नई दिल्ली
नई दिल्ली विधानसभा निर्वाचन सीट पर फिर से चुनाव कराने की मांग वाली अर्जी पर सुनवाई करते हुए दिल्ली हाई कोर्ट ने बुधवार को मंत्री प्रवेश वर्मा, आम आदमी पार्टी (AAP) के संयोजक अरविंद केजरीवाल और अन्य को नोटिस जारी किया। इस मामले की अगली सुनवाई 27 मई को होगी। याचिकाकर्ता विश्वनाथ अग्रवाल ने निर्वाचित उम्मीदवार के चुनाव को अमान्य घोषित करने और नई दिल्ली निर्वाचन क्षेत्र पर नए सिरे से चुनाव कराने का निर्देश देने की मांग की है।
मतदान के दौरान पक्षपात करने का आरोप
याचिकाकर्ता का आरोप है कि मतदान के दौरान निर्वाचन अधिकारी ने अनुचित, अन्यायपूर्ण, पक्षपातपूर्ण और अवैध कार्यवाही होने दी। इस वजह से चुनाव लोकतांत्रिक संस्था के मूल ढांचे का पालन नहीं हो पाया। याचिकाकर्ता को एनसीपी पार्टी की ओर से उम्मीदवार के रूप में नामित किया गया था। याचिकाकर्ता ने नई दिल्ली निर्वाचन क्षेत्र से उम्मदीवार अरविंद केजरीवाल, संदीप दीक्षित और अन्य उम्मीदवारों को भी पार्टी बनाया है।
कोर्ट ने 23 उम्मीदवारों को नोटिस जारी किया
अर्जी पर सुनवाई करते हुए जस्टिस जसमीत सिंह ने चुनाव आयोग, आप नेता केजरीवाल, भाजपा नेता परवेश वर्मा, कांग्रेस नेता संदीप दीक्षित सहित 23 उम्मीदवारों को नोटिस जारी करते हुए उनसे जवाब दाखिल करने को कहा है। याचिकाकर्ता ने नई दिल्ली सीट के चुनाव नतीजे को रद्द करने का निर्देश देने की मांग की है। इस सीट पर नए सिरे से चुनाव कराने की मांग की गई है।
भाजपा ने 48 सीटों पर जीत दर्ज की
बता दें कि इस सीट पर भाजपा उम्मीदवार परवेश वर्मा विजयी हुए। इस सीट पर उन्होंने दिल्ली के पूर्व सीएम अरविंद केजरीवाल को हराया। वर्मा को इस सीट पर 30,088 वोट मिले और उन्होंने 4089 वोटों के अंतर से केजरीवाल को हराया। कांग्रेस उम्मीदवार संदीप दीक्षित भी इस सीट से उम्मीदवार थे। दिल्ली चुनाव के लिए मतदान पांच फरवरी को हुआ और चुनाव नतीजे आठ फरवरी को आए। इस चुनाव में भाजपा ने 27 साल के बाद सत्ता में वापसी की। भाजपा को 48 और AAP को 22 सीटों पर जीत मिली। कांग्रेस लगातार तीसरी बार एक भी सीट जीत नहीं पाई।
