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‘गद्दार’ शब्द से शिंदे पर कटाक्ष, कुणाल कामरा के खिलाफ महाराष्ट्र विधान परिषद ने स्वीकारा विशेषाधिकार हनन का नोटिस

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मुंबई

महाराष्ट्र विधान परिषद ने स्टैंड-अप कॉमेडियन कुणाल कामरा के खिलाफ विशेषाधिकार हनन नोटिस स्वीकार कर लिया है। कामरा पर हाल में एक कार्यक्रम के दौरान उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे का कथित रूप से अपमान करने का आरोप है। नोटिस में शिवसेना (यूबीटी) नेता सुषमा अंधारे का भी नाम है। महाराष्ट्र विधान परिषद के सभापति राम शिंदे ने गुरुवार को बताया कि उन्होंने ‘गद्दार’ शब्द के जरिये कटाक्ष को लेकर कुणाल कामरा के खिलाफ विशेषाधिकार हनन नोटिस स्वीकार कर लिया है और इसे विशेषाधिकार समिति के पास भेज दिया है।

क्या है विवाद?
दरअसल यह विवाद खार के हैबिटेट कॉमेडी क्लब में कामरा के हालिया शो से उपजा है, जहां उन्होंने एकनाथ शिंदे को निशाना बनाते हुए एक पैरोडी गीत प्रस्तुत किया था। इस कृत्य के कारण शिवसेना समर्थकों में आक्रोश फैल गया और उन्होंने रविवार रात क्लब और होटल में तोड़फोड़ की थी। राम शिंदे ने कहा कि मैंने कुणाल कामरा और शिवसेना (यूबीटी) नेता सुषमा अंधारे के खिलाफ विशेषाधिकार हनन का नोटिस स्वीकार कर लिया है और इसे विशेषाधिकार समिति के अध्यक्ष प्रसाद लाड को भेज दिया है। प्रस्ताव के संबंध में आगे की कार्रवाई समिति द्वारा तय की जायेगी।

किसने दिया था नोटिस?
यह नोटिस बुधवार को बीजेपी के विधान परिषद सदस्य प्रवीण दरेकर की ओर से पेश किया गया था, जो सदन के नेता भी हैं। विधान परिषद के नेता दरेकर ने प्रस्ताव पेश करते हुए कहा था कि कुणाल कामरा ने एक पैरोडी गाना गाया, जिसमें उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे के लिए व्यक्तिगत और अपमानजनक टिप्पणियां शामिल थीं। उन्होंने कहा था कि अंधारे ने उक्त गाने का समर्थन किया और आपत्तिजनक भाषा का इस्तेमाल किया, जो सदन की अवमानना है।

क्या आरोप लगाए?
दरेकर ने आरोप लगाया था कि कामरा और अंधारे दोनों ने अपनी टिप्पणियों के जरिये विधायी संस्थाओं की गरिमा का अनादर किया है। बीजेपी एमएलसी प्रसाद लाड को पिछले साल विशेषाधिकार समिति का अध्यक्ष नियुक्त किया गया था। वह अब समिति के अन्य सदस्यों के साथ नोटिस की समीक्षा करेंगे। यदि समिति को शिकायत में कोई दम नजर आता है तो प्रस्ताव को सदन में चर्चा के लिए लाया जा सकता है।

नोटिस पर कौन लेगा फैसला?
इस बीच, एकनाथ शिंदे की अगुवाई वाली शिवसेना के विधायक रमेश बोरनारे ने मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस का कथित तौर पर मजाक उड़ाने के लिए सुषमा अंधारे के खिलाफ राज्य विधानसभा में विशेषाधिकार हनन का नोटिस पेश किया। वित्त राज्य मंत्री आशीष जायसवाल ने बोरनारे के नोटिस का समर्थन किया। बीजेपी नेता सुधीर मुनगंटीवार ने विधानसभा की विशेषाधिकार समिति के सदस्यों के नाम जल्द घोषित करने का आग्रह किया। पीठासीन अधिकारी संजय केलकर ने कहा कि अध्यक्ष राहुल नार्वेकर नोटिस पर निर्णय लेंगे। (इनपुट भाषा)

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