चेन्नै
बीजेपी की सहयोगी अखिल भारतीय अन्ना द्रविड़ मुनेत्र कषगम (AIADMK) ने समान नागरिक संहिता (यूसीसी) लाने के खिलाफ अपना रुख दोहराया। यूसीसी पर बीजेपी के जोर देने और अपनी पार्टी के रुख के बारे में पत्रकारों की ओर से पूछे जाने पर एआईएडीएमके प्रमुख के. पलानीस्वामी ने कहा कि 2019 के लोकसभा चुनाव के लिए जारी पार्टी के घोषणापत्र में रूख पहले ही स्पष्ट कर दिया गया था।
तमिलनाडु के पूर्व मुख्यमंत्री पलानीस्वामी ने यहां पार्टी के जिला सचिवों की बैठक की अध्यक्षता करने के बाद कहा, ‘हमारा घोषणापत्र पढ़ें, हमने इसका स्पष्ट रूप से उल्लेख किया है।’ घोषणापत्र में ‘धर्मनिरपेक्षता’ विषय के तहत, पार्टी ने 2019 में कहा था, ‘एआईएडीएमके भारत सरकार से समान नागरिक संहिता के लिए संविधान में कोई संशोधन नहीं करने का आग्रह करेगी क्योंकि यह भारत में अल्पसंख्यकों के धार्मिक अधिकारों पर प्रतिकूल प्रभाव डालेगा।’
गठबंधन पर क्या बोले पलानीस्वामी?
यह पूछे जाने पर कि क्या उनकी पार्टी का बीजेपी के साथ गठबंधन (2024 के लोकसभा चुनावों के लिए) जारी रहेगा, पलानीस्वामी ने कहा, ‘अभी कोई चुनाव नहीं है। चुनाव होने में एक साल है, कोई जल्दी नहीं है। चुनाव के समय, निश्चित रूप से हम आपको बताएंगे कि हम किन पार्टियों के साथ गठबंधन कर रहे हैं। हमने पहले ही बीजेपी के बारे में (बीजेपी के साथ गठबंधन पर पार्टी का रुख) बता दिया है।’
पलानीस्वामी कहा कि उचित समय पर हर बात पारदर्शी तरीके से बता दी जाएगी। पलानीस्वामी ने कहा कि यह गठबंधन पार्टी के संस्थापक एम जी रामचंद्रन और पार्टी की दिवंगत प्रमुख जे जयललिता के नक्शेकदम पर चलते हुए किया जाएगा। उन्होंने दोहराया, ‘बीजेपी के साथ हमारे संबंध के बारे में पहले ही बताया जा चुका है।’ इस साल मार्च और फिर अप्रैल में दिल्ली में बीजेपी के शीर्ष नेताओं जे पी नड्डा और अमित शाह के साथ बैठक के बाद पलानीस्वामी ने कहा था कि उनकी पार्टी के भाजपा के साथ संबंध बरकरार हैं।
