नई दिल्ली
दिल्ली के शकरपुर इलाके में पुलिस ने एक 30 वर्षीय व्यक्ति को गिरफ्तार किया। व्यक्ति पर अपने यहां किराये पर रहने वाली लड़की के बेडरूम और बाथरूम में जासूसी कैमरे लगाने का आरोप है। लड़की यहां सिविल सेवा की तैयारी करने आई थी। पुलिस के अनुसार शहर से बाहर जाते समय, लड़की ने अपने कमरे की चाबियां अपने मकान मालिक के बेटे करन को सौंप देती थी।
वाट्सएप से सामने आई जासूसी की बात
पुलिस ने बताया कि लड़की की गैरमौजूदगी में आरोपी करन ने फ्लैट के बाथरूम और बेडरूम में बल्ब होल्डरों में जासूसी कैमरे लगा देता था। महिला ने जब अपने वाट्सएप पर एक असामान्य गतिविधि देखी, तब व्यक्ति की कथित ताक-झांक की घटना प्रकाश में आई। महिला ने देखा कि उसका वाट्सएप अकाउंट किसी अज्ञात लैपटॉप में लॉग इन था। उसने लॉग आउट किया और पाया कि उसकी जासूसी की जा रही है।
बल्ब होल्डर में लगे थे जासूसी कैमरे
इस मामले में पूर्वी दिल्ली डीसीपी अपूर्वा गुप्ता ने बताया कि सोमवार को हमें एक PCR कॉल मिली थी। महिला कॉलर ने बताया कि किसी अज्ञात व्यक्ति ने उसके कमरे में स्पाइ कैमरे लगाए हैं। स्थानीय पुलिस तुरंत मौके पर पहुंची और तथ्यों की जांच की। जांच में पता चला कि उसके कमरे में दो जगहों पर बल्ब होल्डर में दो कैमरे लगे हुए थे। पूछताछ में पता चला कि उसके मकान मालिक का बेटा करण जो प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहा है, अक्सर कमरे में आता-जाता था। महिला को उसी पर शक था।
चांदनी चौक से खरीदे थे कैमरे
पुलिस ने जब करण से पूछताछ की गई तो उसने बताया कि करीब 3 महीने पहले जब महिला अपने घर गई और उसे कमरे की चाबी दी, तब करण ने चांदनी चौक की एक दुकान से 3 कैमरे खरीदे, जिसमें से एक कैमरा बाथरूम में और एक बेडरूम में लगाया, तब से वो उस महिला पर नजर रख रहा था। पुलिस ने बताया कि करण बिजली के उपकरणों और पंखों की मरम्मत के बहाने महिला से चाबियां मांगता था क्योंकि वह मेमोरी कार्ड से रिकॉर्ड किए गए वीडियो को अपने लैपटॉप में ट्रांसफर करना चाहता था। करण के कब्जे से एक और जासूरी कैमरा बरामद किया गया है। उन्हें दो लैपटॉप मिले हैं जिनका इस्तेमाल रिकॉर्ड किए गए वीडियो को स्टोर करने के लिए किया जाता था।
