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दिल्ली वालों के लिए अप्रैल रहा खुशनुमा, एक भी दिन नहीं पड़ी भीषण गर्मी, 2017 के बाद हुई सबसे ज्यादा बारिश

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नई दिल्ली

राजधानी दिल्ली में अप्रैल के महीने में मौसम खुशनुमा रहा। दिल्ली में बार-बार पश्चिमी विक्षोभ उत्पन्न होने के कारण सामान्य से अधिक वर्षा दर्ज की गई। इसके साथ ही औसत अधिकतम तापमान भी सामान्य से कम रहा। इसके विपरीत पिछले साल अप्रैल महीने में दिल्ली के लोगों को भीषण गर्मी का सामना करना पड़ा था। भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के अनुसार, अप्रैल में शहर का औसत अधिकतम तापमान 35.32 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो वर्ष 2020 के अप्रैल महीने के बराबर है, लेकिन यह वर्ष 2015 के बाद से सबसे कम (34.5 डिग्री सेल्सियस) है।

IMD ने जताया था सामान्य से अधिक तापमान रहने का अनुमान
दिल्ली में अप्रैल महीने में अधिकतम तापमान औसतन 36.5 डिग्री सेल्सियस रहता है, लेकिन रविवार को राजधानी में अधिकतम तापमान 28.7 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो चार अप्रैल, 2015 को दर्ज अधिकतम तापमान (26 डिग्री सेल्सियस) के बाद से सबसे कम है। अप्रैल की शुरुआत में आईएमडी ने उत्तर-पश्चिम भारत के कुछ हिस्सों को छोड़कर देश के अधिकांश हिस्सों में सामान्य से अधिक तापमान रहने का पूर्वानुमान जताया था। दिल्ली में पिछले साल अप्रैल में अत्यधिक गर्मी वाले नौ दिन देखने को मिले थे, जो 2010 के बाद से अप्रैल महीने में भीषण गर्मी वाले दिन की सबसे अधिक संख्या थी। लेकिन इस बार अप्रैल में भीषण गर्मी वाला एक भी दिन नहीं रहा।

बार-बार पश्चिमी विक्षोभ की वजह से मौसम खुशनुमा रहा
आईएमडी के क्षेत्रीय पूर्वानुमान केंद्र के प्रमुख कुलदीप श्रीवास्तव ने कहा कि दिल्ली समेत उत्तर पश्चिम भारत में कम गर्मी पड़ने का कारण पांच बार पश्चिमी विक्षोभ का उत्पन्न होना रहा, जिनमें से दो काफी प्रबल थे। बार-बार पश्चिमी विक्षोभ के कारण दिल्ली में अप्रैल में 20.1 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई, जो वर्ष 2017 के बाद से सर्वाधिक है। साल 2017 में इसी महीने में 26.9 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई थी।

7 साल बाद दिल्ली में रही सबसे साफ हवा
इसके साथ ही राजधानी दिल्ली की वायु गुणवत्ता इस साल जनवरी से अप्रैल के बीच पिछले 7 साल के दौरान सबसे बेहतर दर्ज की गई। वायु गुणवत्ता प्रबंधन आयोग (सीएक्यूएम) ने रविवार को यह जानकारी दी। सीएक्यूएम ने बताया कि वर्ष 2023 के जनवरी-अप्रैल महीने में वायु गुणवत्ता वर्ष 2016 से अबतक की समान अवधि में बेहतर रही। हालांकि, इसमें वर्ष 2020 का आंकड़ा शामिल नहीं है क्योंकि उस साल कोविड-19 महामारी की वजह से लॉकडाउन लगाया गया था।

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