी कर रहा था, क्योंकि वह युद्धविराम के प्रस्ताव को बार-बार इनकार किए जाने से निराश था। वर्तमान प्रस्ताव पर हमास की प्रतिक्रिया से यह निराशा और बढ़ी है।
बाइडन को राजनीतिक लाभ को उम्मीद
इजरायल पर नीति को लेकर जो बाइडन को अमेरिका में आलोचना का सामना करना पड़ रहा है। ऐसे में कथित तौर पर बाइडन प्रशासन को उम्मीद है कि हमास नेतृत्व को कतर से निकालने की धमकी का उन्हें राजनीतिक रूप से लाभ होगा। हालांकि, वाशिंगटन पोस्ट ने एक्सपर्ट के हवाले से बताया है कि यह केवल पहले से मुश्किल बातचीत को और जटिल बनाएगा।
दोहा में दबाव बनाना बेकार- एक्सपर्ट
बातचीत के बारे में जानकारी देने वाले एक अधिकारी ने पोस्ट को बताया, दोहा में हमास पर दबाव बनाना अप्रभावी है। समस्या यह है कि बंधकों पर फैसला लेने वाले गाजा में हैं और उन्हें इसकी परवाह नहीं है कि राजनीतिक कार्यालय कहां पर स्थित है। कतर में अमेरिका के पूर्व राजदूत पैट्रिक थेरोस ने कहा कि हमास को कतर से हटाना वाइट हाउस के लिए बुरे सपने की तरह होगा। इससे भविष्य में कोई भी बातचीत बंद हो जाएगी। उन्होंने कहा, हम अपनी नाक काट कर अपना चेहरा खराब कर लेंगे।
