13 C
London
Thursday, March 5, 2026
Homeहेल्थअमेरिका में TikTok को लेकर बवाल, मजे-मजे में अपनी मेंटल हेल्थ बिगाड़...

अमेरिका में TikTok को लेकर बवाल, मजे-मजे में अपनी मेंटल हेल्थ बिगाड़ रहे लोग, बीपी-डिप्रेशन का भी रिस्क

Published on

भारत के बाद अब अमेरिका में भी पॉपुलर सोशल मीडिया एप टिकटॉक बंद हो चुका है। यानी अब अमेरिकी टिक टॉक पर न तो वीडियो देख सकेंगे और न ही बना सकेंगे। इस ऐप को 170 मिलियन अमेरिकी यूज कर रहे थे। ऐसे में इन सभी यूजर्स को एक जोरदार झटका लगा। ये ऐप अमेरिका में न तो ऐप्पल और न ही गूगल ऐप स्टोर से डाउनलोड किया जा सकता है।

अमेरिकी सरकार टिक टॉक पर बैन नेशनल सिक्योरिटी का हवाला देते हुए लगा रही है। दरअसल, सरकार का मानना है कि टिक टॉक अमेरिकी यूजर्स का डाटा चीन भेजती है, जिससे राष्ट्रीय सुरक्षा को खतरा हो सकता है। ऐसे में इस ऐप को टेंपरेरी रूप से बंद कर दिया गया है।

लेकिन क्या आप जानते हैं टिक टॉक का बुरा असर आपके मेंटल और फिजिकल हेल्थ पर भी पड़ता है। sciencedirect पर प्रकाशित अध्ययन के अनुसार समझते हैं कि टिक टॉक पर घंटों वीडियो देखना आपके हेल्थ को किस तरह प्रभावित कर सकता है।

घंटों टिक टॉक देखना क्यों है बुरा
आजकल लगभग हर उम्र के लोग सोशल मीडिया एडिक्ट हो चुके हैं। यानी ऐसे लोग सोशल मीडिया से हर वक्त जुड़े रहना चाहते हैं और घंटों-घंटों शॉर्ट वीडियो और रील्स देखने में अपना समय बिता देते हैं। लेकिन इसका बुरा असर आपके मेंटल और फिजिकल हेल्थ पर भी पड़ता है।

हाइपरटेंशन
हाल ही में एक स्टडी सामने आई थी, जिसमें शोधकर्ताओं ने बताया था कि सोते समय स्क्रीन पर शॉर्ट वीडियो देखने में बिताया गया स्क्रीन टाइम यंग और मिडिल एज ग्रुप के लोगों में हाई ब्लड प्रेशर के प्रसार से जुड़ा था। यानी जो लोग बहुत अधिक समय तक रील्स या शॉर्ट वीडियो देखते हैं, उन्हें हाइपरटेंशन (हाई ब्लड प्रेशर) का खतरा अधिक रहता है।

कमजोर याददाश्त
इसके अलावा शॉर्ट वीडियो की लत को निगेटिव साइकोलॉजी परिणामों से जोड़ा गया है। इससे चीजों पर फोकस करने, कंसंट्रेशन और मेमोरी में कमी भी शामिल है। केवल इतना ही नहीं सोशल मीडिया पर ज्यादा समय बिताने से डिप्रेशन और एंग्जायटी हो सकती है।

हार्ट डिजीज
क्या आप जानते हैं अधिक स्क्रीन टाइम के चलते दिल की सेहत पर बुरा असर पड़ता है। इससे बीपी हाई हो जाता है, जो कि कोरोनरी आर्टरी डिजीज के लिए एक प्रमुख जोखिम कारक है। साथ ही इस आदत की वजह से स्ट्रेस बढ़ता है, जो हार्ट हेल्थ को नुकसान पहुंचाता है।

नींद भी होती है प्रभावित
अधिक स्क्रीन टाइम के चलते नींद भी बुरी तरह प्रभावित हो सकती है। इससे नींद आने में दिक्कत हो सकती है और नींद का समय कम हो सकता है। कम नींद या अनिद्रा की समस्या को हाई बीपी, मोटापा, डायबिटीज समेत कई तरह की बीमारियों से जोड़ा गया है।

डिप्रेशन
कई शोध में सामने आया है कि अगर जरूरत से ज्यादा सोशल मीडिया का इस्तेमाल किया जाए तो इससे मेंटल हेल्थ पर निगेटिव असर पड़ता है और डिप्रेशन होने का खतरा बढ़ सकता है।

Latest articles

मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के निवास पर धूमधाम से मनाया गया होलिका दहन; सीएम ने की प्रदेश की सुख-समृद्धि की कामना

जयपुर मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने सोमवार मध्यरात्रि के पश्चात सिविल लाइन्स स्थित मुख्यमंत्री निवास पर...

कैमरे किराए पर लेकर युवक फरार, तीन लाख का सामान नहीं लौटाया

भोपाल राजधानी के कमला नगर इलाके में कैमरे किराए पर देने वाले युवक के साथ...

मप्र में टैक्स फ्री हुई फिल्म ‘शतक’ — मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव बोले— राष्ट्रसेवा और आत्मनिर्भर भारत का देती है संदेश

भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने हिंदी फिल्म ‘शतक’ को मध्य प्रदेश में टैक्स फ्री...

होली से पहले भोपाल में प्रशासन सख्त: पुराने शहर के मावा भंडारों और डेयरियों पर ताबड़ तोड़ छापे

भोपाल होली के त्योहार से पहले राजधानी में खाद्य विभाग ने मिलावट के खिलाफ बड़ा...

More like this

होली पर घर जाना हुआ दूभर: बस ऑपरेटरों की मनमानी, 4 गुना तक वसूला जा रहा किराया

भोपाल भोपाल। होली के पावन पर्व पर अपनों के बीच पहुँचने की जद्दोजहद कर रहे...

नागपुर में फैक्ट्री ब्लास्ट 17कर्मचारियों की मौत, कई घायल

महाराष्ट्र के नागपुर जिले के रावलंगांव स्थित एसबीएल एनर्जी लिमिटेड कंपनी में रविवार सुबह...

एम्स भोपाल में आउटसोर्स कर्मचारी ने लगाई फांसी

भोपाल राजधानी के हनुमानगंज थाना क्षेत्र स्थित फूटा मकबरा इलाके में एक 36 वर्षीय युवक...