-बीएचईएल में सतर्कता-जागरूकता सप्ताह का आयोजन, छात्रों को दिलाई शपथ
भोपाल
सतर्कता जागरूकता सप्ताह 2023 के अंतर्गत बीएचईएल भोपाल के सतर्कता विभाग के द्वारा विभिन्न कार्यक्रम आयोजित किए गए जिसके अंतर्गत विभागों में विक्रम स्कूल, जवाहर स्कूल, शासकीय उ.मा. विद्यालय पडरिया काछी और कस्तूरबा कॉलेज में विद्यार्थियों को सत्यनिष्ठा की शपथ दिलवाई गई। इस अवसर पर विभाग प्रमुख पंकज पराड़कर ने इस वर्ष की सतर्कता थीम भ्रष्टाचार का विरोध करें ।
इस मौके पर उन्होंने कहा कि भ्रष्टाचार का विरोध ही राष्ट्र्र के प्रति समर्पण का सच्चा प्रतीक है और यदि अभी से इनमें भ्रष्टाचार के विरुद्ध जागरूकता का भाव रहेगा तो देश अवश्य ही भ्रष्टाचार से मुक्त होगा। इसी तारतम्य में एक ग्राम सभा, कार्यपालकों के लिए एक वर्कशॉप सायबर क्राईम पर एक सत्र और कर्मचारियों के लिए सतर्कता थीम पर क्वि ज का भी आयोजन किया। विक्रम स्कूल पिपलानी में सतर्कता थीम पर चित्रकला प्रतियोगिता में 77 प्रतिभागियों ने भाग लिया। सभी प्रतिभागियों नें बहुत ही सुंदर और संदेशात्मक चित्र बनाए। इस प्रतियोगिता मे कक्षा 10 की कुमारी मुस्कान नागेश्वरी ने प्रथम स्थान प्राप्त किया।
इसी तरह जवाहर विद्यालय में आयोजित निबंध प्रतियोगिता में कक्षा 11 के अभिषेक सिंह तथा कक्षा 10 के जतिन मीना नें क्रमश: हिन्दी तथा अंग्रेजी श्रेणी में प्रथम पुरस्कार प्राप्त किया। कस्तूरबा कॉलेज में आयोजित भाषण प्रतियोगिता में निमिषा कुमारी नें ओजस्वी भाषण से प्रथम पुरस्कार प्राप्त किया। बीएचईएल के सभी कर्मचारियों, सोसायटी वर्कर्स आदि के लिए स्लोगन प्रतियोगिता भी आयोजित की गई जिसमें हिन्दी में मनीष चुरेन्द्र तथा अंग्रेजी में श्रीमती कल्पना कुणाल कोडापे ने प्रथम पुरस्कार प्राप्त किया।
पुरूस्कार वितरण में पहुंचे पूर्व पुलिस महानिदेशक टंडन
पुरूस्कार वितरण समरोह में राजीव कुमार टंडन पूर्व पुलिस महानिदेशक, एसपीई लोकायुक्त तथा सदस्य, मप्र मानवाधिकार आयोग, विशिष्ट अतिथि के रूप में पहुंचे उन्होंने अपनें उद्बोधन में कहा कि सतर्कता का भाव विद्यार्थी काल से ही निरूपित करना चाहिए ताकि बड़े होकर जब वे विभिन्न पदों पर जाएं तो पारदर्शिता, सत्यनिष्ठा की राह और दृढ़ हो सके। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि बीएचईएल के कार्यपालक निदेशक राजीव सिंह ने कहा कि किसी भी दिए गए कार्य में स्वामित्व का भाव आना चाहिए तथा कर्मचारी को हर कार्य पारदर्शिता व ईमानदारी से करना चाहिए। पूरे सतर्कता सप्ताह के दौरान वयस्कों एवं बच्चों को मिलाकर लगभग 7700 से अधिक को सत्यनिष्ठा कि शपथ दिलवाई गई।
