चीन के साथ झड़प को लेकर विपक्ष संसद में चर्चा की मांग पर अड़ा है। बुधवार सुबह विपक्ष के नेताओं ने संसद भवन में गांधी प्रतिमा पर प्रदर्शन किया। कांग्रेस अध्यक्ष और राज्यसभा में नेता प्रतिपक्ष मल्लिकार्जुन खरगे, कांग्रेस सांसद सोनिया गांधी के अलावा कई विपक्षी नेताओं ने शिरकत की। इससे पहले, सेंट्रल हॉल में कांग्रेस संसदीय दल की बैठक हुई। उसमें सोनिया ने कहा कि ‘जनता और सदन को असल स्थिति का पता नहीं चल पा रहा है।’ वहीं, ‘भारत जोड़ो’ यात्रा में कोविड गाइडलाइंस का सख्ती से पालन करने को लेकर केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री की चिट्ठी पर कांग्रेस के सांसद हंगामा कर सकते हैं।
चीन के मुद्दे पर हंगामा, लोकसभा की कार्यवाही स्थगित
चीन पर चर्चा की मांग को लेकर संसद की कार्यवाही शुरू होते ही लोकसभा में हंगामा हो गया। विपक्षी दलों ने केंद्र सरकार के विरोध में नारेबाजी की। तवांग में झड़प पर चर्चा की मांग को लेकर हंगामा न थमता देख लोकसभा दोपहर 12 बजे तक स्थगित कर दी गई।
विपक्ष संसद में भारत-चीन सीमा विवाद पर बातचीत की मांग कर रहा है। सरकार लोगों के लिए जवाबदेह है, हम सब देश की रक्षा के लिए खड़े हैं। सीमा पर क्या स्थिति है, जून 2020 में हमारे 20 जवान क्यों मारे गए थे? ये पता होना चाहिए: शशि थरूर, कांग्रेस सांसद
चीन बॉर्डर की स्थिति पर चर्चा की मांग को लेकर विपक्ष का प्रदर्शन
कांग्रेस सांसद सोनिया गांधी और अन्य विपक्षी नेताओं ने तवांग में भारत-चीन फेसऑफ पर चर्चा की मांग करते हुए संसद परिसर के अंदर गांधी प्रतिमा के सामने विरोध-प्रदर्शन किया।
कांग्रेस संसदीय दल की बैठक में सोनिया गांधी ने क्या कहा?
कांग्रेस के संसदीय दल की बैठक में सोनिया गांधी ने चीनी अतिक्रमण पर चिंता जताई। न्यूज एजेंसी ANI के अनुसार, सोनिया ने कहा, ‘सरकार अड़ी हुई है और इसपर चर्चा नहीं कर रही। जनता और सदन को वास्तविक हालात का पता नहीं चल पा रहा। सरकार चीनी घुसपैठ का आर्थिक जवाब क्यों नहीं देती?’
कांग्रेस की यात्रा पर केंद्र का लेटर बम, विपक्ष भड़का
कांग्रेस की ‘भारत जोड़ो’ यात्रा पर केंद्र सरकार की चिट्ठी का तृणमूल कांग्रेस ने विरोध किया है। TMC सांसद डोला सेन ने कहा कि ‘वे एडवायजरी जारी कर सकते थे। हम संसद में हैं लेकिन मास्क पहनने या सावधानी बरतने का कोई सर्कुलर नहीं आया। राज्य सरकारों पर बॉसगिरी झाड़ना ही केंद्र का इकलौता काम नहीं है। उनकी जिम्मेदारी जनता के लिए प्रति है जिसमें वे नाकाम हैं, हमें उनसे ज्यादा अपेक्षा भी नहीं है।’
कांग्रेस सांसद कार्ति चिदंबरम ने कहा, ‘आज कोविड प्रोटोकॉल क्या है? किसी और पब्लिक गैदरिंग में तो कोई प्रोटोकॉल नहीं है। अचानक से भारत जोड़ो यात्रा को इतनी अटेंशन क्यों अगर इससे बीजेपी की नींद नहीं उड़ रही है?’
