21.1 C
London
Sunday, May 31, 2026
Homeभेल न्यूज़बीएचईएल भोपाल कॉडर के अफसर रामनाथन को मिली त्रिची यूनिट की कमान

बीएचईएल भोपाल कॉडर के अफसर रामनाथन को मिली त्रिची यूनिट की कमान

Published on

भोपाल

भारत हेवी इलेक्ट्रिकल्स लिमिटेड भेल भोपाल कॉडर के अफसर एसएम रामनाथन को साउथ की त्रिचन्नापल्ली यूनिट का मुखिया बनाया है। वह वर्तमान ईडी एसव्ही श्रीनिवासन से 24 मई को चार्ज लेंगे। ये आदेश भेल दिल्ली कार्पोरेट ने जारी कर दिए हैं। गौरतलब है कि रामनाथन ने लंबे समय तक भोपाल यूनिट में पारी खेली है। वह कई विभागों में काम करते रहे। बाद में उन्हेंं महाप्रबंधक ऑपरेशन बनाकर भेल की त्रिची यूनिट भेजा गया था। बड़ी बात यह है कि उनके बेहतर परफार्मेंस के चलते उन्हें पहले इसी यूनिट में जीएमआई बनाया और जल्द ही इस यूनिट की कमान भी सौंप दी। वह तिरूमयम यूनिट का भी काम देख रहे हैं। वह ईमानदार छवि के व्यक्ति हैं। उन्हें अनुभवी अफसरों में गिना जाता है।

ऐसे पहुंंचे शीर्ष पर रामनाथन
एस एम रामनाथन भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान (आईआईटी), मद्रास से मैकेनिकल इंजीनियरिंग स्नातक हैं। कैंपस प्लेसमेंट के माध्यम से चयन होने पर उन्होंने 1988 में बीएचईएल में ग्रेजुएट इंजीनियर के रूप में प्रवेश लिया। उन्हें 1989 में पूर्ण बीएचईएल निगम में सर्वश्रेष्ठ इंजीनियर प्रशिक्षु पुरस्कार से सम्मानित किया गया। उन्होंने हाइड्रो टर्बाइन (एचटीई) में डिजाइनर के रूप में करियर शुरू किया। उनकी विशेषज्ञता नवीनतम आईटी का उपयोग करके डिजाइन को परिष्कृत और अनुकूलित करने में थी। लागत और चक्र समय में बचत के लिए अग्रणी उपकरण और गणितीय तकनीकें। उन्होंने 1993 में मैनिट से तनाव और कंपन विश्लेषण में एम.टेक पूरा किया। उन्हें भारतीय और अंतर्राष्ट्रीय मंचों पर तकनीकी पेपर प्रस्तुति में कई बार सम्मानित किया गया। उन्हें 1995 में हाइड्रो मशीनरी सेंटर में टर्बाइनों के हाइड्रोलिक डिजाइन विकास के लिए वरिष्ठ अभियंता के रूप में स्थानांतरित किया गया था। ॥रुश्व) जहां वे 2004 में वरिष्ठ प्रबंधक के पद तक पहुंचे। उनके नाम पर टर्बाइन पेटेंट है। उन्होंने आईसीडब्ल्यूए (लागत लेखा) पूरा कर लिया है और संस्थान के साथी सदस्य हैं। उन्होंने विभिन्न क्षेत्रों में वित्त में काम किया है और 2011 में एजीएम के रूप में पदोन्नत हुए थे। इसके बाद उन्होंने 2013 में स्टीम टर्बाइन इंजीनियरिंग में काम किया। फिर उन्होंने 2017 तक एचओडी के रूप में सेंट्रल प्लानिंग (सीपीएक्स) का नेतृत्व किया, जब उन्हें जीएम (एफजीडी और जल) के रूप में पदोन्नत किया गया। सिस्टम) बीएपी रानीपेट। वह 2018 में एसओएम ग्रुप, भोपाल में जीएम के रूप में शामिल हुए थे। इस अवधि में उन्हें दो बार एससीआर का अतिरिक्त प्रभार दिया गया था। फिर उन्हें 2021 में जीएम हाइड्रो बनाया गया। थर्मल ग्रुप को हाइड्रो में मिला दिया गया और वह जुलाई 2022 तक जीएम (टर्बाइन) के रूप में जारी रहे, बाद में उन्हें जीएम (ऑपरेशंस) त्रिची इकाई के रूप में स्थानांतरित कर दिया गया। उन्हें सितंबर 2022 में जीएम (प्रभारी) के रूप में फिर से नामित किया गया था। अब उन्हें संपूर्ण त्रिची इकाई परिसर का प्रभार सौंपा गया है और वे सीएमडी को रिपोर्ट करेंगे।

 

Latest articles

गोविंदपुरा इंडस्ट्रियल एरिया की फैक्ट्री में भीषण आग: करोड़ों का नुकसान, 100 टैंकर पानी और जेसीबी की मदद से पाया काबू

भोपाल। भोपाल के गोविंदपुरा इंडस्ट्रियल एरिया स्थित 'शुभम एंटरप्राइजेस' फैक्ट्री में शुक्रवार-शनिवार की दरमियानी...

भेल थ्रिफ्ट सोसाइटी का प्रतिभा सम्मान आज, भेल के ईडी रहेंगे मौजूद

भोपाल। बीएचईएल थ्रिफ्ट एंड क्रेडिट को-ऑपरेटिव सोसाइटी द्वारा वर्ष 2024-25 सत्र हेतु 'प्रतिभा सम्मान...

एमपी ने गेहूं उपार्जन में बनाया नया रिकॉर्ड, किसानों से खरीदा गया 104 लाख मीट्रिक टन गेहूं

भोपाल। मुख्यमंत्री मोहन यादव ने कहा है कि मध्यप्रदेश ने इस वर्ष गेहूं उपार्जन...

देश को दहलाने की साजिश नाकाम, दिल्ली पुलिस ने 9 आरोपियों को किया गिरफ्तार, ISI से कनेक्शन निकला

नई दिल्ली। देश के अलग-अलग शहरों को दहलाने की साजिश का खुलासा हुआ है।...

More like this

भेल थ्रिफ्ट सोसाइटी का प्रतिभा सम्मान आज, भेल के ईडी रहेंगे मौजूद

भोपाल। बीएचईएल थ्रिफ्ट एंड क्रेडिट को-ऑपरेटिव सोसाइटी द्वारा वर्ष 2024-25 सत्र हेतु 'प्रतिभा सम्मान...

बीएचईएल के नरेश नेपा की डूबती नैय्या के बनें सहारा

नेपानगर की नेपा मिल में नया अध्याय: बिना किसी आर्थिक पैकेज के शुरू हुआ...

भेल कैंटीन में अव्यवस्थाओं पर भड़की एचएमएस यूनियन, औचक निरीक्षण कर दुरुस्त कराईं व्यवस्थाएं

भोपाल। प्रतिनिधि यूनियन एचएमएस के जुझारू कार्यकर्ताओं ने भेल कैंटीन की व्यवस्थाओं का औचक...