नई दिल्ली,
जम्मू में एक दर्दनाक हादसा हो गया. तीर्थयात्रियों को ले जा रही एक बस सड़क से फिसलकर खाई में जा गिरी. हादसे में 21 लोगों की मौत हो गई, जबकि 40 से ज्यादा लोग घायल हो गए. जानकारी के मुताबिक तीर्थयात्रियों से भरी बस यूपी के हाथरस से जम्मू-कश्मीर के रियासी जिले में स्थित शिव खोड़ी जा रही थी. चोकी चोरा क्षेत्र में तंगली मोड़ पर ये हादसा हो गया और बस करीब 150 फुट नीचे खाई में जा गिरी. बताया जा रहा है कि ड्राइवर ने बस से नियंत्रण खो दिया था.
समाचार एजेंसी के मुताबिक दर्दनाक हादसा राजौरी जिले में हुआ. अधिकारियों ने बताया कि पुलिस और स्थानीय लोगों की मदद से रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू किया गया है, घायलों को अखनूर अस्पताल और जम्मू के सरकारी मेडिकल कॉलेज (जीएमसी) अस्पताल में भर्ती कराया गया है.
हादसे के बाद मौके पर अफरातफरी मच गई. लोगों की चीख-पुकार मचने लगी. घटना की जानकारी पुलिस को दी गई. सूचना मिलने पर एनडीआरएफ और एसडीआरएफ की टीमें भी मौके पर पहुंच गईं. पुलिस, नागरिकों और SDRF, NDRF ने तुरंत रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू किया. घायलों को अखनूर के एक स्थानीय अस्पताल और जम्मू के सरकारी मेडिकल कॉलेज में ले जाया गया है
कहां से आ रही थी बस
बस उत्तर प्रदेश के हाथरस से तीर्थयात्रियों को लेकर आ रही थी। अधिकारियों ने आगे बताया कि सभी घायलों को अखनूर अस्पताल पहुंचाया गया। हालांकि, गंभीर रूप से घायलों को जम्मू शहर के सरकारी मेडिकल कॉलेज अस्पताल में रेफर कर दिया गया है। बड़े पैमाने पर राहत और बचाव अभियान जारी है।
चालक को झपकी आने से हादसा
जम्मू-कश्मीर के परिवहन आयुक्त राजिंदर सिंह तारा ने बताया कि बस शिव खोरी की ओर जा रही थी। यहां कट बहुत सामान्य है और कोई कठिनाई नहीं होनी चाहिए थी, लेकिन शायद ड्राइवर को झपकी आ गई होगी, वह कट को पार नहीं कर पाया। बस मोड़ लेने के बजाय सीधे चली गई और फिर नीचे गिर गई। इस दुर्घटना में करीब 15 लोग हताहत हुए हैं और करीब 15 घायल हैं। घायलों को अखनूर के एक अस्पताल में भर्ती कराया गया है और जिनकी हालत गंभीर है, उन्हें जम्मू रेफर किया जा रहा है।
150 फीट खाई में गिरी बस
जम्मू-कश्मीर के परिवहन आयुक्त राजिंदर सिंह तारा ने बताया कि जिले के चोकी चोरा क्षेत्र में तांगली मोड़ पर यह बस सड़क से फिसलकर करीब 150 फीट गहरी खाई में जा गिरी। अधिकारियों ने बताया कि पुलिस और स्थानीय लोगों ने बचाव अभियान शुरू किया है एवं घायलों को अखनूर अस्पताल एवं जम्मू के सरकारी चिकित्सा महाविद्यालय अस्पताल ले जाया गया।
