भोपाल। शाहपुरा थाना क्षेत्र के अंतर्गत एक 76 वर्षीय सेवानिवृत्त बुजुर्ग को 20 प्रतिशत लाभांश का लालच देकर 30 लाख रुपये की ठगी करने का मामला प्रकाश में आया है। आरोपी ने पीड़ित का विश्वास जीतने के लिए महीनों तक फर्जी लाभांश (डिविडेंड) उनके खाते में भेजा, ताकि किसी भी प्रकार का संदेह न हो। पुलिस के अनुसार, त्रिलंगा स्थित फॉर्च्यून प्राइड कॉलोनी निवासी विलास हस्तक की मुलाकात अमित गिरीश नरखेड़े नामक व्यक्ति से हुई थी।
आरोपी ने खुद को एक ऑनलाइन निवेश कंपनी से जुड़ा बताकर दावा किया कि उसकी स्कीम में निवेश करने पर भारी मुनाफा मिलेगा। उसने बुजुर्ग को यह भरोसा भी दिलाया कि यदि उन्हें अपनी रकम वापस चाहिए, तो मात्र एक महीने पहले सूचना देने पर पूरी राशि लौटा दी जाएगी। आरोपी के झांसे में आकर पीड़ित ने पंजाब नेशनल बैंक की 5-5 लाख रुपये की दो एफडी (FD) तुड़वाई और 10 लाख रुपये आरोपी को सौंप दिए। शुरुआती दौर में आरोपी हर महीने करीब 20 हजार रुपये लाभांश के रूप में भेजता रहा, जिससे बुजुर्ग का भरोसा बढ़ता गया।
अधिक मुनाफे का लालच देकर आरोपी ने 10.5 लाख रुपये और ऐंठ लिए। इस रकम पर भी उसने अगले आठ महीनों तक प्रति माह लगभग 40 हजार रुपये भेजे। आरोपी ने अक्टूबर 2024 तक लगातार भुगतान जारी रखा, जिसके कारण विलास हस्तक को किसी तरह का संदेह नहीं हुआ। हालांकि, बाद में जब पीड़ित ने अपनी मूल राशि और मुनाफे की मांग की, तो आरोपी मुकर गया। पुलिस ने करीब दो महीने की जांच के बाद पाया कि आरोपी ने बुजुर्ग की राशि को अपने निजी खातों में ट्रांसफर कर शेयर बाजार में लगा दिया था। फिलहाल पुलिस ने आरोपी के खिलाफ जालसाजी का मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
