8.2 C
London
Thursday, April 23, 2026
Homeअंतरराष्ट्रीयकुरान जलाए जाने पर फूटा मुस्लिम देशों का गुस्‍सा, ओआईसी से लेकर...

कुरान जलाए जाने पर फूटा मुस्लिम देशों का गुस्‍सा, ओआईसी से लेकर सऊदी अरब तक लाल

Published on

स्‍टॉकहोम

स्‍वीडन की राजधानी स्‍टॉकहोम में कुरान जलाए जाने के बाद मुसलमान देशों को पारा सांतवें आसमान पर है। देश के प्रधानमंत्री उल्फ क्रिस्टर्सन ने हालांकि इस घटना की निंदा की है, मगर फिर भी इतना काफी नहीं है। स्‍वीडिश पीएम ने इस मामले को बेहद असम्‍मानजनक करार दिया है। इस घटना की वजह से स्‍वीडन का तुर्की के साथ तनाव पैदा हो गया है। पहले ही दोनों देशों में नाटो की सदस्‍यता की वजह से तनातनी है। क्रिस्‍टर्सन की तरफ से प्रतिक्रिया तब आई है जब कई मुसलमान देशों ने इस घटना को लेकर नाराजगी जाहिर की है।

मुसलमान देशों ने दी चेतावनी
इस पूरी घटना पर मुसलमान देश खासे नाराज हैं। तुर्की, पाकिस्‍तान, जॉर्डन, कुवैत और सऊदी अरब की तरफ से इस कृत्‍य की निंदा की गई है। कई देशों ने इसे एक भड़काऊ करार दिया है। साथ ही उन्‍होंने चेतावनी दी है कि इस घटना से मुसलमानों की संवेदनाओं को गहरी चोट लग सकती है। पाकिस्‍तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ ने ट्विटर पर लिखा, ‘अभिव्‍यक्ति की आजादी का प्रयोग मुसलमानों की धार्मिक भावनाओं को चोट पहुंचाने के लिए नहीं किया जा सकता है।’ शहबात का कहना है कि कोई भी शब्‍द पवित्र कुरान को जलाए जाने की घटना की निंदा करने के लिए कम है। उन्‍होंने यह भी कहा कि इस घटना से दुनियाभर में बसे 1.5 अरब मुसलमानों की भावनाएं आहत हुई हैं।

OIC ने क्‍या कहा
ऑर्गनाइजेशन ऑफ इस्‍लामिक को-ऑपरेशन (OIC) के मुखिया हिसैन ब्राहिम ताहा ने भी इसकी कड़ी निंदा की है। उन्‍होंने स्‍वीडन की अथॉरिटीज से जरूरी कदम उठाने के लिए कहा है ताकि इस तरह के अपराधों पर लगाम लगाई जा सके। जेद्दा से जारी प्रेस रिलीज में उनकी नाराजगी साफ महसूस की जा सकती है। इसी तरह से सऊद अरब की तरफ से भी इसकी निंदा की गई है। सऊदी अरब ने पुलिस की भी निंदा की है कि उन्‍होंने इस पवित्र ग्रंथ को जलाने और विरोध प्रदर्शन की मंजूरी दी। कतर, ईरान और यूएई ने भी स्‍वीडन से इसके खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने को कहा है।

क्‍या हुआ था स्‍वीडन में
शनिवार को स्‍वीडन के दक्षिणपंथी नेता रासमस पलुदन ने कुरान की एक कॉपी को स्‍टॉकहोम में तुर्की के दूतावास के सामने जला दिया था। तब से ही इस घटना को लेकर तनाव बरकरार है। गुस्‍साए पलुदन को पुलिस की तरफ से विरोध प्रदर्शन की मंजूरी दी गई थी। तुर्की ने स्‍वीडन के रक्षा मंत्री का दौरा कैंसिल कर दिया है और देश के राजदूत को तलब किया है। घटना के बाद ही पीएम क्रिस्‍टर्सन की तरफ से ट्वीट किया गया था। उन्‍होंने लिखा, ‘अभिव्‍यक्ति की आजादी किसी भी लोकतंत्र का मौलिक हिस्‍सा है। लेकिन जो कानूनी है, जरूरी नहीं है कि वह सही हो। पवित्र किताबों को जलाना बेहद ही असम्‍मानित कार्य है।’

Latest articles

मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने सादगी और सेवा के साथ 62वां जन्मदिन मनाया

जशपुर/बगिया। छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने बुधवार को अपना 62वां जन्मदिन अपने गृह...

मानसिक स्वास्थ्य के क्षेत्र में मॉडल स्टेट बनेगा राजस्थान: हर जिले में खुलेंगे ‘मेंटल हेल्थ केयर सेल्स’

जयपुर। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के नेतृत्व में राज्य सरकार प्रदेशवासियों के शारीरिक स्वास्थ्य के...

सीएम मान का कैंसर अस्पताल में औचक निरीक्षण, बोले- रोबोटिक सर्जरी जैसी सुविधाओं से लैस होगा संस्थान

बठिंडा। पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने राज्य में कैंसर के इलाज को विश्व-स्तरीय...

सीएम मान ने तलवंडी साबो में किया नई एसडीएम बिल्डिंग का उद्घाटन, अकाली दल पर साधा निशाना

तलवंडी साबो। पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने बठिंडा जिले के तलवंडी साबो में...

More like this

ट्रम्प बोले- इजराइल और लेबनान 10 दिन के सीजफायर पर राजी, आज रात 2:30 बजे से लागू होगा

दोनों देशों से बात कर सहमति बनाई तेहरान/वॉशिंगटन डीसी। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने कहा...

इस्लामाबाद में ईरान-अमेरिका वार्ता: लेबनान पर तकरार, तेहरान और अमेरिका अपनी शर्तों पर अड़े!

नई दिल्ली। लगभग छह हफ़्तों तक चले विनाशकारी संघर्ष के बाद अब पूरी दुनिया...