नई दिल्ली:
जम्मू-कश्मीर और हिमाचल प्रदेश में भारी बर्फबारी हो रही है। बर्फबारी से मुख्य रास्ते प्रभावित हैं। वहीं मध्य प्रदेश में तेज बारिश और ओलों की बौछारों से जनजीवन अस्त व्यस्त है। महाराष्ट्र, कर्नाटक और राजस्थान में भी बारिश का यलो अलर्ट जारी है। पंजाब और हरियाणा में भी बारिश दस्तक दे चुकी है। वहीं, बंगाल की खाड़ी में बन रहे चक्रवात के कारण तमिलनाडु में भी बारिश का अलर्ट है। लेकिन ताज्जुब की बात यह है कि पहाड़ों पर बर्फबारी और देश के कुछ हिस्सों में बारिश होने के बावजूद दिल्ली-एनसीआर का तापमान सामान्य बना हुआ है। दिसंबर का महीना शुरू हो गया है लेकिन अबतक कड़ाके की ठंड का अहसास नहीं हुआ है। मौसम विभाग के अनुसार, दिसंबर के पहले हफ्ते में दिल्ली के लोगों को कंपकंपी वाली ठंड नहीं सताएगी। ऐसा इसलिए होगा कि दिसंबर के पहले हफ्ते में बादलों की आंखमिचौली जारी रहेगी। बादल छा जाने के बाद रात के समय धरती ठंडी नहीं हो पाती। बादलों की वजह से गर्मी ऊपर नहीं जा पाती और वह धरती की सतह के आसपास ट्रैप होकर रह जाती है।
कश्मीर और हिमाचल में बर्फबारी जारी
जम्मू-कश्मीर के सोनमर्ग पर्यटन स्थल पर शुक्रवार को दूसरे दिन भी हल्की बर्फबारी हुई, जबकि मौसम विभाग ने पूरे केंद्र शासित प्रदेश में मौसम में सुधार का अनुमान जताया है। अधिकारियों ने बताया कि कश्मीर के ऊंचाई वाले इलाकों में बर्फबारी और मैदानी इलाकों में बारिश के बाद घाटी में तीन सप्ताह का शुष्क दौर बृहस्पतिवार को समाप्त हो गया। उन्होंने बताया कि बृहस्पतिवार को उत्तरी कश्मीर के गुलमर्ग, मध्य कश्मीर के सोनमर्ग और मध्य और ऊंचाई वाले अन्य इलाकों में बर्फबारी हुई। उधर हिमाचल प्रदेश में ऊंचाई वाले इलाकों में शुक्रवार को भी बर्फबारी हुई। मनाली से 30 किमी आगे अटल टनल के दोनों छोरों पर बर्फबारी देखने को मिली। अटल टनल के पास बर्फबारी के चलते पुलिस ने ट्रैफिक को सोलंगनाला के पास ही रोक दिया था।
देश के इन हिस्सों से अभी दूर है कड़ाके की ठंड
मौसम विभाग ने दिसंबर 2023 से फरवरी 2024 तक के मौसम का पूर्वानुमान शुक्रवार को जारी किया। इसमें बताया गया कि मध्य और उत्तर पश्चिमी भारत के कुछ हिस्सों को छोड़कर देश के अन्य हिस्सों में अधिकतम तापमान सामान्य से अधिक रहेंगे। उत्तर भारत, उत्तर पश्चिमी भारत, मध्य भारत, पूर्वी भारत और उत्तर पूर्वी भारत में शीत लहर भी सामान्य से कम रह सकती है। मौसम विभाग के अनुसार, साउथ पेनिनसुलर भारत में बारिश सामान्य होने की संभावना है। देश भर में दिसंबर 2023 के दौरान बारिश सामान्य से अधिक हो सकती है। नॉर्थ-वेस्ट इंडिया के ज्यादातर हिस्सों के अलावा इससे लगते मध्य भारत और पूर्वी भारत के हिस्सों में भी दिसंबर में सामान्य से अधिक बारिश की उम्मीद है। वहीं नार्थईस्ट इंडिया, नॉर्थ पेनिनसुलर इंडिया और इससे लगते मध्य भारत में सामान्य से कम बारिश होगी। दिसंबर में देश के ज्यादातर हिस्सों में न्यूनतम तापमान सामान्य से अधिक रहेगा। वहीं, मध्य भारत और उत्तर भारत के कुछ हिस्सों को छोड़कर देश के ज्यादातर हिस्सों में अधिकतम तापमान भी सामान्य से अधिक रहेगा।
क्यों इतना अटपटा है मौसम?
मौसम विभाग का अनुमान है कि जिस तरह नवंबर बहुत कम सर्दियों में बीत गया, दिसंबर भी कुछ ऐसा ही रहेगा। एक्सपर्ट का कहना है कि उत्तरी हिमालयी क्षेत्र से एक पश्चिमी विक्षोभ गुजर रहा है। वहीं बंगाल की खाड़ी में एक डिप्रेशन क्षेत्र बना है, जो अगले दो-तीन दिन में समुद्री तूफान में बदल सकता है। इन दोनों की तरफ से नमी के साथ आ रही हवाएं मध्य भारत में टकरा रही हैं। इससे अगले दो-तीन दिन मध्य प्रदेश और महाराष्ट्र में गरज चमक के साथ बारिश की संभावना है। ऐसे में दिसंबर के शुरुआती तीन-चार दिन बारिश में बीतने के आसार हैं। इसके बाद दो हफ्ते दक्षिण भारत को छोड़कर बाकी देश में मौसम साफ रहेगा। इस कारण उत्तर, पश्चिम से लेकर पूर्व व मध्य भारत तक के राज्यों में दिन का तापमान 18 से 27 डिग्री सेल्सियस के बीच रहेगा। यह सामान्य से एक से दो डिग्री ज्यादा है।
