27.9 C
London
Sunday, May 24, 2026
Homeराज्यनीतीश के मंसूबे पर पानी फेरेंगी ममता, 2024 में अकेले लड़ने की...

नीतीश के मंसूबे पर पानी फेरेंगी ममता, 2024 में अकेले लड़ने की तैयारी में टीएमसी

Published on

कोलकाता

2024 लोकसभा चुनाव में प्रधानमंत्री की उम्मीदवारी के लिए नीतीश कुमार के मंसूबों पर ममता बनर्जी ने पानी फेरने की तैयारी कर ली है। ममता बनर्जी के नेतृत्व में तृणमूल कांग्रेस 2024 लोकसभा चुनाव में अकेले चुनाव लड़ सकती है। पार्टी नेताओं का कहना है कि टीएमसी अगले लोकसभा चुनाव में अकेले उतर सकती है और चुनाव बाद विपक्षी दलों की सीटों की संख्या के हिसाब से गठबंधन पर विचार सकती है।

जहां एक ओर बिहार सीएम नीतीश कुमार और उनके तेलंगाना समकक्ष के चंद्रशेखर राव ने हाल ही में बीजेपी मुक्त भारत के लिए क्षेत्रीय दलों के बीच एकता बनाए रखने के उपायों पर चर्चा की, टीएमसी का दावा है कि उसे ऐसा कोई प्रस्ताव नहीं मिला है। टीएमसी के राष्ट्रीय प्रवक्ता सुखेंदु शेखर रे ने कहा, ‘विपक्षी एकता के लिए कोई प्रस्ताव नहीं मिला है।’

‘ममता 2019 से विपक्षी एकता का आग्रह कर रही हैं’
सुखेंदु रे ने आगे कहा, ‘ममता बनर्जी 2019 से विपक्षी नेताओं से केंद्र सरकार की जनविरोधी नीतियों के खिलाफ एकजुट कदम उठाने का आग्रह कर रही थीं लेकिन ऐसा कुछ भी ठोस नहीं निकला। इसलिए टीएमसी ने 2024 चुनाव में अकेले उतरने का फैसला लिया है और चुनाव बाद गठबंधन पर विचार कर रही है जो कि विपक्षी दलों को मिली सीटों की संख्या पर निर्भर करेगा।’

हालांकि टीएमसी केंद्रीय एजेंसियों के विपक्षी दलों को नष्ट करने और बीजेपी के विपक्ष मुक्त भारत के एजेंडे के खिलाफ मुखर है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुरुवार को आरोप लगाया था कि देश में भ्रष्ट लोगों के खिलाफ कार्रवाई के परिणामस्वरूप राष्ट्रीय राजनीति में नया ध्रुवीकरण हुआ है। कुछ राजनीतिक समूह खुले तौर पर भ्रष्टाचार के आरोपों का सामना करने वालों को बचाने के लिए एक यूनिट में संगठित होने की कोशिश कर रहे हैं।

टीएमसी ने पूछा- व्यापमं घोटाले पर बीजेपी का क्या रुख
इस पर तीखा पलटवार करते हुए राज्यसभा सांसद सुखेंदु रे ने कहा, ‘बीजेपी के विपक्ष मुक्त भारत के एजेंडे को पूरा करने के लिए ही सभी केंद्रीय एजेंसियों को विपक्ष शासित राज्यों के खिलाफ निर्देशित किया गया है। मध्य प्रदेश में व्यापमं घोटाले पर बीजेपी का क्या रुख है, जहां नौकरी चाहने वालों से न केवल हजारों करोड़ रुपये एकत्र किए गए थे बल्कि लगभग 100 लोगों की रहस्यमयी मौत हुई थी।’

तृणमूल कांग्रेस ने दावा किया कि विपक्ष को नष्ट करने का प्रयास किया जा रह है। सुखेंदु रे ने पूछा, ‘आधी रात के नाटक के दौरान सीबीआई डायरेक्टर को हटाने के लिए सरकार को किस चीज ने प्रेरित किया? ऐसे कई उदाहरण हैं जिससे यह स्पष्ट होता है कि केंद्र सरकार देश में विपक्षी दलों को भ्रष्ट बताकर उन्हें नष्ट करने और देश को यूनिटरी राज्य में तब्दील करने के लिए अपनी शक्तियों का दुरुपयोग कर रही है।’

Latest articles

मप्र भीषण गर्मी के चपेट में, 42 जिलों में लू का अलर्ट, नौगांव-खजुराहो प्रदेश के सबसे गर्म

भोपाल। नौतपा शुरू होने में अभी दो दिन बाकी हैं, लेकिन उससे पहले ही...

केंद्रीय मंत्री और मुख्यमंत्री डॉ. यादव की उपस्थिति में हडको ने एमपी टाइगर फाउंडेशन को सौंपे 20 मोटरसाइकिल एवं 1 रेस्क्यू ट्रक

भोपाल। केंद्रीय पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन मंत्री भूपेंद्र यादव एवं मुख्यमंत्री डॉ. मोहन...

मुख्यमंत्री बिजली बिल भुगतान समाधान योजना से उपभोक्ताओं को बड़ी राहत : CM विष्णु देव साय

रायपुर। विष्णु देव साय ने कहा है कि राज्य सरकार की प्राथमिकता आम जनता...

More like this

मुख्यमंत्री बिजली बिल भुगतान समाधान योजना से उपभोक्ताओं को बड़ी राहत : CM विष्णु देव साय

रायपुर। विष्णु देव साय ने कहा है कि राज्य सरकार की प्राथमिकता आम जनता...

मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने किए बांसिया में संत गोविंद गुरु की धूणी के दर्शन

राजस्थान। राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने अपने डूंगरपुर दौरे के दौरान बांसिया स्थित...

डूंगरपुर में सीए भजनलाल शर्मा की मॉर्निंग वॉक, ग्रामीणों से संवाद और बैडमिंटन खेलकर जीता दिल

राजस्थान। राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा शुक्रवार सुबह डूंगरपुर जिले के ऐतिहासिक गांव धम्बोला...