T20 World Cup 2026: पाकिस्तानी क्रिकेट के ‘पोस्टर बॉय’ कहे जाने वाले बाबर आज़म (Babar Azam) के लिए समय कुछ ठीक नहीं चल रहा है। एक तरफ दुनिया भर की टीमें टी20 वर्ल्ड कप 2026 की तैयारियों में जुटी हैं, वहीं दूसरी तरफ बाबर आज़म का बल्ला पूरी तरह खामोश है। ऑस्ट्रेलिया की धरती पर खेली जा रही बिग बैश लीग (BBL) में बाबर का ‘फ्लॉप शो’ रुकने का नाम नहीं ले रहा है। जिस खिलाड़ी से रनों की उम्मीद थी, वह मैदान पर एक-एक रन के लिए तरस रहा है। हालात इतने बिगड़ चुके हैं कि अब उनकी वर्ल्ड कप टीम में जगह को लेकर भी बड़े सवाल खड़े होने लगे हैं।
आंकड़े दे रहे हैं गवाही, बाबर की फॉर्म का हुआ बंटाधार
बाबर आज़म के लिए मौजूदा बिग बैश लीग किसी डरावने सपने जैसी साबित हो रही है। इस टूर्नामेंट में उन्होंने अब तक कुल 11 मैच खेले हैं, जिनमें उनके बल्ले से केवल 202 रन निकले हैं। उनका औसत महज 22 का रहा है, जो उनके कद के खिलाड़ी को बिल्कुल शोभा नहीं देता। सबसे चौंकाने वाली बात यह है कि इन 11 पारियों में से 7 बार बाबर आज़म दहाई का आंकड़ा (10 रन) भी पार नहीं कर पाए। मैदान पर उनकी बेबसी साफ दिख रही है, जिससे उनके फैंस काफी निराश हैं।
दूसरी ही गेंद पर पवेलियन लौटे बाबर, टीम को मझधार में छोड़ा
पर्थ स्कॉर्चर्स के खिलाफ खेले गए पहले क्वालिफायर मैच में उम्मीद थी कि बाबर आज़म अपनी फॉर्म वापस पाएंगे, लेकिन यहाँ भी उन्होंने अपने पैरों पर कुल्हाड़ी मार ली। बाबर अपना खाता तक नहीं खोल सके और महज दूसरी गेंद पर जीरो पर आउट होकर चलते बने। इस अहम मैच में उनके ‘अंडे’ पर आउट होने से न केवल उनकी टीम मुश्किल में फंसी, बल्कि उनके आलोचकों को एक बार फिर बोलने का मौका मिल गया। यह मैच साबित करता है कि बाबर इस समय भारी मानसिक दबाव में हैं।
टी20 के दौर में टेस्ट वाली बैटिंग, सेलेक्टर्स हुए खफा
आज के टी20 क्रिकेट में जहाँ 150-160 का स्ट्राइक रेट सामान्य माना जाता है, वहां बाबर आज़म 103 के स्ट्राइक रेट से रन बना रहे हैं। पूरे टूर्नामेंट में वह केवल दो अर्धशतक लगा पाए हैं, और उन मैचों में भी उनकी धीमी बल्लेबाजी की वजह से टीम को नुकसान उठाना पड़ा। पाकिस्तान के लिए साल 2025 में भी उनका स्ट्राइक रेट केवल 114 का रहा था। अगर बाबर अपनी रफ़्तार नहीं बढ़ाते, तो आधुनिक टी20 क्रिकेट में उनकी जगह बनना नामुमकिन नजर आता है।
पाकिस्तान टीम में होने जा रहा है बड़ा फेरबदल
पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड (PCB) पिछले एक साल से कड़े फैसले ले रहा है। मोहम्मद रिजवान को पहले ही टी20 टीम से बाहर का रास्ता दिखाया जा चुका है, और अब तलवार बाबर आज़म पर लटक रही है। हालांकि, उन्हें वर्ल्ड कप के लिए प्रोविजनल (संभावित) स्क्वाड में रखा गया है, लेकिन ऐसी खराब फॉर्म और सुस्त स्ट्राइक रेट के साथ सेलेक्टर्स उन्हें अंतिम 15 में जगह देंगे या नहीं, इस पर सस्पेंस बना हुआ है। सेलेक्टर्स अब युवाओं को मौका देने के मूड में नजर आ रहे हैं।
चैंपियंस ट्रॉफी से पहले बाबर की साख पर लगा बट्टा
बाबर आज़म जिस तरह की ‘सेल्फ-डिस्ट्रक्टिव’ (खुद को नुकसान पहुंचाने वाली) बल्लेबाजी कर रहे हैं, उससे उनका करियर ढलान पर नजर आ रहा है। ऑस्ट्रेलिया जैसी बाउंस वाली पिचों पर उनकी तकनीक की पोल खुल गई है। अगर वह जल्द ही अपनी फॉर्म और एप्रोच में बदलाव नहीं करते, तो टी20 वर्ल्ड कप 2026 में पाकिस्तानी जर्सी में उनका दिखना मुश्किल है। फैंस दुआ कर रहे हैं कि उनका ‘किंग’ वापस लौटे, लेकिन फिलहाल तो बाबर खुद ही अपने लिए गड्ढा खोद रहे हैं।
