नूंह,
हरियाणा के मेवात-नूंह में हुई हिंसा में 6 लोगों की मौत हो गई. बजरंग दल ने हिंसा के विरोध में आज देशव्यापी प्रदर्शन बुलाया है. इसका असर जम्मू से लेकर दिल्ली-यूपी तक देखने को मिल रहा है. दिल्ली में बजरंग दल के कार्यकर्ताओं ने बदरपुर बॉर्डर जाम कर दिया. उधर, यूपी के संभल और सहारनपुर, मध्यप्रदेश के भोपाल समेत कई शहरों में भी बजरंग दल ने विरोध प्रदर्शन किया. उधर, नूंह में हुई हिंसा को लेकर सुप्रीम कोर्ट में भी सुनवाई हुई. इस दौरान कोर्ट ने सख्त लहजे में सरकार को निर्देश दिए कि अतिरिक्त बल की जरूरत पड़े तो मंगा लीजिए. लेकिन ये सुनिश्चित किया जाए कि जानमाल का नुकसान न हो. और न ही किसी समुदाय के खिलाफ नफरत फैलाने वाले या भड़काने वाले बयान या भाषण हों.
कैसे फैली थी हिंसा?
दरअसल, नूंह में हिंदू संगठनों ने हर साल की तरह इस बार भी बृजमंडल यात्रा निकालने का ऐलान किया था. प्रशासन से इसकी इजाजत भी ली गई थी. सोमवार को बृजमंडल यात्रा के दौरान इस पर पथराव हो गया था. देखते ही देखते यह हिंसा में बदल गया. सैकड़ों कारों को आग लगा दी गई. साइबर थाने पर भी हमला किया गया. फायरिंग भी हुई. इसके अलावा एक मंदिर में सैकड़ों लोगों को बंधक बनाया गया. पुलिस की दखल के बाद लोगों को वहां से निकाला गया. पुलिस पर भी हमला हुआ. नूंह के बाद सोहना में भी पथराव और फायरिंग हुई. वाहनों को आग के हवाले कर दिया गया.