केंद्र की चिट्ठी पर बिफरी कांग्रेस, अधीर रंजन का PM पर हमला
भारत जोड़ो यात्रा से मोदी सरकार बौखलाए हुए हैं। आम लोगों का ध्यान भटकाने के लिए भाजपा तरह-तरह के सवाल उठा रही है। क्या गुजरात चुनाव में PM मोदी मास्क लगाकर, सारे प्रोटोकॉल मानते हुए घर-घर गए थे?
अधीर रंजन चौधरी, कांग्रेस सांसद
‘भारत जोड़ो’ यात्रा में कोविड गाइडलाइंस फॉलो हों: स्वास्थ्य मंत्री
केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री मनसुख मंडाविया ने कांग्रेस सांसद राहुल गांधी और राजस्थान के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत को पत्र लिखा। पत्र में कहा गया है कि भारत जोड़ो यात्रा के दौरान कोविड दिशा-निर्देशों का सख्ती से पालन किया जाए और मास्क-सैनिटाइजर का उपयोग लागू किया जाए।
केंद्र सरकार ने अपनी चिट्ठी का यूं किया बचाव
सवाल ये खड़ा होता है कि क्या एक परिवार सभी प्रोटोकॉल से ऊपर है। ये मैं मान सकता हूं कि कांग्रेस में कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष से ज्यादा एक परिवार को मान्यता मिलती है लेकिन कोविड प्रोटोकॉल का तो उनको पालन करना होगा।
अनुराग ठाकुर, केंद्रीय मंत्री
सेंट्रल हॉल में कांग्रेस के संसदीय दल की बैठक
संसद भवन के केंद्रीय हॉल में कांग्रेस के संसदीय दल की बैठक हुई। कुछ देर में कांग्रेस के नेतृत्व में विपक्ष दलों के नेता गांधी प्रतिमा के सामने प्रदर्शन करेंगे। विपक्ष की मांग है कि चीन सीमा पर हालात को लेकर संसद में चर्चा हो।
संसद में आज क्या-क्या होगा? कौन-कौन से नोटिस दिए गए?
विदेश मंत्री एस जयशंकर आज राज्यसभा में ऐंटी-मैरिटाइम पाइरेसी बिल, 2022 पेश करेंगे।
कांग्रेस सांसद मणिकराम टैगोर ने चीन के साथ सीमा पर हालात के विषय में चर्चा के लिए लोकसभा में स्थगन प्रस्ताव दिया।
कांग्रेस सांसद मनीष तिवारी ने लोकसभा में चीन के साथ सीमा पर हालात को लेकर चर्चा के लिए स्थगन प्रस्ताव दिया।
तवांग पर संसद में जो कुछ भी कहा है उतना काफी: राजनाथ
रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने तवांग में चीनी सैनिकों के साथ झड़प पर कहा कि संसद में इस मुद्दे पर बहस चल रही है। इसलिए बाहर कुछ भी कहना उचित नहीं है। संसद में जो कुछ भी कहा है उतना पर्याप्त है।
23 को खत्म हो सकता है संसद सत्र
संसद का शीतकालीन सत्र अपने तय समय से एक हफ्ते पहले 23 दिसंबर को संपन्न हो सकता है। सूत्रों के मुताबिक, संसद का शीतकालीन सत्र समय से पहले खत्म करने की सिफारिश करने का फैसला लोकसभा स्पीकर ओम बिरला की अध्यक्षता में लोकसभा की कार्य मंत्रणा समिति की बैठक में लिया गया। मूल कार्यक्रम के अनुसार, संसद का शीतकालीन सत्र सात दिसंबर से शुरू होकर 29 दिसंबर तक चलना है। क्रिसमस त्योहार के मद्देनजर कई विपक्षी दलों ने सरकार और स्पीकर से सत्र को समय से पहले संपन्न करने का आग्रह किया था।
