9.9 C
London
Wednesday, February 11, 2026
Homeराज्यUP को मिला एक और कार्यवाहक DGP… अखिलेश ने IPS राजीव कृष्ण...

UP को मिला एक और कार्यवाहक DGP… अखिलेश ने IPS राजीव कृष्ण को लेकर क्यों कसा तंज

Published on

लखनऊ:

उत्तर प्रदेश की योगी सरकार ने 1991 बैंच के आईपीएस राजीव कृष्ण को यूपी पुलिस डीजीपी नियुक्त कर दिया है। शनिवार देर शाम योगी सरकार के इस फैसले के बाद अखिलेश यादव ने एक ट्वीट कर सबका ध्यान खींच लिया। समाजवादी पार्टी प्रमुख अखिलेश यादव ने लिखा, यूपी को मिला एक और कार्यवाहक डीजीपी! वहीं दूसरी तरफ आईपीएस प्रशांत कुमार के डीजीपी पद पर एक्सटेंशन की चर्चाओं पर विराम लग गया। अब सवाल उठ रहा है कि उन्हें एक्सटेंशन न देने के पीछे क्या प्लान है?

अखिलेश यादव के ट्वीट को पूर्व डीजीपी प्रशांत कुमार से भी जोड़ कर देखा जा रहा है। शनिवार को डीजीपी प्रशांत कुमार रिटायर हो गए, जबकि उनके सेवा विस्तार की चर्चा चल रही थी। अखिलेश यादव ने ट्वीट में लिखा कि आज जाते-जाते वो जरूर सोच रहे होंगे कि उन्हें क्या मिला, जो हर गलत को सही साबित करते रहे। यदि व्यक्ति की जगह संविधान और विधान के प्रति निष्ठावान रहते तो कम-से-कम अपनी निगाह में तो सम्मान पाते। अब देखना ये है कि वो जो जंजाल पूरे प्रदेश में बुनकर गये हैं, नये वाले उससे मुक्त होकर निष्पक्ष रूप से न्याय कर पाते हैं या फिर उसी जाल के मायाजाल में फंसकर ये भी सियासत का शिकार होकर रह जाते हैं।

डबल इंजन सरकार और DGP पर तंज
अखिलेश यादव ने योगी और मोदी सरकार पर भी इस ट्वीट में तंज कसा। अपने ट्वीट में अखिलेश यादव ने आगे लिखा कि दिल्ली-लखनऊ की लड़ाई का खामियाजा उप्र की जनता और बदहाल कानून-व्यवस्था क्यों झेले? जब ‘डबल इंजन’ मिलकर एक अधिकारी नहीं चुन सकते तो भला देश-प्रदेश क्या चलाएंगे।

केंद्र सरकार की अनुमति का पेंच फंसा
वरिष्ठ आईपीएस अधिकारी राजीव कृष्ण यूपी डीजीपी को नियुक्त किया है। इससे पहले कार्यवाहक डीजीपी के रूप में सेवाएं दे रहे आईपीएस प्रशांत कुमार के सेवा विस्तार को लेकर अटकलें लगाई जा रही थीं, लेकिन यह संभव नहीं हो पाया। इसके पीछे की वजह ये बताई जा रही है कि कार्यवाहक डीजीपी को सेवा विस्तार देना प्रक्रिया की दृष्टि से जटिल होता, यदि किसी पुलिस निदेशक स्तर के अधिकारी को डीजीपी का अतिरिक्त प्रभार दिया जाता है, तो उसे सेवा विस्तार देने के लिए केंद्र सरकार की अनुमति आवश्यक होती है। यह अनुमति विशेष प्रक्रिया के अंतर्गत दी जाती है, जिसके लिए वर्तमान में स्पष्ट दिशानिर्देश या प्रावधान उपलब्ध नहीं हैं।

पूर्व डीजीपी प्रशांत कुमार को मिल सकती है बड़ी जिम्मेदारी
इसके अलावा, इसके पीछे की एक वजह यह भी मानी जा रही है कि बीते वर्षों में देखा गया है कि उत्तर प्रदेश में कार्यवाहक डीजीपी को सेवा विस्तार देने की परंपरा नहीं रही है। अब तक किसी भी कार्यवाहक डीजीपी को विस्तार नहीं दिया गया है, जिससे यह अनुमान लगाया जा रहा है कि प्रशांत कुमार को भी सेवा विस्तार न दिए जाने के पीछे यही कारण रहा।

हालांकि, प्रशासनिक हलकों में यह चर्चा है कि प्रशांत कुमार को उत्तर प्रदेश सरकार कोई महत्वपूर्ण जिम्मेदारी सौंप सकती है। सूत्रों की माने तो योगी सरकार ने प्रशांत कुमार के सेवा विस्तार के लिए काफी प्रयास किया। फिर भी केंद्र से देर शाम तक इस पर मुहर नहीं पाई, इसलिए सरकार ने IPS राजीव कृष्णा को नए कार्यवाहक डीजीपी पद पर जिम्मेदारी दी।

क्या है एक्सटेंशन का नियम
पूर्व डीजीपी सुलखान सिंह ने बताया कि डीजी स्तर के अधिकारी को 3 महीने और सचिव स्तर के अधिकारी को 6 महीने एक्सटेंशन दिया जा सकता है। इसके लिए सेंट्रल गवर्नमेंट से परमिशन ली जाती है, जिसके लिए राज्य सरकार सेंट्रल गवर्नमेंट से अनुरोध करती है।

Latest articles

उर्वशी और अनुश्री ने गायकी से समाँ बाँधा.

भोपाल की युवा गायिका अनुश्री संगमनेकर ने मन मोह लेने वाले गायन से जो...

भाजपा भोपाल जिला कार्यकारिणी का गठन, 37 पदाधिकारियों की घोषणा

भोपाल। भारतीय जनता पार्टी मध्यप्रदेश के प्रदेश अध्यक्ष श्री हेमंत जी खंडेलवाल की सहमति से...

भौतिक और सामाजिक विकास का संतुलन है बजट : राज्यमंत्री श्रीमती कृष्णा गौर — ओरिएंटल कॉलेज भोपाल में विकसित भारत बजट पर युवा संवाद

भोपाल पिछड़ा वर्ग एवं अल्पसंख्यक कल्याण राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) श्रीमती कृष्णा गौर ने कहा कि...

More like this

विश्वास का प्रतीक होती हैं सहकारिता संस्थाएं: राज्यमंत्री श्रीमती गौर

भोपाल पिछड़ा वर्ग एवं अल्पसंख्यक कल्याण राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) श्रीमती कृष्णा गौर ने कहा कि...

ग्राम उत्थान शिविर’ से संवर रहा ग्रामीण राजस्थान

भोपाल मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा की 'जनसेवा ही सर्वोपरि' की अवधारणा को साकार करते हुए प्रदेश...

पटना-इंदौर एक्सप्रेस में कछुओं की तस्करी

भोपाल रेल से प्रतिबंधित वन्यजीवों की तस्करी के एक गंभीर मामले में आरपीएफ ने पटना-इंदौर...