2.4 C
London
Sunday, March 15, 2026
Homeराज्य'तालिबान से तुलना करने से RSS की छवि खराब हुई', जावेद अख्तर...

‘तालिबान से तुलना करने से RSS की छवि खराब हुई’, जावेद अख्तर की याचिका पर बोली कोर्ट

Published on

देश के मशहूर गीतकार जावेद अख्तर को राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ की तुलना तालिबान से किए जाने के मामले में मुंबई कोर्ट से झटका लगा है. कोर्ट ने जावेद अख्तर की याचिका को खारिज करते हुए कहा कि मजिस्ट्रेट कोर्ट ने सही तथ्यों पर आदेश जारी किया है. जिसमें देखा गया है कि कैसे आरएसएस की तुलना तालिबान से करने से शिकायकर्ता की उसके दोस्तों और लोगों के छवि खराब हुई है, क्योंकि वह आरएसएस की विचारधारा का पालन करता है. मामले में कोर्ट ने पिछले हफ्ते फैसला सुनाया था. आदेश की विस्तृत कॉपी अब जारी हुई है.

दरअसल, वकील संतोष दुबे ने अख्तर के खिलाफ 2021 में एक आपराधिक मानहानि की शिकायत दर्ज कराई थी, जिसमें आरोप लगाया गया था कि उन्होंने आरएसएस को तालिबान के रूप में संदर्भित किया है, जिससे उनकी भावनाएं आहत हुई हैं. उनकी शिकायत पर मुलुंड मजिस्ट्रेट कोर्ट ने जावेद अख्तर को मानहानि के आरोपों का सामने करने के लिए तलब किय था. जिसके इस आदेश को जावेद अख्तर ने सेशन कोर्ट में चैलेंज किया था. जिस पर सेशन कोर्ट ने पिछले हफ्ते आदेश सुनाते हुए मजिस्ट्रेट कोर्ट के फैसले को सही करार दिया था.

बता दें कि वकील दुबे का कहना था कि वो बचपन से ही आरएसएस के स्वयंसेवक हैं. ऐसे में जावेद अख्तर के बयान से आहत हुए हैं. अख्तर की टिप्पणी के बाद कई लोगों ने उन्हें संगठन से अलग होने के लिए कहा. इसको लेकर ही उन्होंने जावेद अख्तर पर मानहानि का मामला दायर किया था. सेशन कोर्ट से भी झटका लगने के बाद अख्तर के वकील जय भारद्वाज ने कहा कि वे इस आदेश के खिलाफ याचिका के साथ बॉम्बे हाई कोर्ट का दरवाजा खटखटाएंगे.

‘आरएसएस की प्रतिष्ठा कम करने की कोशिश’
मामले में सेशन कोर्ट के जज ने कहा, “याचिकाकर्ता (अख्तर) का बयान एक राष्ट्रीय चैनल और यूट्यूब पर एक इंटरव्यू में था. जिससे स्वयंसेवकों, आरएसएस के समर्थकों की प्रतिष्ठा धूमिल हुई है और दुनिया को एक संदेश दिया गया है कि आरएसएस अफगानिस्तान में तालिबान के समान है. इस प्रकार, आरएसएस की प्रतिष्ठा को कम करने की कोशिश के लिए पर्याप्त सामग्री है.

‘प्रतिष्ठा को नुकसान पहुंचाने वाले तत्व’
जज ने आगे कहा, “आरएसएस के स्वयंसेवी संगठन की तालिबान मानसिकता से तुलना, जिसमें बर्बर कृत्य हैं… प्रथम दृष्टया आरएसएस की प्रतिष्ठा को नुकसान पहुंचाने वाले तत्व हैं.” जावेद अख्तर को 31 मार्च को मजिस्ट्रेट अदालत में उपस्थित होना होगा, नहीं तो उनके खिलाफ गैर जमानती वारंट की मांग की जाएगी.

Latest articles

खण्डेलवाल परिवार के दुख में शामिल हुए सांसद आलोक शर्मा, दी श्रद्धांजलि

भारतीय जनता पार्टी भोपाल लोकसभा के सांसद श्री आलोक शर्मा ने शनिवार को भारतीय...

नंबर टू उद्योगपति लेंगे राजधानी की सबसे कीमती जमीन, भेल का भी नंबर लग सकता है!

भोपाल! भरोसेमंद सूत्रों के अनुसार देश के ‘नंबर टू’ उद्योगपति अब भोपाल की फिजाओं में...

बीएचईएल थ्रिफ्ट सोसायटी की बैठक: सदस्यों को मिलेगा 6.25% ब्याज, उपहार में एक्सरसाइज बाइक देने पर विचार

भेल, भोपाल। बी.एच.ई.एल. थ्रिफ्ट एंड क्रेडिट को-ऑपरेटिव सोसायटी लिमिटेड, पिपलानी, भोपाल की प्रबंधकारिणी समिति की...

कॉर्पोरेट इंस्टीट्यूट ऑफ फार्मेसी में DBT प्रायोजित व्याख्यान श्रृंखला संपन्न: जैव प्रौद्योगिकी के भविष्य पर हुई चर्चा

भोपाल। भारत सरकार के बायोटेक्नोलॉजी विभाग (DBT) के सहयोग से भोपाल के कॉर्पोरेट इंस्टीट्यूट ऑफ...

More like this

मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने दी होली व धुलंडी की शुभकामनाएं

जयपुर भजनलाल शर्मा ने होली एवं धुलंडी के पावन पर्व पर प्रदेशवासियों को हार्दिक बधाई...

मप्र में अवैध कॉलोनियों पर सख्ती की तैयारी, 90 दिन में एफआईआर और 10 साल तक की सजा का प्रस्ताव

भोपाल मप्र में तेजी से बढ़ रही अवैध कॉलोनियों पर रोक लगाने के लिए राज्य...