12.4 C
London
Saturday, April 11, 2026
Homeराज्यक्यों दशहरा रैली है खास, जिसने उद्धव ठाकरे और शिंदे में बढ़ाई...

क्यों दशहरा रैली है खास, जिसने उद्धव ठाकरे और शिंदे में बढ़ाई खटास

Published on

मुंबई

शिवसेना के दो गुट होने के बाद से ही ठाकरे और शिंदे गुट में वर्चस्व की जंग जारी है। दोनों ही गुट खुद को असली शिवसेना बता रहे हैं। इस बीच तारीख आ गई है उस बड़े आयोजन की, जिससे शिवसेना की ब्रांड इमेज जुड़ी हुई है। इस आयोजन का नाम है दशहरा रैली। इस बार की दशहरा रैली पर दोनों गुट अपने शक्ति प्रदर्शन की तैयारी में जुटे हैं। जबकि इस रैली का इतिहास बताता है कि इसने ही शिवसेना को शक्तिशाली बनाया। 60 साल पुराने इस आयोजन की परंपरा बाला साहेब ठाकरे ने डाली थी। अब यही इतिहास, ठाकरे और शिंदे के बीच खटास की वजह बन चुका है।

भावुक और सांस्कृतिक जुड़ाव
दशहरा रैली का शिवसेना के साथ बेहद भावुक और सांस्कृतिक जुड़ाव है। 19 जून, 1966 को तब के शिवसेना सुप्रीमो के रानाडे रोड स्थित निवास पर सबसे पहले इस आयोजन का विचार आया। इसके बाद उसी साल अक्टूबर में दशहरा पर पहली बार इसका आयोजन हुआ, जो शिवसेना की परंपरा में तब्दील हो गया। बाल ठाकरे के पिता, प्रबोधनकर केशव सीताराम ठाकरे एक समाज सुधारक और एक्टिविस्ट थे। उन्होंने नवरात्रि पर आयोजन की शुरुआत की, जिसका समापन दशहरे के साथ होता था।

आदित्य को दशहरा रैली पर किया गया था लांच
शिवाजी पार्क पर हर साल होने वाली इस दशहरा रैली में पूरे महाराष्ट्र से शिवसेना समर्थक जुटते थे और बालासाहेब ठाकरे उन्हें खास संदेश देते थे। इस संदेश का सभी शिवसैनिक पूरे साल भर पालन करते थे। वहीं शिवसेना इस रैली को अपनी सभी अहम घोषणाओं के लिए लांचिंग पैड के रूप में इस्तेमाल करती रही है। साल 2010 में दशहरा रैली के मौके पर ही आदित्य ठाकरे को राजनीति में उतारने का ऐलान हुआ था। उद्धव ठाकरे के बड़े बेटे को तब युवा सेना के प्रमुख के तौर पर लांच किया गया था।

 

Latest articles

कस्तूरबा चिकित्सालय के नवीनीकृत भवन का उद्घाटन

भोपाल। भारत हेवी इलेक्ट्रिकल्स लिमिटेड (भेल) भोपाल स्थित कस्तूरबा चिकित्सालय के नवीनीकृत भवन का...

बीएचईएल के अधिकारी को एचईसी में अतिरिक्त प्रभार

नई दिल्ली/रांची। Ministry of Heavy Industries के आदेश के तहत Krishnendu Kumar Ghosh को...

BHEL ने दक्षिण कोरिया की E2S कंपनी के साथ किया तकनीकी सहयोग समझौता

भोपाल/नई दिल्ली। Bharat Heavy Electricals Limited (BHEL) ने synchronous machines के लिए excitation system...

Mulethi ke Fayde: औषधीय गुणों से भरपूर है मुलेठी, फायदे जानकर आप भी रह जाएंगे हैरान

Mulethi ke Fayde: मुलेठी (Glycyrrhiza glabra) को आयुर्वेद में एक बहुत ही शक्तिशाली औषधीय...

More like this

सीएम विष्णु देव साय ने किया “बिरहोर जननायक” पुस्तक का विमोचन

रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने शुक्रवार को राजधानी रायपुर स्थित अपने निवास कार्यालय...

कृषि क्षेत्र के सशक्त इकोसिस्टम के लिए प्रतिबद्ध सरकार: मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा

जयपुर। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने 'ग्लोबल राजस्थान एग्रीटेक मीट' (ग्राम 2026) के कर्टेन रेज़र...

पीएम मोदी 21 अप्रैल को करेंगे बालोतरा का दौरा, देश के पहले इंटीग्रेटेड रिफाइनरी सह पेट्रोकेमिकल कॉम्प्लेक्स का होगा शुभारंभ

जयपुर/बालोतरा। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी आगामी 21 अप्रैल को प्रस्तावित अपनी बालोतरा यात्रा के दौरान...