9.3 C
London
Saturday, May 9, 2026
Homeराजनीतिधर्म का हथियार की तरह इस्‍तेमाल अब लीसेस्‍टर में भी... लगातार डर...

धर्म का हथियार की तरह इस्‍तेमाल अब लीसेस्‍टर में भी… लगातार डर के साये में क्‍यों जी रहे हैं सिब्‍बल?

Published on

नई दिल्‍ली

कांग्रेस के पूर्व नेता एवं वरिष्ठ अधिवक्ता कपिल सिब्बल ने शुक्रवार को केंद्र पर परोक्ष हमला करते हुए आरोप लगाया कि लोग जांच एजेंसियों, सत्ता और पुलिस के डर के साये में जी रहे हैं। ‘धर्म का एक हथियार के रूप में इस्तेमाल’ के बारे में बात करते हुए, राज्यसभा सदस्य सिब्बल ने कहा कि भले ही यह पूरी दुनिया में हो रहा हो, ‘भारत धर्म के इस्तेमाल का एक ज्वलंत उदाहरण है।’ सिब्बल ने कहा, ‘यह पूरी दुनिया में हो रहा है। कल लीसेस्‍टर में जो घटना हुई वह पूरी तरह से असहिष्णुता थी। हम सभी जानते हैं कि वहां क्या हुआ था। अब वहां भी ये चीजें पहुंच गई हैं। असली समस्या यह है कि आज भारत में नफ़रत फैलाने वाले भाषण देने में जो शामिल हैं, वे एक खास विचारधारा का हिस्सा हैं। पुलिस कुछ भी करने को तैयार नहीं है।’

पूर्व कैबिनेट मंत्री ‘रूपा पब्लिकेशन’ द्वारा प्रकाशित अपनी पुस्तक ‘रिफ्लेक्शंस: इन राइम एंड रिदम’ के विमोचन के अवसर पर बोल रहे थे। उन्होंने कहा कि नफरत फैलाने वाले भाषण देने वालों पर मुकदमा नहीं चलाया जाता है और इसलिए वे उसी तरह का एक और भाषण देने के लिए प्रोत्साहित होते हैं।’

पिछले दिनों सुप्रीम कोर्ट कम ‘घट गया था भरोसा’
सीनियर एडवोकेट कपिल सिब्बल ने इसी महीने सुप्रीम कोर्ट में एक मामले की सुनवाई के दौरान कहा कि संस्थान के प्रति विश्वास धीरे-धीरे कम होता जा रहा है। जस्टिस अजय रस्तोगी की अगुआई वाली बेंच के सामने सिब्बल ने कहा कि जिस कुर्सी पर जस्टिस बैठते हैं उसके प्रति हमारे मन में बहुत सम्मान है। उन्होंने कहा कि बार और बेंच अगर नियम के तहत काम करेंगे तो विश्वास कायम रहेगा। सिब्बल ने कहा, ‘बार और बेंच का नाता तोड़ा नहीं जा सकता है। यह ऐसी शादी है, जिसमें ब्रेकअप नहीं हो सकता। मगर, जब हमें पता चलता है कि इस ओर या उस ओर क्या हो रहा है, तो फिर हमें दुख होता है, क्योंकि हमने इस अदालत को पूरा जीवन दे दिया।’

सुनवाई के दौरान जस्टिस अजय रस्तोगी ने कहा, मैं मानता हूं कि बार और बेंच रथ के दो पहिए हैं। हम सब इस संस्थान से जुड़े हुए हैं। हमें इसने सबकुछ दिया है। हमें और बार को आत्ममंथन की जरूरत है।’

Latest articles

राज्यमंत्री कृष्णा गौर ने की विकास कार्यों, जनकल्याणकारी योजनाओं की समीक्षा

भोपाल। पिछड़ा वर्ग एवं अल्पसंख्यक कल्याण राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) कृष्णा गौर सीहोर स्थित कलेक्ट्रेट...

बीएचईएल में पांच दिवसीय पूर्ण अनुवाद प्रशिक्षण कार्यक्रम का समापन

भोपाल। महाप्रबंधक (मानव संसाधन) टी. यू. सिंह की अध्यक्षता में शुक्रवार को संपन्न हुआ।...

बीएचईएल में 4 वर्ष बाद होने वाले संयुक्त समिति चुनाव को लेकर एआईबीईयू ने कॉर्पोरेट प्रबंधन को सौंपा ज्ञापन

भोपाल। बीएचईएल भोपाल में 4 वर्ष बाद होने वाले संयुक्त समिति (जॉइंट कमेटी), प्लांट...

बीएचईएल में AGM से GM पदोन्नति हेतु इंटरव्यू

भोपाल। भारत हेवी इलेक्ट्रिकल्स लिमिटेड (BHEL) में वर्ष 2026 की पदोन्नति प्रक्रिया के अंतर्गत...

More like this

एक जिला एक उत्पाद’ नीति से राजस्थान के स्थानीय उत्पादों को मिल रही वैश्विक पहचान

मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के नेतृत्व में राजस्थान सरकार स्थानीय उत्पादों को वैश्विक पहचान दिलाने...

1 अप्रैल से भोपाल में प्रॉपर्टी खरीदना होगा महंगा, 740 लोकेशन पर बढ़ेगी कलेक्टर गाइड लाइन

भोपाल राजधानी भोपाल में 1 अप्रैल से प्रॉपर्टी खरीदना महंगा हो जाएगा। जिले की कुल...

इंद्रपुरी लेबर कॉलोनी को बचाने के लिए कलेक्ट्रेट में प्रदर्शन: पट्टा धारियों के घर तोड़ने की कार्रवाई का विरोध

भोपाल राजधानी के वार्ड 66 स्थित इंद्रपुरी लेबर कॉलोनी के निवासियों के आशियानों पर मंडरा...