25.9 C
London
Wednesday, May 27, 2026
Homeराष्ट्रीयPMLA के तहत ED को जांच, गिरफ्तारी और संपत्ति जब्त करने का...

PMLA के तहत ED को जांच, गिरफ्तारी और संपत्ति जब्त करने का अधिकार, SC का बड़ा फैसला

Published on

नई दिल्ली,

सुप्रीम कोर्ट ने प्रिवेंशन ऑफ मनी लॉन्ड्रिंग एक्ट (PMLA) के तहत गिरफ्तारी के ED के अधिकार को बरकरार रखा है. कोर्ट ने कहा, ED की गिरफ्तारी की प्रक्रिया मनमानी नहीं है. सुप्रीम कोर्ट ने प्रिवेंशन ऑफ मनी लॉन्ड्रिंग एक्ट (PMLA) के कई प्रावधानों की संवैधानिकता को चुनौती देने वाली याचिकाओं पर सुनवाई करते हुए ये फैसला सुनाया. हालांकि, कोर्ट ने कानून में फाइनेंस बिल के जरिए किए गए बदलाव के मामले को 7 जजों की बेंच में भेज दिया है.

सुप्रीम कोर्ट ने अपने फैसले में ईडी के जांच, गिरफ्तारी और संपत्ति को अटैच करने के अधिकार को बरकरार रखा है. इसके साथ ही कोर्ट ने कहा है कि जांच के दौरान ED, SFIO, DRI अधिकारियों (पुलिस अफसर नहीं) के सामने दर्ज बयान भी वैध सबूत हैं. इसके साथ ही बेंच ने कहा, आरोपी को ECIR (शिकायत की कॉपी) देना भी जरूरी नहीं है. यह काफी है कि आरोपी को यह बता दिया जाए कि उसे किन आरोपों के तहत गिरफ्तार किया जा रहा है. कोर्ट ने बेल की कंडीशन को भी बरकरार रखा है. याचिका में बेल की मौजूदा शर्तों पर भी सवाल उठाया गया था.

याचिका में क्या कहा गया था?
PMLA कानून के तहत गिरफ्तारी, जमानत देने, संपत्ति जब्त करने का अधिकार CrPC के दायरे से बाहर है. सुप्रीम कोर्ट में दायर याचिकाओं में PMLA एक्ट को असंवैधानिक बताते हुए कहा गया था कि इसके CrPC में किसी संज्ञेय अपराध की जांच और ट्रायल के बारे में दी गई प्रक्रिया का पालन नहीं होता है. लेकिन अब सुप्रीम कोर्ट ने PMLA एक्ट के तहत ईडी के अधिकार को बरकार रखा है.

17 साल में 23 लोग दोषी ठहराए गए
केंद्र सरकार ने लोकसभा में बीते सोमवार को एक सवाल के जवाब में कहा कि 17 साल पहले कानून के लागू होने के बाद PMLA के तहत दर्ज 5,422 मामलों में केवल 23 लोगों को दोषी ठहराया गया है. 31 मार्च, 2022 तक ईडी ने PMLA के तहत करीब 1,04,702 करोड़ रुपये की संपत्ति अटैच की और 992 मामलों में चार्जशीट दायर की, जिसमें 869.31 करोड़ रुपये जब्त किए गए और 23 आरोपियों को दोषी ठहराया गया.

Latest articles

सुप्रीम कोर्ट ने बिहार SIR प्रक्रिया को ठहराया वैध, केंद्र को रिपोर्ट भेजने के निर्देश

चुनाव आयोग को विशेष पुनरीक्षण का अधिकार नई दिल्ली। सुप्रीम कोर्ट ने बुधवार को बिहार...

भोपाल में IPS अधिकारी की नाबालिग बेटी ने लगाई फांसी, 11वीं की छात्रा थी, जांच में जुटी पुलिस

भोपाल। राजधानी भोपाल के वीआईपी इलाके चार इमली में रहने वाले एक आईपीएस अधिकारी...

मध्यप्रदेश में जमकर तप रहा नौतपा, 16 शहरों में 44 पार पारा, 3 दिन बारिश-आंधी के आसार

भोपाल। मध्यप्रदेश में नौतपा की शुरुआत भले ही आंधी और बूंदाबांदी के साथ हुई...

बीएचईएल के कुछ एजीएम 12 साल से नहीं बन पाये जीएम, अब फिर प्रमोशन की कतार में

केसी दुबे भोपाल यूनिट से कौन बनेंगा जीएम,कॉरपोरेट खंगाल रहा है कुंडली अगले साल कई...

More like this

सुप्रीम कोर्ट ने बिहार SIR प्रक्रिया को ठहराया वैध, केंद्र को रिपोर्ट भेजने के निर्देश

चुनाव आयोग को विशेष पुनरीक्षण का अधिकार नई दिल्ली। सुप्रीम कोर्ट ने बुधवार को बिहार...

ट्विशा शर्मा केस में सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई, CJI बोले- यह घटना दुर्भाग्यपूर्ण है और इसकी निष्पक्ष जांच बहुत ज़रूरी

नई दिल्ली। ट्विशा शर्मा केस का स्वतः संज्ञान लेते हुए सुप्रीम कोर्ट ने सोमवार...

देश में आज से ‘नौतपा’ शुरू, पारा 47 डिग्री के पार; जानें अपने राज्य और शहर का हाल

नई दिल्ली। देश में आज से नौतपा की शुरुआत हो गई है, ​9 दिन...