9.2 C
London
Saturday, April 11, 2026
Homeजनसम्पर्कमंडी विकास के लिए नई भूमि अर्जन नीति मंजूर, 22 करोड़ से...

मंडी विकास के लिए नई भूमि अर्जन नीति मंजूर, 22 करोड़ से अधिक के विकास कार्यों को स्वीकृति

Published on


प्रदेश की कृषि उपज मंडियों में आधारभूत सुविधाओं को मजबूत करने के लिए राज्य सरकार लगातार महत्वपूर्ण निर्णय ले रही है। इसी क्रम में मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने मंडी विकास से संबंधित भूमि अर्जन की प्रक्रिया को पारदर्शी और सुव्यवस्थित बनाने के लिए राजस्थान कृषि उपज मंडी प्रांगण भूमि अर्जन नीति को मंजूरी प्रदान की है। नई नीति लागू होने से मंडी समितियों के प्रांगण में आधारभूत संरचनाओं का विकास तेजी से हो सकेगा और कृषि उपज के विपणन की व्यवस्था अधिक सुगम बनेगी। नीति के तहत मंडी विकास परियोजनाओं से जुड़े जिन मामलों में भूमि अवाप्ति का अवार्ड जारी हो चुका है, उन प्रकरणों में अवाप्त या अवाप्ताधीन कुल भूमि का 15 प्रतिशत विकसित भूमि के रूप में आवंटित किया जाएगा। इसी प्रकार जिन मामलों में भूमि अवाप्ति का अवार्ड अभी जारी नहीं हुआ है, उनमें संबंधित भू-धारकों को कुल भूमि का 20 प्रतिशत विकसित भूमि आवंटित की जाएगी। इसके अलावा यदि आपसी समझौते से भूमि अर्जित की जाती है और भू-धारक मंडी समिति को नई भूमि निःशुल्क समर्पित करते हैं, तो उन्हें कुल समर्पित भूमि के बदले 20 प्रतिशत विकसित भूमि प्रदान की जाएगी।

इस नीति के लागू होने से मंडियों के लिए उपयुक्त स्थानों पर नए यार्डों का निर्माण तेजी से संभव हो सकेगा। साथ ही भूमि अवाप्ति से जुड़े लंबित न्यायिक मामलों के निस्तारण में भी सहायता मिलेगी। 22 करोड़ रुपये से अधिक के विकास कार्यों को स्वीकृति मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने राज्य की विभिन्न कृषि उपज मंडी समितियों में विकास कार्यों के लिए 22 करोड़ रुपये से अधिक की राशि को भी मंजूरी दी है। मुख्यमंत्री की स्वीकृति के अनुसार कृषि उपज मंडी समिति अटरू (बारां), बारां, रामगंजमंडी (कोटा), गुलाबपुरा (भीलवाड़ा), गजसिंहपुर (श्रीगंगानगर), सुजानगढ़ (चूरू), दूदू (जयपुर), सरदारशहर (चूरू) तथा सूरजपोल अनाज मंडी (जयपुर) सहित अन्य मंडियों में यार्ड निर्माण, विद्युत संबंधी कार्य और संपर्क सड़कों का निर्माण कराया जाएगा। इन विकास कार्यों से मंडी प्रांगणों में व्यापारियों और किसानों को बेहतर आधारभूत सुविधाएं उपलब्ध हो सकेंगी और कृषि उपज के विपणन की व्यवस्था अधिक सुगम और व्यवस्थित बन सकेगी।

Read Also :- भेल में होली मिलन, फाउंड्री गेट पर जुटे कर्मचारी

Latest articles

जम्बूरी मैदान में 20 अप्रैल को होगा 51 कन्याओं का सामूहिक विवाह, गृहस्थी के लिए मिलेगी 50 हजार की सामग्री

भोपाल। राजधानी के गोविंदपुरा क्षेत्र के अंतर्गत जम्बूरी मैदान, आनंद नगर में आगामी 20...

सीएम विष्णु देव साय ने किया “बिरहोर जननायक” पुस्तक का विमोचन

रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने शुक्रवार को राजधानी रायपुर स्थित अपने निवास कार्यालय...

कृषि क्षेत्र के सशक्त इकोसिस्टम के लिए प्रतिबद्ध सरकार: मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा

जयपुर। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने 'ग्लोबल राजस्थान एग्रीटेक मीट' (ग्राम 2026) के कर्टेन रेज़र...

पीएम मोदी 21 अप्रैल को करेंगे बालोतरा का दौरा, देश के पहले इंटीग्रेटेड रिफाइनरी सह पेट्रोकेमिकल कॉम्प्लेक्स का होगा शुभारंभ

जयपुर/बालोतरा। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी आगामी 21 अप्रैल को प्रस्तावित अपनी बालोतरा यात्रा के दौरान...

More like this

School chale hum: शासकीय स्कूलों में ड्रॉप आउट की संख्या शून्य, बच्चों को दिया जाएगा प्रवेश

शासकीय स्कूलों के प्रति अभिभावकों और बच्चों का बढ़ा आकर्षण: मुख्यमंत्री डॉ. यादव मुख्यमंत्री...

मानव संसाधन विभाग की ई-पत्रिका ‘आभास’ अंक-05 का विमोचन

भोपाल मानव संसाधन विभाग की ई-पत्रिका आभास के अंक-05 का विमोचन महाप्रबंधक (मानव संसाधन) ठाकुर...

गैस सिलेंडर बुकिंग के नाम पर साइबर ठगी से सावधान, पुलिस ने जारी की एडवाइजरी

भोपाल राजधानी भोपाल में गैस सिलेंडर बुकिंग के नाम पर बढ़ते साइबर ठगी के मामलों...