9.8 C
London
Saturday, April 11, 2026
Homeराज्य'तालिबान से तुलना करने से RSS की छवि खराब हुई', जावेद अख्तर...

‘तालिबान से तुलना करने से RSS की छवि खराब हुई’, जावेद अख्तर की याचिका पर बोली कोर्ट

Published on

देश के मशहूर गीतकार जावेद अख्तर को राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ की तुलना तालिबान से किए जाने के मामले में मुंबई कोर्ट से झटका लगा है. कोर्ट ने जावेद अख्तर की याचिका को खारिज करते हुए कहा कि मजिस्ट्रेट कोर्ट ने सही तथ्यों पर आदेश जारी किया है. जिसमें देखा गया है कि कैसे आरएसएस की तुलना तालिबान से करने से शिकायकर्ता की उसके दोस्तों और लोगों के छवि खराब हुई है, क्योंकि वह आरएसएस की विचारधारा का पालन करता है. मामले में कोर्ट ने पिछले हफ्ते फैसला सुनाया था. आदेश की विस्तृत कॉपी अब जारी हुई है.

दरअसल, वकील संतोष दुबे ने अख्तर के खिलाफ 2021 में एक आपराधिक मानहानि की शिकायत दर्ज कराई थी, जिसमें आरोप लगाया गया था कि उन्होंने आरएसएस को तालिबान के रूप में संदर्भित किया है, जिससे उनकी भावनाएं आहत हुई हैं. उनकी शिकायत पर मुलुंड मजिस्ट्रेट कोर्ट ने जावेद अख्तर को मानहानि के आरोपों का सामने करने के लिए तलब किय था. जिसके इस आदेश को जावेद अख्तर ने सेशन कोर्ट में चैलेंज किया था. जिस पर सेशन कोर्ट ने पिछले हफ्ते आदेश सुनाते हुए मजिस्ट्रेट कोर्ट के फैसले को सही करार दिया था.

बता दें कि वकील दुबे का कहना था कि वो बचपन से ही आरएसएस के स्वयंसेवक हैं. ऐसे में जावेद अख्तर के बयान से आहत हुए हैं. अख्तर की टिप्पणी के बाद कई लोगों ने उन्हें संगठन से अलग होने के लिए कहा. इसको लेकर ही उन्होंने जावेद अख्तर पर मानहानि का मामला दायर किया था. सेशन कोर्ट से भी झटका लगने के बाद अख्तर के वकील जय भारद्वाज ने कहा कि वे इस आदेश के खिलाफ याचिका के साथ बॉम्बे हाई कोर्ट का दरवाजा खटखटाएंगे.

‘आरएसएस की प्रतिष्ठा कम करने की कोशिश’
मामले में सेशन कोर्ट के जज ने कहा, “याचिकाकर्ता (अख्तर) का बयान एक राष्ट्रीय चैनल और यूट्यूब पर एक इंटरव्यू में था. जिससे स्वयंसेवकों, आरएसएस के समर्थकों की प्रतिष्ठा धूमिल हुई है और दुनिया को एक संदेश दिया गया है कि आरएसएस अफगानिस्तान में तालिबान के समान है. इस प्रकार, आरएसएस की प्रतिष्ठा को कम करने की कोशिश के लिए पर्याप्त सामग्री है.

‘प्रतिष्ठा को नुकसान पहुंचाने वाले तत्व’
जज ने आगे कहा, “आरएसएस के स्वयंसेवी संगठन की तालिबान मानसिकता से तुलना, जिसमें बर्बर कृत्य हैं… प्रथम दृष्टया आरएसएस की प्रतिष्ठा को नुकसान पहुंचाने वाले तत्व हैं.” जावेद अख्तर को 31 मार्च को मजिस्ट्रेट अदालत में उपस्थित होना होगा, नहीं तो उनके खिलाफ गैर जमानती वारंट की मांग की जाएगी.

Latest articles

जम्बूरी मैदान में 20 अप्रैल को होगा 51 कन्याओं का सामूहिक विवाह, गृहस्थी के लिए मिलेगी 50 हजार की सामग्री

भोपाल। राजधानी के गोविंदपुरा क्षेत्र के अंतर्गत जम्बूरी मैदान, आनंद नगर में आगामी 20...

सीएम विष्णु देव साय ने किया “बिरहोर जननायक” पुस्तक का विमोचन

रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने शुक्रवार को राजधानी रायपुर स्थित अपने निवास कार्यालय...

कृषि क्षेत्र के सशक्त इकोसिस्टम के लिए प्रतिबद्ध सरकार: मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा

जयपुर। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने 'ग्लोबल राजस्थान एग्रीटेक मीट' (ग्राम 2026) के कर्टेन रेज़र...

पीएम मोदी 21 अप्रैल को करेंगे बालोतरा का दौरा, देश के पहले इंटीग्रेटेड रिफाइनरी सह पेट्रोकेमिकल कॉम्प्लेक्स का होगा शुभारंभ

जयपुर/बालोतरा। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी आगामी 21 अप्रैल को प्रस्तावित अपनी बालोतरा यात्रा के दौरान...

More like this

सीएम विष्णु देव साय ने किया “बिरहोर जननायक” पुस्तक का विमोचन

रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने शुक्रवार को राजधानी रायपुर स्थित अपने निवास कार्यालय...

कृषि क्षेत्र के सशक्त इकोसिस्टम के लिए प्रतिबद्ध सरकार: मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा

जयपुर। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने 'ग्लोबल राजस्थान एग्रीटेक मीट' (ग्राम 2026) के कर्टेन रेज़र...

पीएम मोदी 21 अप्रैल को करेंगे बालोतरा का दौरा, देश के पहले इंटीग्रेटेड रिफाइनरी सह पेट्रोकेमिकल कॉम्प्लेक्स का होगा शुभारंभ

जयपुर/बालोतरा। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी आगामी 21 अप्रैल को प्रस्तावित अपनी बालोतरा यात्रा के दौरान...