भोपाल
भेल उद्योग नगरी में कई सालों से लग रहे हाट बाजारों में सुविधा शुल्क की वसूली भेल नगर प्रशासन विभाग अपने कर्मचारियों से कराता आ रहा है। राजस्व वसूली की व्यवस्था को बदलने के लिए विभागीय स्तर पर कवायद जारी है। यहां के हाट बाजारोंं से सालाना लाखों का राजस्व मिलता है। अब इस वसूली को प्रायवेट एंजेसियों को दिया जा सकता है।
सूत्रों का कहना है कि बरखेड़ा, पिपलानी, गोविंदपुरा एवं हबीबगंज में लगने वाले हाट बाजारों में फुटकर व्यापारियों से भेल नगर प्रशासन विभाग के दुकान कक्ष का अमला राजस्व वसूली में अपनी टीम लगाता है। आधा दर्जन से ज्यादा कर्मचारी तीन श्रेणी में पर्ची दुकानदारों से एक दिन के लिए काटी जाती है।
बरखेड़ा विजय मार्केट में सबसे ज्यादा एक हजार के लगभग दुकानें लगती है। जबकि सबसे कम गोविंंदपुरा में 500 दुकानें ही हाट बाजार में लगती है। भेल नगर प्रशासन विभाग द्वारा बाजारों में सुविधा के लिए टेंकर से पानी और साफ-सफाई की सुविधा व्यापारियों को कराता है। राजस्व वसूली के लिए अब 40 साल बाद इसकी व्यवस्था निजी हाथों में देने के लिए भेल नगर प्रशासन विभाग द्वार सेवा शर्ते तय की जा रही है।
विभाग टेंडर प्रक्रिया से इस कार्य को प्रायवेट एंजेसियों को दिया जा सकता है। भेल को जो कंपनी या संस्था ज्यादा राजस्व देगी उसे इसका काम सौंपा जाएगा। भेल के हाट बाजारों में राजस्व वूसली के लिए जल्द ही प्रशासन द्वारा टेंडर जारी किये जा सकते है।
उद्योग नगरी के हाट बाजारों में कहां कितनी दुकानें
विजय मार्केट – 950
पिपलानी – 940
गोविंदपुरा – 550
हबीबगंज – 450
